3 अक्टूबर 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

दीपक पूनिया ने एशियन गेम्स 2026 में 97 किग्रा फ्रीस्टाइल कुश्ती में जीता ब्रॉन्ज मेडल

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
दीपक पूनिया ने एशियन गेम्स 2026 में 97 किग्रा फ्रीस्टाइल कुश्ती में जीता ब्रॉन्ज मेडल

सारांश

दीपक पूनिया ने नागोया में एशियन गेम्स 2026 के 97 किग्रा फ्रीस्टाइल मुकाबले में मंगोलिया के गनबातार को 2-1 से हराकर ब्रॉन्ज मेडल जीता। यह इस वर्ग में किसी भारतीय का पाँचवाँ एशियन गेम्स पदक है और दीपक का इस प्रतियोगिता में दूसरा पदक।

मुख्य बातें

दीपक पूनिया ने 3 अक्टूबर 2026 को नागोया एशियन गेम्स 2026 में मेंस फ्रीस्टाइल 97 किग्रा वर्ग में ब्रॉन्ज मेडल जीता।
ब्रॉन्ज मेडल मुकाबले में मंगोलिया के गनखुयाग गनबातार को 2-1 से पराजित किया।
सेमीफाइनल में उज्बेकिस्तान के शेरजोड पोयोनोव से 8-9 से हारकर ब्रॉन्ज प्लेऑफ में उतरे।
यह एशियन गेम्स इतिहास में 97 किग्रा वर्ग में किसी भारतीय का पाँचवाँ पदक है।
दीपक पहले एशियन गेम्स 2023 में 86 किग्रा वर्ग में सिल्वर मेडल जीत चुके हैं।

भारतीय पहलवान दीपक पूनिया ने 3 अक्टूबर 2026 को नागोया में आयोजित एशियन गेम्स 2026 के मेंस फ्रीस्टाइल 97 किग्रा कुश्ती इवेंट में मंगोलिया के गनखुयाग गनबातार को 2-1 से पराजित कर ब्रॉन्ज मेडल हासिल किया। यह जीत एक कड़े और कम स्कोर वाले मुकाबले में आई, जिसमें दीपक ने अनुशासित और संयमित कुश्ती का प्रदर्शन किया।

मुकाबले का घटनाक्रम

ब्रॉन्ज मेडल मुकाबले में दीपक पूनिया ने पहले दौर में दो अंक हासिल कर बढ़त बनाई। दूसरे दौर में गनबातार ने एक अंक वापस लिया, लेकिन दीपक ने मज़बूत बचाव के साथ अपनी बढ़त बरकरार रखते हुए 2-1 की जीत दर्ज की और पोडियम पर जगह पक्की की।

इससे पहले दीपक ने अपने अभियान की शुरुआत चीन के झोउ जुनपेंग को 12-2 के बड़े अंतर से हराकर की। क्वार्टरफाइनल में हांगकांग के ली वुई फंग विंसेंट के मुकाबले में न उतरने के कारण दीपक सीधे सेमीफाइनल में पहुँच गए।

सेमीफाइनल में हार, फिर शानदार वापसी

सेमीफाइनल में दीपक का सामना उज्बेकिस्तान के शेरजोड पोयोनोव से हुआ। भारतीय पहलवान ने कड़ी टक्कर दी, लेकिन अंततः 8-9 के करीबी अंतर से मुकाबला हार गए और ब्रॉन्ज मेडल प्लेऑफ में उतरे। वहाँ उन्होंने गनबातार को हराकर पोडियम पर वापसी की।

ऐतिहासिक संदर्भ

दीपक का यह ब्रॉन्ज मेडल एशियन गेम्स के इतिहास में पुरुषों की फ्रीस्टाइल 97 किग्रा वर्ग में किसी भारतीय पहलवान द्वारा जीता गया पाँचवाँ पदक है। इस वर्ग में भारत का पहला पदक मारुति माने ने 1962 एशियन गेम्स में गोल्ड मेडल के रूप में जीता था। उसी संस्करण में गणपत अंदलकर ने सिल्वर मेडल हासिल किया था, जबकि विश्वनाथ सिंह ने 1966 में सिल्वर और भीम सिंह ने 1966 एशियन गेम्स में ब्रॉन्ज मेडल जीता था।

गौरतलब है कि दीपक पूनिया इससे पहले एशियन गेम्स 2023 में पुरुषों की 86 किग्रा कैटेगरी में सिल्वर मेडल जीत चुके हैं। इस बार भार वर्ग बदलकर 97 किग्रा में उतरना और पदक हासिल करना उनकी बहुमुखी प्रतिभा का प्रमाण है।

भारतीय कुश्ती पर असर

दीपक के इस पदक ने नागोया एशियन गेम्स 2026 में भारतीय पुरुष फ्रीस्टाइल कुश्ती के पदक खाते में इज़ाफा किया है। यह जीत भारतीय कुश्ती संघ और देश के कुश्ती प्रशंसकों के लिए उत्साहजनक संकेत है, विशेष रूप से उस दौर में जब भारतीय पहलवान अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान मज़बूत करने में जुटे हैं।

आगे क्या

एशियन गेम्स 2026 में भारतीय कुश्ती दल का अभियान जारी है और आने वाले दिनों में अन्य वर्गों में भी पदक की उम्मीदें बनी हुई हैं। दीपक पूनिया के इस प्रदर्शन से युवा पहलवानों को प्रेरणा मिलने की उम्मीद है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन गोल्ड और सिल्वर के बीच की खाई को पाटने के लिए रणनीतिक तैयारी में और गहराई की ज़रूरत होगी।
RashtraPress
3 अक्टूबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

दीपक पूनिया ने एशियन गेम्स 2026 में कौन-सा पदक जीता?
दीपक पूनिया ने एशियन गेम्स 2026 में मेंस फ्रीस्टाइल 97 किग्रा कुश्ती इवेंट में ब्रॉन्ज मेडल जीता। उन्होंने ब्रॉन्ज मेडल मुकाबले में मंगोलिया के गनखुयाग गनबातार को 2-1 से हराया।
दीपक पूनिया ने ब्रॉन्ज मेडल मुकाबले में किसे हराया?
दीपक पूनिया ने ब्रॉन्ज मेडल मुकाबले में मंगोलिया के गनखुयाग गनबातार को 2-1 से हराया। पहले दौर में दो अंक बनाए और दूसरे दौर में एक अंक गंवाने के बावजूद जीत हासिल की।
दीपक पूनिया सेमीफाइनल में क्यों हारे?
सेमीफाइनल में दीपक पूनिया का मुकाबला उज्बेकिस्तान के शेरजोड पोयोनोव से हुआ, जिसमें वे 8-9 के करीबी अंतर से हार गए। इस हार के बाद उन्हें ब्रॉन्ज मेडल प्लेऑफ में खेलना पड़ा, जहाँ उन्होंने शानदार वापसी की।
97 किग्रा वर्ग में भारत का यह एशियन गेम्स में कौन-सा पदक है?
दीपक पूनिया का यह ब्रॉन्ज मेडल एशियन गेम्स के इतिहास में पुरुषों की फ्रीस्टाइल 97 किग्रा वर्ग में किसी भारतीय पहलवान द्वारा जीता गया पाँचवाँ पदक है। इस वर्ग में भारत का पहला पदक मारुति माने ने 1962 में गोल्ड के रूप में जीता था।
दीपक पूनिया के एशियन गेम्स 2026 अभियान में क्या-क्या हुआ?
दीपक ने पहले मुकाबले में चीन के झोउ जुनपेंग को 12-2 से हराया। हांगकांग के प्रतिद्वंद्वी के न आने के कारण वे सीधे सेमीफाइनल में पहुँचे, जहाँ उज्बेकिस्तान के पोयोनोव से 8-9 से हारे। इसके बाद ब्रॉन्ज मेडल मुकाबले में गनबातार को 2-1 से हराकर पोडियम पर जगह बनाई।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 7 घंटे पहले
  2. 3 दिन पहले
  3. 1 सप्ताह पहले
  4. 3 महीने पहले
  5. 4 महीने पहले
  6. 4 महीने पहले
  7. 5 महीने पहले
  8. 6 महीने पहले