तीसरे टेस्ट में न्यूजीलैंड का दबदबा: इंग्लैंड को जीत के लिए चाहिए 270 रन, 6 विकेट शेष
सारांश
मुख्य बातें
ट्रेंट ब्रिज, नॉटिंघम में खेले जा रहे तीसरे टेस्ट के चौथे दिन न्यूजीलैंड ने मैच पर पूरी तरह अपनी पकड़ बना ली है। 373 रनों के विशाल लक्ष्य का पीछा करते हुए इंग्लैंड ने दिन का खेल समाप्त होने तक 4 विकेट गँवाकर केवल 103 रन बनाए हैं। अब अंतिम दिन इंग्लैंड को जीत के लिए 270 रनों की दरकार है और उसके पास महज 6 विकेट बचे हैं।
इंग्लैंड की बल्लेबाज़ी का हाल
लक्ष्य का पीछा करने उतरे इंग्लैंड को कप्तान बेन स्टोक्स और बेन डकेट ने सधी हुई शुरुआत दी। दोनों ने पहले विकेट के लिए 50 रन की साझेदारी निभाई। स्टोक्स ने आक्रामक अंदाज में बल्लेबाज़ी की, लेकिन वह इस शुरुआत को बड़े स्कोर में नहीं बदल सके और 20 गेंदों में 30 रन बनाकर पवेलियन लौटे।
जैकब बेथेल खाता भी नहीं खोल सके — वह जैकरी फाउल्क्स की गेंद पर सीधे विकेटों के सामने आउट हुए। हैरी ब्रूक ने तेज़ तर्रार शुरुआत की, लेकिन 9 गेंदों में 21 रन बनाने के बाद वापस लौटे। बेन डकेट सबसे अधिक 42 गेंदों में 6 चौकों की मदद से 36 रन बनाकर आउट हुए। दिन का खेल समाप्त होने तक जो रूट 9 और एमिलियो गे 6 रन बनाकर क्रीज़ पर डटे हुए हैं।
न्यूजीलैंड की घातक गेंदबाज़ी
न्यूजीलैंड की ओर से जैकरी फाउल्क्स ने 3 विकेट झटककर इंग्लैंड की बल्लेबाज़ी की कमर तोड़ी। बेन सियर्स ने 1 विकेट अपने नाम किया। यह ऐसे समय में आया है जब इंग्लैंड की 'बाज़बॉल' शैली को एक कड़ी परीक्षा का सामना करना पड़ रहा है।
न्यूजीलैंड की दूसरी पारी का दमदार प्रदर्शन
इससे पहले न्यूजीलैंड ने 9 विकेट पर 288 रन बनाकर अपनी दूसरी पारी घोषित की। रचिन रविंद्र और डेरिल मिचेल ने चौथे विकेट के लिए 267 गेंदों में 129 रनों की शतकीय साझेदारी निभाई, जिसने मैच का पासा पलट दिया। रचिन ने 149 गेंदों में 94 रन की दमदार पारी खेली, जबकि मिचेल 100 रन बनाकर नाबाद रहे।
टॉम ब्लंडेल 18 रन बनाकर आउट हुए, जबकि नाथन स्मिथ (1 रन) और जैकरी फाउल्क्स (6 रन) कुछ खास योगदान नहीं दे सके। इंग्लैंड की गेंदबाज़ी में जोफ्रा आर्चर सबसे सफल रहे — उन्होंने 53 रन देकर 4 विकेट चटकाए। गस एटकिंसन और बेन स्टोक्स ने 2-2 विकेट लिए।
मैच का समग्र चित्र
गौरतलब है कि इंग्लैंड ने पहली पारी में 354 रन बनाए थे, जिसके जवाब में न्यूजीलैंड ने 438 रन बनाकर पहली पारी के आधार पर 84 रनों की अहम बढ़त हासिल की। यह बढ़त ही अंततः न्यूजीलैंड को 373 रनों का विशाल लक्ष्य तय करने में सहायक बनी।
अंतिम दिन इंग्लैंड के लिए यह लक्ष्य किसी पहाड़ से कम नहीं — जो रूट और निचले क्रम के बल्लेबाज़ों पर ही अब सारी उम्मीदें टिकी हैं।