कृष्णा नागर ने 2026 की 7वीं सीनियर राष्ट्रीय पैरा बैडमिंटन चैंपियनशिप में जीते दो स्वर्ण पदक
सारांश
Key Takeaways
- कृष्णा नागर ने 2026 की चैंपियनशिप में 2 स्वर्ण पदक जीते।
- उन्होंने एसएच6 श्रेणी में अपनी पकड़ मजबूत की।
- उनका प्रदर्शन प्रेरणादायक है।
- भारत में पैरा बैडमिंटन का स्तर लगातार सुधर रहा है।
- उन्होंने भविष्य के अंतरराष्ट्रीय टूर्नामेंट्स के लिए आत्मविश्वास प्राप्त किया।
हैदराबाद, 10 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। पैरालंपिक चैम्पियन कृष्णा नागर ने अपनी अद्भुत फॉर्म को बनाए रखा है। मंगलवार को आयोजित 7वीं सीनियर नेशनल पैरा बैडमिंटन चैंपियनशिप 2026 में उन्होंने दो स्वर्ण पदक जीतकर सभी को प्रभावित किया। इस सफलता के साथ ही नागर ने एसएच6 श्रेणी में भी अपनी स्थिति को मजबूत किया है।
टोक्यो पैरालंपिक के गोल्ड मेडलिस्ट ने पुरुष एकल एसएच6 का खिताब जीते हुए अपने अभियान की शानदार शुरुआत की। नागर ने फाइनल में सुदर्शन एम एस को सीधे गेम में 21-10, 21-19 के अंतर से हराया। शीर्ष वरीयता प्राप्त शटलर ने मुकाबले की शुरूआत से ही आक्रामक खेल और उत्कृष्ट कोर्ट कवरेज के साथ दबदबा बनाया।
नागर ने पहले गेम में सटीक स्मैश और तेज नेट खेल के साथ अपनी पकड़ बनाई, जिससे उनके प्रतिद्वंद्वी को तालमेल बनाए रखने में कठिनाई हुई। हालांकि, सुदर्शन ने दूसरे गेम में वापसी का प्रयास किया, लेकिन नागर ने धैर्य बनाए रखा और शानदार खेल के साथ नेशनल टाइटल अपने नाम कर लिया। 25 वर्षीय नागर ने मिश्रित युगल SH6 इवेंट में अपने उत्कृष्ट प्रदर्शन को जारी रखा, जहां उन्होंने नित्या श्री सुमति सिवन के साथ जोड़ी बनाई। इस जोड़ी ने फाइनल में एक और शानदार प्रदर्शन किया। नागर-नित्या की जोड़ी ने सुदर्शन एम एस और श्रेया कुमारी को 21-7, 21-11 से हराकर जीत प्राप्त की।
नागर और नित्या ने लगातार आक्रामक खेल और बेहतरीन तालमेल से मैच पर अपनी पकड़ मजबूत की। रैलियों पर नियंत्रण और विरोधियों पर दबाव बनाए रखने की उनकी क्षमता निर्णायक साबित हुई। उन्होंने सीधे गेम में जीत हासिल करके चैंपियनशिप अपने नाम कर ली।
नागर ने अपने लगातार शानदार प्रदर्शन से एक मजबूत खिलाड़ी के रूप में अपनी पहचान बनाई है। राष्ट्रीय स्तर पर, उनके उत्कृष्ट खेल ने उन्हें खूब पहचान दिलाई है। जीत के बाद कृष्णा नागर ने कहा, "राष्ट्रीय चैंपियनशिप में दो खिताब जीतना हमेशा विशेष होता है। भारत में प्रतियोगिता का स्तर लगातार बेहतर हो रहा है, जो हमें अपने खेल को सुधारने के लिए प्रेरित करता है। मैं अपने प्रदर्शन से खुश हूं और इससे मुझे आने वाले अंतरराष्ट्रीय टूर्नामेंट्स के लिए आत्मविश्वास मिलेगा।"