एशियन गेम्स 2026: रुद्राक्ष पाटिल के एक दिन में 2 सिल्वर, अब 50 मीटर राइफल 3 पोजिशन पर निशाना
सारांश
मुख्य बातें
राइफल शूटर रुद्राक्ष पाटिल ने एशियन गेम्स 2026 में सोमवार, 21 सितंबर को एक ऐतिहासिक दिन में दो सिल्वर मेडल अपने नाम किए — पहला पुरुष टीम स्पर्धा में और दूसरा व्यक्तिगत 10 मीटर एयर राइफल फाइनल में — और अब उनकी निगाहें शुक्रवार को होने वाले 50 मीटर राइफल 3 पोजिशन इवेंट पर टिकी हैं। 2023 हांग्जो एशियन गेम्स में टीम गोल्ड जीतने वाले पाटिल जापान में आयोजित इन खेलों में भारत के सबसे चर्चित निशानेबाजों में से एक बनकर उभरे हैं।
दो सिल्वर और एक ब्रॉन्ज का सफर
पाटिल ने जापान में पुरुष टीम 10 मीटर एयर राइफल स्पर्धा में भारतीय दल को सिल्वर मेडल दिलाने में अहम भूमिका निभाई। इसके बाद व्यक्तिगत फाइनल में उन्होंने शुरुआत में मजबूत प्रदर्शन किया और लंबे समय तक गोल्ड मेडल की स्थिति में रहे, लेकिन अंत में ब्रॉन्ज मेडल से संतोष करना पड़ा। पाटिल ने स्वयं माना कि शीर्ष पर रहने की जानकारी होने पर उनके मन में घबराहट आ गई, जो उनसे बेहतर तरीके से संभाली जा सकती थी।
रुद्राक्ष की जुबानी — घबराहट और आत्मविश्वास
पाटिल ने मीडिया से बातचीत में अपने अनुभव को विस्तार से साझा किया। उन्होंने कहा, 'जब हमने फाइनल शुरू किया, तो मेरी शुरुआत मजबूत रही, जिससे मुझे आत्मविश्वास मिला कि आज का दिन मेरा है।' उन्होंने जोड़ा कि इस साल फाइनल स्पर्धाओं में कम अनुभव के कारण जब उन्हें गोल्ड की स्थिति का एहसास हुआ, तो भीतर से घबराहट उठने लगी। 'मुझे लगता है कि मैं इसे थोड़ा बेहतर तरीके से संभाल सकता था, लेकिन अब हमारे पास ब्रॉन्ज मेडल है, इसलिए मैं उससे भी खुश हूं' — यह उनके शब्द थे।
कोच की सलाह — सादगी में छिपी ताकत
पाटिल ने बताया कि उनके कोचों ने उन्हें मेडल जीतने की उम्मीद पालने के बजाय रोज़ाना की शूटिंग पर ध्यान केंद्रित करने की सलाह दी है। उन्होंने कोच के शब्द दोहराए: 'आपने एक निश्चित स्कोर हासिल किया है और उसी के कारण टूर्नामेंट के लिए आपका चयन हुआ है। आपको कुछ असाधारण शूट करने की जरूरत नहीं है। आपको बस अपनी रोज़ाना की तरह शूटिंग करनी है। इतना ही काफी होगा।' यह मानसिक दृष्टिकोण उच्च-दबाव वाली खेल स्पर्धाओं में प्रदर्शन प्रबंधन की एक आज़माई हुई तकनीक मानी जाती है।
50 मीटर राइफल 3 पोजिशन — नई चुनौती
पाटिल ने बताया कि 50 मीटर राइफल 3 पोजिशन (थ्रीपी) इवेंट उनके लिए अपेक्षाकृत नया है — यह उनका इस फॉर्मेट में महज दूसरा वर्ष है। उन्होंने कहा, 'यह पहली बार है जब मैं गेम्स में दो इवेंट्स में हिस्सा ले रहा हूं और थ्रीपी शुरू करने के बाद यह मेरा दूसरा साल है। इसलिए, मैं बहुत उत्साहित हूं।' उन्होंने भारतीय टीम और सपोर्ट स्टाफ के सहयोग की सराहना करते हुए कहा कि सभी की मदद से वे सही दिशा में आगे बढ़ रहे हैं।
भविष्य की राह
गौरतलब है कि पाटिल 2023 हांग्जो एशियन गेम्स में टीम गोल्ड जीत चुके हैं और अब जापान में व्यक्तिगत व टीम दोनों स्तरों पर पदक जीतकर अपनी बहुमुखी प्रतिभा साबित कर रहे हैं। यदि वे शुक्रवार को 50 मीटर राइफल 3 पोजिशन फाइनल में भी पदक जीतने में सफल रहे, तो यह एशियन गेम्स 2026 में उनके लिए व्यक्तिगत रूप से तीन पदकों का स्मरणीय अभियान बन जाएगा।