कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 क्लोजिंग सेरेमनी: अहमदाबाद को मिलेगा 2030 की मेजबानी का बैटन, हर्ष संघवी बोले — दुनिया देखेगी भारतीय संस्कृति
सारांश
मुख्य बातें
ग्लासगो में कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 अपने समापन की ओर बढ़ रहा है और क्लोजिंग सेरेमनी में एक ऐतिहासिक क्षण आने वाला है — अहमदाबाद को आधिकारिक तौर पर कॉमनवेल्थ गेम्स 2030 के मेजबान शहर के रूप में घोषित किया जाएगा। इस अवसर पर कॉमनवेल्थ ध्वज और बैटन ग्लासगो में उपस्थित भारतीय प्रतिनिधियों को सौंपा जाएगा।
क्लोजिंग सेरेमनी में क्या होगा खास
2 अगस्त 2026 को होने वाली क्लोजिंग सेरेमनी के साथ ग्लासगो में आयोजित कॉमनवेल्थ गेम्स आधिकारिक रूप से संपन्न होंगे। इस समारोह में भारत की सांस्कृतिक विरासत की एक झलक पूरी दुनिया के सामने प्रस्तुत की जाएगी। गुजरात के उपमुख्यमंत्री हर्ष संघवी भारतीय प्रतिनिधिमंडल के साथ ग्लासगो में मौजूद हैं।
संघवी ने कहा, "ग्लासगो 2026 कॉमनवेल्थ गेम्स की क्लोजिंग सेरेमनी जल्द ही शुरू होने वाली है। यह एक ऐतिहासिक सेरेमनी होगी। भारतीय टीम पूरी तरह से तैयार है। क्लोजिंग सेरेमनी के दौरान दुनिया को हमारी संस्कृति देखने को मिलेगी। हमारे एथलीटों ने पिछले कुछ दिनों में ग्लासगो में बहुत अच्छा प्रदर्शन किया है।"
अहमदाबाद की तैयारी और खेल अवसंरचना
उपमुख्यमंत्री संघवी ने अहमदाबाद में निर्माणाधीन खेल अवसंरचना पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा, "अहमदाबाद, भारत के सभी युवाओं के सपनों को पूरा करने के लिए विश्व-स्तरीय, अंतरराष्ट्रीय-ग्रेड स्पोर्टिंग संरचना पूरी तरह से तैयार कर रहा है।"
संघवी ने यह भी स्पष्ट किया कि यह सुविधाएँ केवल गुजरात तक सीमित नहीं रहेंगी। उनके अनुसार, "देश भर का हर युवा एथलीट अपने सपनों को पूरा करने के लिए अहमदाबाद को अपना घर मान सकता है।" गौरतलब है कि कॉमनवेल्थ गेम्स 2030 इस प्रतिष्ठित आयोजन की 100वीं वर्षगाँठ का संस्करण होगा, जिससे अहमदाबाद की मेजबानी और भी महत्वपूर्ण हो जाती है।
PM मोदी की खेल नीति पर संघवी का बयान
संघवी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की खेल नीति की सराहना करते हुए कहा, "मैं प्रधानमंत्री को धन्यवाद देना चाहता हूं। एक तरफ हमारे देश के बेटे-बेटियां कॉमनवेल्थ गेम्स में पदक पर पदक जीत रहे थे, और दूसरी तरफ प्रधानमंत्री मोदी ने खिलाड़ियों के लिए बजट आठ गुना बढ़ा दिया। यह साफ तौर पर उनकी प्रतिबद्धता को दिखाता है।"
भारत का पदक प्रदर्शन
ग्लासगो में भारतीय दल का प्रदर्शन उल्लेखनीय रहा है। भारत 13 स्वर्ण, 17 रजत और 9 कांस्य — कुल 39 पदकों के साथ पदक तालिका में चौथे स्थान पर है। यह प्रदर्शन 2030 की मेजबानी से पहले भारतीय खेलों की बढ़ती ताकत का प्रमाण माना जा रहा है।
आगे क्या
क्लोजिंग सेरेमनी के बाद अहमदाबाद में कॉमनवेल्थ गेम्स 2030 की तैयारियाँ और तेज होने की उम्मीद है। यह आयोजन न केवल भारत के खेल परिदृश्य के लिए बल्कि वैश्विक मंच पर देश की सांस्कृतिक और क्रीड़ा-शक्ति को प्रदर्शित करने का एक बड़ा अवसर होगा।