फीफा वर्ल्ड कप 2026: जर्मनी से 1-7 की हार पर कुराकाओ कोच एडवोकेट बोले — 'कोई शर्म नहीं'
सारांश
मुख्य बातें
फीफा वर्ल्ड कप 2026 के ग्रुप ई मुकाबले में 15 जून को ह्यूस्टन में कुराकाओ को जर्मनी के हाथों 1-7 की करारी हार का सामना करना पड़ा, लेकिन कुराकाओ के मुख्य कोच डिक एडवोकेट ने मैच के बाद अपने खिलाड़ियों का हौसला बुलंद रखा। 78 वर्षीय अनुभवी कोच ने कहा कि वर्ल्ड कप के लिए क्वालिफाई करना ही इस कैरेबियाई टीम की ऐतिहासिक उपलब्धि है।
मैच का घटनाक्रम
कुराकाओ ने मैच के दौरान लिवानो कोमेनेंसिया के गोल से 1-1 की बराबरी हासिल कर जर्मनी को कुछ देर के लिए चौंका दिया। हालांकि, जर्मनी ने अपनी तकनीकी श्रेष्ठता और अनुभव के दम पर मैच पर पूरी तरह काबू पा लिया और अंततः 7-1 के बड़े अंतर से जीत दर्ज की। दूसरे हाफ में जर्मनी की आक्रामक क्षमता के सामने कुराकाओ का बचाव पूरी तरह ध्वस्त हो गया।
कोच एडवोकेट की प्रतिक्रिया
मैच के बाद एडवोकेट ने स्पष्ट शब्दों में कहा, 'जर्मनी इस प्रतियोगिता की सबसे मजबूत टीमों में से एक है, और हम जानते थे कि यह एक मुश्किल चुनौती होगी। बेशक, स्कोरलाइन निराशाजनक है, लेकिन मुझे नहीं लगता कि उस स्तर की टीम से हारने में कोई शर्म की बात है।' उन्होंने माना कि दोनों टीमों के बीच गुणवत्ता का अंतर मैदान पर साफ नज़र आया, और डिफेंस में हुई गलतियों ने स्कोरलाइन को और चौड़ा किया।
खिलाड़ियों का मनोबल और अगली चुनौती
एडवोकेट ने कहा कि अब उनका पूरा ध्यान टीम को मानसिक रूप से तैयार करने पर है। उन्होंने कहा, 'हमें अपना आत्मविश्वास बनाए रखना होगा और खुद पर भरोसा करते रहना होगा। यह हमारा पहला वर्ल्ड कप है, और बाकी मुकाबलों में अभी भी बहुत कुछ खेलना बाकी है।' कुराकाओ का अगला ग्रुप मुकाबला इक्वाडोर से होगा।
फैंस की भूमिका
एडवोकेट ने ह्यूस्टन में मौजूद कुराकाओ समर्थकों की विशेष सराहना की, जिन्होंने पूरे मैच के दौरान उत्साहपूर्ण माहौल बनाए रखा। उनके अनुसार, फैंस का यह जोश इस बात का प्रमाण है कि दुनिया के सबसे बड़े फुटबॉल मंच तक पहुँचना कुराकाओ के फुटबॉल इतिहास में कितना महत्वपूर्ण पड़ाव है।
आगे का कार्यक्रम
ग्रुप ई में अगले मुकाबले में जर्मनी का सामना कोटे डी आइवर से होगा, जबकि कुराकाओ अपनी वर्ल्ड कप पारी को जारी रखने के लिए इक्वाडोर से भिड़ेगा। यह मैच कुराकाओ के लिए टूर्नामेंट में बने रहने की उम्मीद जिंदा रखने का अहम अवसर होगा।