CWG 2026: प्रीति ने RSC से मलावी की मिटेंजे को हराया, जादूमणि ने पाकिस्तान के रहमान को 5-0 से रौंदा
सारांश
मुख्य बातें
कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में ग्लासगो के रिंग पर 27 जुलाई को भारतीय मुक्केबाज़ी ने दोहरी धमक दिखाई। महिलाओं के 54 किग्रा वर्ग में प्रीति ने 'राउंड ऑफ 16' में मलावी की डेबरा मिटेंजे को 'रेफरी स्टॉप्स कॉन्टेस्ट' (RSC) के ज़रिए पराजित कर क्वार्टर फाइनल में प्रवेश किया। पुरुषों के 55 किग्रा वर्ग में जादूमणि सिंह ने पाकिस्तान के रहमान को 5-0 के सर्वसम्मत फैसले से हराकर अंतिम आठ में जगह बनाई।
प्रीति का दबदबा — RSC से तय हुई जीत
प्रीति पहले राउंड से ही मुकाबले पर हावी रहीं। पाँचों जजों ने सर्वसम्मति से पहला राउंड उनके पक्ष में दिया — चार जजों ने 10-9 और एक जज ने 10-8 का स्कोर दर्ज किया। भारतीय मुक्केबाज़ के सटीक और लगातार पंचों के दबाव में मिटेंजे दूसरे राउंड में दो बार नॉकडाउन हुईं, जिसके बाद रेफरी को 2:13 मिनट पर मुकाबला रोकना पड़ा।
इस जीत के साथ प्रीति का क्वार्टर फाइनल मुकाबला 28 जुलाई को नॉर्दर्न आयरलैंड की निकोल क्लाइड से होगा। क्लाइड ने भी 'राउंड ऑफ 16' में घाना की बामफो को 5-0 से हराकर अंतिम आठ में जगह बनाई है, जो इस क्वार्टर फाइनल को कड़ी टक्कर का मुकाबला बनाता है।
जादूमणि सिंह — पाकिस्तान और स्कॉटलैंड दोनों को किया धराशायी
जादूमणि सिंह ने 'राउंड ऑफ 16' में पाकिस्तान के रहमान को 5-0 से हराया। पहला राउंड 3-2 से जादूमणि के नाम रहा, जबकि दूसरे राउंड में सभी जजों ने उन्हें 10-10 अंक दिए। गौरतलब है कि इससे पहले 'राउंड ऑफ 32' में उन्होंने स्कॉटलैंड के एरॉन कुलेन को भी 5-0 से पराजित किया था — यानी टूर्नामेंट में अब तक दोनों मुकाबले सर्वसम्मत जीत से।
वेटलिफ्टिंग में भी भारत की चमक — चानू की गोल्ड हैट्रिक
मुक्केबाज़ी के अलावा, रविवार शाम भारत ने वेटलिफ्टिंग में भी पदक झोली भरी। मीराबाई चानू ने महिलाओं के 48 किग्रा वर्ग में स्वर्ण पदक जीतकर कॉमनवेल्थ गेम्स में गोल्ड मेडल की हैट्रिक पूरी की। चानू ने कुल 190 किग्रा भार उठाया — स्नैच में 85 किग्रा और क्लीन एंड जर्क में 105 किग्रा।
पुरुषों के 60 किग्रा वर्ग में ऋषिकांत सिंह चनंबम ने कुल 264 किग्रा भार उठाकर रजत पदक अपने नाम किया। उन्होंने स्नैच में 121 किग्रा और क्लीन एंड जर्क में 143 किग्रा उठाया।
आगे क्या
प्रीति का 28 जुलाई को निकोल क्लाइड से क्वार्टर फाइनल मुकाबला सेमीफाइनल की राह तय करेगा। जादूमणि सिंह भी क्वार्टर फाइनल में उतरेंगे, जहाँ पदक की दौड़ और तेज़ होगी। भारतीय दल का प्रदर्शन ग्लासगो में अब तक उत्साहजनक रहा है और मुक्केबाज़ी-वेटलिफ्टिंग दोनों मोर्चों पर पदकों की संभावना बनी हुई है।