टुचेल का बड़ा बयान: इंग्लैंड फीफा वर्ल्ड कप 2026 का प्रबल दावेदार नहीं, 17 जून को क्रोएशिया से आगाज़
सारांश
मुख्य बातें
इंग्लैंड फुटबॉल टीम के मुख्य कोच थॉमस टुचेल ने स्पष्ट किया है कि उनकी टीम फीफा वर्ल्ड कप 2026 जीतने की सबसे प्रबल दावेदार नहीं है। ऑरलैंडो में कोस्टा रिका के खिलाफ अंतिम वॉर्म-अप मैच से पहले पत्रकारों से बातचीत में टुचेल ने कहा कि दुनिया में कई ऐसी टीमें हैं जिनका हालिया बड़े टूर्नामेंटों में रिकॉर्ड इंग्लैंड से बेहतर है। यह बयान ऐसे समय में आया है जब इंग्लैंड छह दशकों से कोई बड़ा अंतरराष्ट्रीय खिताब नहीं जीत सका है।
टुचेल का स्पष्ट मूल्यांकन
जब पत्रकारों ने सीधे पूछा कि क्या इंग्लैंड खिताब के प्रमुख दावेदारों में है, तो टुचेल ने बेबाकी से कहा कि टीम खुद को इस समय एक चुनौती देने वाली टीम के रूप में देख रही है, न कि शीर्ष दावेदार के रूप में। उन्होंने जोड़ा कि केवल दावेदार कहलाने से कोई टीम चैंपियन नहीं बन जाती — असली परीक्षा मैदान पर होती है। इससे पहले इंग्लैंड ने वॉर्म-अप में न्यूजीलैंड को 1-0 से हराया था, लेकिन प्रदर्शन बहुत प्रभावशाली नहीं रहा।
केन कप्तान, राइस उपकप्तान
टुचेल ने नेतृत्व को लेकर भी स्थिति साफ की। हैरी केन टीम के कप्तान बने रहेंगे और इसमें कोई बदलाव नहीं होगा। डेक्लान राइस को उपकप्तान नियुक्त किया गया है — एक फैसला जो कोच के अनुसार काफी पहले ही तय हो चुका था। टुचेल ने कहा कि राइस मैदान पर टीम को बखूबी संभालते हैं और उनकी फुटबॉल समझ असाधारण है।
राइस की तारीफ
कोच ने डेक्लान राइस को यूरोप के सर्वश्रेष्ठ मिडफील्डरों में से एक बताया। उनके अनुसार राइस खेल की गति, रणनीति और टीम के संतुलन को गहराई से समझते हैं और फिलहाल शानदार फॉर्म में हैं। यह उपकप्तानी की भूमिका राइस के बढ़ते कद को दर्शाती है।
टीम की तैयारी और माहौल
टुचेल ने बताया कि इंग्लैंड कैंप का माहौल फिलहाल शांत और सकारात्मक है। खिलाड़ी मानसिक और शारीरिक रूप से खुद को तैयार कर रहे हैं। उन्होंने माना कि जैसे-जैसे टूर्नामेंट नज़दीक आएगा, दबाव बढ़ना स्वाभाविक है, लेकिन टीम का ध्यान मेहनत और लगातार बेहतर प्रदर्शन पर केंद्रित है।
17 जून: क्रोएशिया से आगाज़
इंग्लैंड अपना फीफा वर्ल्ड कप 2026 अभियान 17 जून को क्रोएशिया के खिलाफ मुकाबले से शुरू करेगा — एक मैच जिस पर दुनियाभर के फुटबॉल प्रशंसकों की नज़रें होंगी। गौरतलब है कि क्रोएशिया 2018 वर्ल्ड कप का उपविजेता रहा है, लिहाज़ा यह टक्कर आसान नहीं होगी। टुचेल की विनम्र स्वीकारोक्ति और ज़मीनी तैयारी बताती है कि इंग्लैंड इस बार अपेक्षाओं के बोझ से मुक्त होकर खेलने की कोशिश करेगा।