22 सितंबर 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

एशियन गेम्स 2026: जापान ने 3-1 से हराया, भारतीय महिला बैडमिंटन टीम क्वार्टर फाइनल में बाहर

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
एशियन गेम्स 2026: जापान ने 3-1 से हराया, भारतीय महिला बैडमिंटन टीम क्वार्टर फाइनल में बाहर

सारांश

भारतीय महिला बैडमिंटन टीम एशियन गेम्स 2026 के क्वार्टर फाइनल में जापान से 1-3 से हारकर बाहर हो गई। सिंधु और उन्नति हुड्डा सिंगल्स में लड़खड़ाईं, जबकि त्रिशा-गायत्री की जोड़ी ने डबल्स में जीत से इज़्ज़त बचाई। 2014 के बाद एक बार फिर पदक का सपना अधूरा रहा।

मुख्य बातें

भारतीय महिला बैडमिंटन टीम एशियन गेम्स 2026 के क्वार्टर फाइनल में जापान से 1-3 से हारकर बाहर हुई।
पीवी सिंधु को अकाने यामागुची (विश्व नंबर 3) ने 23-21, 18-21, 6-21 से हराया।
उन्नति हुड्डा टोमोका मियाजाकी (विश्व नंबर 7) से 16-21, 18-21 से हारीं।
त्रिशा जॉली और गायत्री गोपीचंद की डबल्स जोड़ी ने 21-17, 21-16 से जीत दर्ज कर भारत का एकमात्र पॉइंट दिलाया।
तन्वी शर्मा निर्णायक सिंगल्स में पूर्व विश्व चैंपियन नोज़ोमी ओकुहारा से 12-21, 10-21 से हारीं।
एशियन गेम्स में भारतीय महिला टीम का एकमात्र पदक 2014 में ब्रॉन्ज था।

भारतीय महिला बैडमिंटन टीम का एशियन गेम्स 2026 में मेडल का सपना 22 सितंबर को इचिनोमिया सिटी में उस वक्त चकनाचूर हो गया, जब जापान ने क्वार्टर फाइनल मुकाबले में उन्हें 3-1 से पराजित कर दिया। सिंगल्स में लगातार तीन हार ने टीम की उम्मीदों पर पानी फेर दिया, जबकि डबल्स जोड़ी ने अपना दम दिखाते हुए भारत का एकमात्र पॉइंट बचाया।

मुख्य घटनाक्रम

मुकाबले की शुरुआत भारत के लिए निराशाजनक रही। दो बार की ओलंपिक मेडलिस्ट पीवी सिंधु को पहले सिंगल्स में दुनिया की नंबर 3 खिलाड़ी अकाने यामागुची के सामने 23-21, 18-21, 6-21 से हार का सामना करना पड़ा। तीन गेम तक चले इस मुकाबले में तीसरे गेम में सिंधु एकतरफा तरीके से पिछड़ गईं।

दूसरे सिंगल्स में उन्नति हुड्डा भी 2022 की वर्ल्ड जूनियर चैंपियन और मौजूदा विश्व नंबर 7 खिलाड़ी टोमोका मियाजाकी से 16-21, 18-21 से हार गईं, जिससे जापान ने बढ़त 2-0 कर ली।

त्रिशा-गायत्री की चमक

लड़खड़ाते भारत को त्रिशा जॉली और गायत्री गोपीचंद की जोड़ी ने सहारा दिया। इस डबल्स जोड़ी ने जापान की युकी फुकुशिमा और मायु मात्सुमोतो को 21-17, 21-16 से मात देकर स्कोर 1-2 किया और भारतीय टीम को मुकाबले में बनाए रखा।

निर्णायक हार

चौथे और निर्णायक सिंगल्स मुकाबले में तन्वी शर्मा पूर्व विश्व चैंपियन नोज़ोमी ओकुहारा के सामने टिक नहीं सकीं और उन्हें 12-21, 10-21 के बड़े अंतर से हार का सामना करना पड़ा। इसी के साथ जापान ने मुकाबला 3-1 से अपने नाम कर लिया और भारत टूर्नामेंट से बाहर हो गया।

ऐतिहासिक संदर्भ

गौरतलब है कि एशियन गेम्स में भारतीय महिला बैडमिंटन टीम ने अब तक केवल एक बार पदक जीता है — 2014 में ब्रॉन्ज मेडल। पिछले एशियन गेम्स में भी टीम क्वार्टर फाइनल से आगे नहीं बढ़ सकी थी, जब उसे थाईलैंड ने 3-0 से हराया था। इस बार टूर्नामेंट की शुरुआत उत्साहजनक रही थी — कजाकिस्तान को 3-0 से हराकर अभियान शुरू किया गया था।

आगे क्या

भारतीय महिला टीम के लिए यह हार इस बात का संकेत है कि एशिया के शीर्ष देशों — जापान, चीन और दक्षिण कोरिया — से मुकाबले के लिए सिंगल्स विभाग को और मज़बूत करना होगा। पीवी सिंधु जैसी अनुभवी खिलाड़ी की मौजूदगी के बावजूद टीम तीन सिंगल्स मुकाबले नहीं जीत पाई, जो आगामी चयन और ट्रेनिंग रणनीति के लिए अहम सवाल खड़े करती है।

संपादकीय दृष्टिकोण

तो टीम चयन और बेंच स्ट्रेंथ पर सवाल उठना लाज़िमी है। त्रिशा-गायत्री की डबल्स जोड़ी लगातार भरोसेमंद साबित हो रही है, लेकिन अकेले डबल्स से टीम इवेंट नहीं जीता जाता। जब तक सिंगल्स विभाग में एशिया के शीर्ष खिलाड़ियों से टक्कर लेने की क्षमता नहीं बनती, तब तक 2014 के ब्रॉन्ज को दोहराना भी कठिन लगता है।
RashtraPress
22 सितंबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

एशियन गेम्स 2026 में भारतीय महिला बैडमिंटन टीम क्यों बाहर हुई?
भारतीय महिला बैडमिंटन टीम क्वार्टर फाइनल में जापान से 1-3 से हारकर बाहर हो गई। तीन सिंगल्स मुकाबलों में हार निर्णायक रही — पीवी सिंधु, उन्नति हुड्डा और तन्वी शर्मा तीनों को पराजय का सामना करना पड़ा।
पीवी सिंधु का एशियन गेम्स 2026 में क्या प्रदर्शन रहा?
पीवी सिंधु को पहले सिंगल्स मुकाबले में जापान की अकाने यामागुची (विश्व नंबर 3) ने 23-21, 18-21, 6-21 से हराया। तीन गेम के मुकाबले में तीसरे गेम में वे बड़े अंतर से पिछड़ गईं।
त्रिशा जॉली और गायत्री गोपीचंद ने कैसा प्रदर्शन किया?
त्रिशा जॉली और गायत्री गोपीचंद की डबल्स जोड़ी ने जापान की युकी फुकुशिमा और मायु मात्सुमोतो को 21-17, 21-16 से हराया। यह भारत का एकमात्र पॉइंट था और इस जोड़ी ने टीम का मनोबल बनाए रखा।
एशियन गेम्स में भारतीय महिला बैडमिंटन टीम का अब तक का रिकॉर्ड क्या है?
एशियन गेम्स में भारतीय महिला बैडमिंटन टीम ने अब तक केवल एक बार पदक जीता है — 2014 में ब्रॉन्ज मेडल। पिछले एशियन गेम्स में भी टीम क्वार्टर फाइनल में थाईलैंड से 0-3 से हारकर बाहर हो गई थी।
एशियन गेम्स 2026 में भारतीय महिला टीम का अभियान कैसा रहा?
भारतीय महिला टीम ने टूर्नामेंट की शुरुआत कजाकिस्तान को 3-0 से हराकर शानदार तरीके से की थी। हालांकि, क्वार्टर फाइनल में जापान के सामने 1-3 से हार के साथ उनका अभियान समाप्त हो गया और मेडल का सपना टूट गया।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 47 मिनट पहले
  2. 21 घंटे पहले
  3. कल
  4. 2 दिन पहले
  5. 2 दिन पहले
  6. 3 दिन पहले
  7. 2 महीने पहले
  8. 3 महीने पहले