भारतीय महिला हॉकी टीम पर्थ में ऑस्ट्रेलिया से 2-3 से हारी, सीरीज 2-2 से बराबर
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय महिला हॉकी टीम को 30 मई 2026 को पर्थ में खेले गए चार मैचों की सीरीज के निर्णायक चौथे मुकाबले में ऑस्ट्रेलिया के हाथों 2-3 से हार झेलनी पड़ी। इस हार के साथ सीरीज 2-2 की बराबरी पर समाप्त हुई, हालाँकि भारत ने पहला मैच गँवाने के बाद सीरीज में शानदार वापसी की थी।
मैच का घटनाक्रम
भारत ने मैच की शुरुआत आक्रामक अंदाज में की। महज दूसरे मिनट में नवनीत कौर ने पेनल्टी कॉर्नर को सफलतापूर्वक गोल में तब्दील कर 1-0 की बढ़त दिला दी। दूसरे क्वार्टर में दीपिका सोरेंग ने 23वें मिनट में एक उम्दा गोल दागते हुए भारत की बढ़त 2-0 कर दी। हाफ-टाइम तक यही स्कोर बना रहा।
तीसरे क्वार्टर में ऑस्ट्रेलिया ने जोरदार पलटवार किया। एब्बी विल्सन (42') और ओलिविया डाउन्स (44') ने कुछ ही मिनटों के भीतर दो गोल दागकर स्कोर 2-2 से बराबर कर दिया। इसके बाद 58वें मिनट में कोर्टनी शोनल के निर्णायक गोल ने मेजबान टीम को 3-2 की जीत और सीरीज में बराबरी दिला दी।
सीरीज का समग्र प्रदर्शन
यह दौरा भारतीय टीम के लिए कुल मिलाकर उत्साहजनक रहा। पहला मैच गँवाने के बाद टीम ने दूसरा मैच शूटआउट में 4-2 से और तीसरा मैच 2-0 से जीतकर 2-1 की बढ़त बनाई थी। दोनों जीतों में भारतीय खिलाड़ियों ने रणनीतिक अनुशासन और दमदार आक्रमण का परिचय दिया। चौथे मैच में भी शुरुआत उसी लय में हुई, लेकिन दूसरे हाफ में ऑस्ट्रेलिया का दबाव भारी पड़ गया।
अर्जेंटीना दौरे से तुलना
गौरतलब है कि इससे पहले अर्जेंटीना दौरे पर भी भारतीय महिला टीम ने मिलती-जुलती लय दिखाई थी। वहाँ चार मैचों की सीरीज में शुरुआती दो मुकाबले गँवाने के बाद टीम ने अंतिम दो मैच जीतकर सीरीज 2-2 से बराबर की थी। यह प्रवृत्ति दर्शाती है कि टीम दबाव में वापसी करने में सक्षम है, लेकिन सीरीज को अपने नाम करने के लिए निरंतरता अभी भी चुनौती बनी हुई है।
आगे की राह
इस सीरीज से मिले अनुभव और आत्मविश्वास का लाभ भारतीय टीम को न्यूजीलैंड में होने वाले एफआईएच नेशंस कप में मिलने की उम्मीद है। पर्थ में मिली हार निराशाजनक जरूर है, लेकिन दो बड़ी टीमों के खिलाफ लगातार 2-2 की सीरीज बराबरी यह संकेत देती है कि भारतीय महिला हॉकी का स्तर वैश्विक मंच पर तेजी से ऊपर उठ रहा है।