कगिसो रबाडा का ऐतिहासिक कारनामा: टेस्ट में सबसे तेज 350 विकेट, डेल स्टेन का रिकॉर्ड तोड़ा
सारांश
मुख्य बातें
साउथ अफ्रीका के तेज गेंदबाज कगिसो रबाडा ने 31 अक्टूबर 2026 को केपटाउन के न्यूलैंड्स में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ तीसरे टेस्ट मैच के दौरान इतिहास रच दिया। रबाडा टेस्ट क्रिकेट में गेंदों के लिहाज से सबसे तेज 350 विकेट पूरे करने वाले गेंदबाज बन गए हैं, जो उन्होंने महज 13,808 गेंद फेंककर हासिल किया।
रिकॉर्ड की बारीकियाँ
रबाडा ने यह मुकाम हासिल करते हुए अपने ही देश के महान तेज गेंदबाज डेल स्टेन का रिकॉर्ड तोड़ा, जिन्होंने 14,719 गेंद में 350 विकेट पूरे किए थे। रबाडा ने ट्रेविस हेड को आउट करके यह ऐतिहासिक 350वाँ विकेट हासिल किया।
मैचों के लिहाज से देखें तो रबाडा ने अपने 75वें टेस्ट में यह उपलब्धि हासिल की, जिससे वह वेस्टइंडीज के दिग्गज गेंदबाज मैल्कम मार्शल के साथ संयुक्त रूप से तीसरे सबसे तेज गेंदबाज बने। मार्शल ने भी अपने 75वें टेस्ट में यह उपलब्धि हासिल की थी।
साउथ अफ्रीका के लिए चौथे गेंदबाज
रबाडा साउथ अफ्रीका की ओर से टेस्ट क्रिकेट में 350 विकेट लेने वाले चौथे गेंदबाज बन गए हैं। उनसे पहले यह मुकाम डेल स्टेन, शॉन पोलॉक और मखाया एंटिनी ने हासिल किया था। साउथ अफ्रीका की ओर से टेस्ट में सर्वाधिक विकेट का रिकॉर्ड शॉन पोलॉक के नाम है, जिन्होंने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में कुल 823 विकेट निकाले हैं।
अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में 600 विकेट का मील का पत्थर
इसी मैच में रबाडा ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में 600 विकेट भी पूरे कर लिए। उन्होंने अपने करियर के 260वें अंतरराष्ट्रीय मैच में यह उपलब्धि हासिल की और वह यह कारनामा करने वाले साउथ अफ्रीका के पाँचवें गेंदबाज बने।
मैच की मौजूदा स्थिति
तीसरे टेस्ट में साउथ अफ्रीका की पहली पारी 329 रन पर समाप्त हुई, जिसके जवाब में ऑस्ट्रेलिया ने 429 रन बनाकर 100 रनों की पहली पारी बढ़त हासिल की। दूसरी पारी में साउथ अफ्रीका ने रयान रिकेल्टन (101 रन) और वियान मुल्डर (115 रन) की शतकीय पारियों के दम पर 387 रन बनाए और ऑस्ट्रेलिया को 288 रनों का लक्ष्य दिया।
लंच ब्रेक तक ऑस्ट्रेलिया ने 288 रनों के लक्ष्य का पीछा करते हुए महज 60 रनों पर अपने 7 विकेट गँवा दिए। रबाडा दूसरी पारी में 3 विकेट ले चुके थे, जबकि साइमन हार्मर ने भी 3 विकेट अपने नाम किए। साउथ अफ्रीका इस मैच में जीत की ओर मजबूती से अग्रसर नज़र आ रहा है, और रबाडा की यह ऐतिहासिक उपलब्धि उनके करियर के सबसे यादगार पलों में से एक बनकर उभरी है।