चेन्नई ग्रैंड मास्टर्स 2026: फिरोजा ने 4.5 अंकों से जीता खिताब, अर्जुन एरिगैसी से ड्रॉ रहा आखिरी राउंड
सारांश
मुख्य बातें
फ्रांस के ग्रैंडमास्टर अलीरेजा फिरोजा ने 22 जुलाई 2026 को चेन्नई ग्रैंड मास्टर्स 2026 का खिताब अपने नाम किया — टूर्नामेंट के सातवें और अंतिम राउंड में भारत के अर्जुन एरिगैसी के साथ 41 चालों में ड्रॉ खेलकर। वेस्टिन चेन्नई वेलाचेरी होटल में आयोजित इस चौथे एडिशन में फिरोजा ने सात राउंड में 4.5 अंक अर्जित किए और पूरे टूर्नामेंट में एक भी मैच नहीं हारे।
खिताबी राह: कैसे बनी फिरोजा की राह आसान
अंतिम दौर से पहले फिरोजा के पास अर्जुन एरिगैसी और उज्बेकिस्तान के नोदिरबेक अब्दुसत्तोरोव पर आधे अंक की बढ़त थी। खिताबी दौड़ तब निर्णायक रूप से फिरोजा के पक्ष में झुक गई जब अब्दुसत्तोरोव — जिन्हें काले मोहरों से जीत दर्ज करना ज़रूरी था — रूस के दिमित्री आंद्रेइकिन के खिलाफ महज 37 चालों में हार गए।
अपने सबसे करीबी प्रतिद्वंद्वी के दौड़ से बाहर होते ही फिरोजा को एरिगैसी के विरुद्ध केवल ड्रॉ की दरकार थी। उन्होंने खेल को सुरक्षित रूप से 'रूक-एंड-पॉन' एंडगेम तक पहुँचाया और अंक बाँटकर ट्रॉफी अपने नाम कर ली।
फिरोजा का प्रदर्शन: अजेय रहे पूरे टूर्नामेंट में
22 वर्षीय फिरोजा ने इस टूर्नामेंट में दो जीत दर्ज कीं और पाँच मैच ड्रॉ खेले — एक भी हार नहीं। यह प्रदर्शन उनकी तकनीकी परिपक्वता और दबाव में संयम का प्रमाण है। खिताब के साथ उन्होंने ₹25 लाख की इनामी राशि भी जीती।
अंतिम स्टैंडिंग: एरिगैसी और आंद्रेइकिन संयुक्त दूसरे
दिमित्री आंद्रेइकिन ने भी पूरे टूर्नामेंट में कोई मैच नहीं गंवाया और अर्जुन एरिगैसी के साथ 4 अंकों पर संयुक्त रूप से दूसरे स्थान पर रहे। अब्दुसत्तोरोव ने भारतीय ग्रैंडमास्टर निहाल सरीन और एम. प्रणेश के साथ 3.5 अंकों पर चौथा स्थान साझा किया।
आठ खिलाड़ियों के इस विशेष राउंड-रॉबिन टूर्नामेंट में कुल ₹75 लाख की इनामी राशि और महत्त्वपूर्ण फिडे सर्किट अंक दाँव पर थे।
गुकेश के लिए निराशाजनक रहा टूर्नामेंट
मौजूदा विश्व शतरंज चैंपियन डी. गुकेश के लिए यह आयोजन निराशाजनक साबित हुआ। सात में से तीन मैच हारने के बाद वे केवल 2 अंकों के साथ अंतिम स्थान पर रहे। अंतिम राउंड में उन्होंने अमेरिकी ग्रैंडमास्टर हंस नीमन के साथ ड्रॉ खेलकर टूर्नामेंट समाप्त किया।
यह ऐसे समय में आया है जब गुकेश से विश्व चैंपियन के रूप में असाधारण प्रदर्शन की अपेक्षाएँ काफी बढ़ी हुई हैं। चेन्नई ग्रैंड मास्टर्स जैसे शीर्ष-स्तरीय टूर्नामेंट में यह परिणाम उनके समर्थकों के लिए चिंता का विषय बन सकता है।
आगे की राह
इस जीत से फिरोजा के फिडे सर्किट अंकों में उल्लेखनीय इज़ाफा होगा, जो वर्ष के अंत में होने वाले शीर्ष टूर्नामेंट के लिए उनकी दावेदारी मज़बूत करेगा। भारतीय खिलाड़ियों — विशेषकर एरिगैसी और गुकेश — के लिए आगामी टूर्नामेंट महत्त्वपूर्ण होंगे।