फीफा वर्ल्ड कप 2026: इंग्लैंड ने मेक्सिको को 3-2 से हराकर क्वार्टर फाइनल में जगह बनाई, बेलिंगहम के दो गोल
सारांश
मुख्य बातें
फीफा वर्ल्ड कप 2026 के राउंड ऑफ 16 में इंग्लैंड ने 6 जुलाई को मेक्सिको को रोमांचक मुकाबले में 3-2 से पराजित कर क्वार्टर फाइनल में प्रवेश किया। इस जीत के साथ मेक्सिको का विश्व कप अभियान समाप्त हो गया, जबकि इंग्लैंड का अगला मुकाबला 12 जुलाई को नॉर्वे से होगा।
मुख्य घटनाक्रम
खराब मौसम के कारण देरी से शुरू हुए इस मैच में दोनों टीमों ने शुरुआत से ही आक्रामक फुटबॉल खेली। 36वें मिनट में जूड बेलिंगहम ने इंग्लैंड को बढ़त दिलाई और महज 98 सेकंड बाद — 38वें मिनट में — उन्होंने दूसरा गोल दागकर स्कोर 2-0 कर दिया। 42वें मिनट में मेक्सिको के क्विनोन्स ने एक गोल वापस किया, लेकिन पहला हाफ 2-1 से इंग्लैंड के पक्ष में समाप्त हुआ।
रेड कार्ड का नाटकीय मोड़
दूसरे हाफ की शुरुआत में इंग्लैंड के जारेल क्वान्सा को मेक्सिको के जीसस गैलार्डो पर गलत चैलेंज के कारण रेफरी ने रेड कार्ड दिखाया। इस निष्कासन के साथ क्वान्सा फीफा वर्ल्ड कप इतिहास में रेड कार्ड पाने वाले चौथे इंग्लिश खिलाड़ी बन गए। अब इंग्लैंड को शेष मैच 10 खिलाड़ियों के साथ खेलना पड़ा।
पेनल्टी का खेल और केन का छठा गोल
60वें मिनट में मेक्सिको के गोलकीपर राउल रेंजेल ने पेनल्टी बॉक्स में एंथनी गॉर्डन को गिराया, जिससे इंग्लैंड को पेनल्टी मिली। कप्तान हैरी केन ने इस पेनल्टी को गोल में बदला — यह इस विश्व कप में उनका छठा गोल था — और स्कोर 3-1 हो गया। 69वें मिनट में केन पर ब्रायन गुटिरेज को रोकते समय फाउल का आरोप लगा। वीएआर जाँच के बाद मेक्सिको को पेनल्टी दी गई, जिसे राउल जिमिनेज ने गोल में तब्दील किया और स्कोर 3-2 हो गया।
इंग्लैंड की दीवार — पिकफोर्ड का कमाल
मेक्सिको ने अंतिम 20 मिनटों में बराबरी के लिए पूरी ताकत झोंकी, लेकिन इंग्लैंड का डिफेंस अभेद्य रहा। गोलकीपर पिकफोर्ड ने मैच के अंतिम क्षणों में कई अहम बचाव कर इंग्लैंड की जीत सुनिश्चित की।
आगे क्या
इंग्लैंड अब 12 जुलाई को क्वार्टर फाइनल में नॉर्वे से भिड़ेगा। 10 खिलाड़ियों के साथ जीत दर्ज करने की इस टीम की क्षमता ने उसे टूर्नामेंट के प्रबल दावेदारों में शामिल कर दिया है। बेलिंगहम और केन की जोड़ी इस विश्व कप में इंग्लैंड की सबसे बड़ी ताकत के रूप में उभरी है।