रमेश पोवार: 'फ्लाइटेड' गेंदबाजी के उस्ताद, 148 फर्स्ट क्लास मैचों में 470 विकेट का सफर

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रमेश पोवार: 'फ्लाइटेड' गेंदबाजी के उस्ताद, 148 फर्स्ट क्लास मैचों में 470 विकेट का सफर

सारांश

31 वनडे, 1 टेस्ट और 148 फर्स्ट क्लास मैचों का सफर — रमेश पोवार की कहानी सिर्फ आँकड़ों की नहीं, बल्कि आलोचनाओं के बीच अपनी 'फ्लाइटेड' गेंदबाजी से बल्लेबाजों को चुनौती देने और मुंबई क्रिकेट को रणजी ट्रॉफी दिलाने वाले एक जुझारू स्पिनर की है।

मुख्य बातें

रमेश राजाराम पोवार का जन्म 20 मई 1978 को महाराष्ट्र में हुआ; फर्स्ट क्लास करियर 1999 में शुरू।
2002-03 सीजन में नंबर-7 से नीचे बल्लेबाजी करते हुए मुंबई के लिए 418 रन बनाए — टूर्नामेंट में दूसरे सर्वाधिक रन।
वनडे करियर में 31 मैच , 34 विकेट ; 2007 में टेस्ट डेब्यू पर बांग्लादेश के खिलाफ 6 विकेट ।
148 फर्स्ट क्लास मुकाबलों में 31.31 की औसत से 470 विकेट ; 113 लिस्ट-ए मैचों में 142 विकेट ।
IPL में किंग्स इलेवन पंजाब और कोच्चि टस्कर्स केरल की ओर से 27 मैच , 13 विकेट ।
खेल के बाद भारतीय महिला क्रिकेट टीम के हेड कोच की भूमिका निभाई।

भारतीय क्रिकेट के पूर्व ऑफ स्पिनर रमेश राजाराम पोवार ने अपनी विशिष्ट 'फ्लाइटेड' गेंदबाजी से अंतरराष्ट्रीय और घरेलू क्रिकेट दोनों में बल्लेबाजों को लंबे समय तक परेशान किया। 148 फर्स्ट क्लास मुकाबलों में 470 विकेट और भारतीय महिला क्रिकेट टीम के हेड कोच का दायित्व — पोवार की यात्रा संघर्ष, आलोचना और जीत की कहानी है।

शुरुआती जीवन और घरेलू करियर की नींव

20 मई 1978 को महाराष्ट्र में जन्मे रमेश पोवार ने 1999 में फर्स्ट क्लास क्रिकेट में कदम रखा। मुंबई की ओर से खेलते हुए उन्होंने जल्द ही अपनी पहचान बनाई। 2002-03 के रणजी सीजन में उन्होंने मुंबई को रणजी ट्रॉफी दिलाने में अहम भूमिका निभाई।

उस सीजन की एक उल्लेखनीय बात यह रही कि पोवार ने कभी भी नंबर-7 से ऊपर बल्लेबाजी नहीं की, फिर भी टूर्नामेंट में मुंबई के लिए सर्वाधिक रन बनाने के मामले में वे दूसरे स्थान पर रहे और 418 रन बनाए — यह उनकी बहुआयामी प्रतिभा का प्रमाण था।

अंतरराष्ट्रीय करियर: उतार-चढ़ाव का सफर

घरेलू क्रिकेट में लगातार प्रभावशाली प्रदर्शन के बाद मार्च 2004 में पोवार को पाकिस्तान दौरे के लिए भारतीय वनडे टीम में शामिल किया गया। हालाँकि उस सीरीज में वे कोई विकेट हासिल नहीं कर सके और उन्हें टीम से बाहर कर दिया गया।

इसके बाद 2005-06 के घरेलू सीजन में पोवार ने 63 विकेट लेकर चयनकर्ताओं को फिर से अपनी ओर देखने पर मजबूर किया। इस दौरान उनके वजन को लेकर आलोचनाएँ भी हुईं, लेकिन उन्होंने अपने प्रदर्शन से उन आलोचनाओं का जवाब दिया।

2006 में पोवार ने भारतीय टीम में वापसी की और पाकिस्तान तथा इंग्लैंड के विरुद्ध प्रभावशाली प्रदर्शन किया। मई 2006 में उन्हें वेस्टइंडीज के खिलाफ भी अवसर मिला।

टेस्ट डेब्यू और वनडे आँकड़े

2007 में पोवार को बांग्लादेश के विरुद्ध टेस्ट डेब्यू का मौका मिला, जिसमें उन्होंने 6 विकेट हासिल किए। बावजूद इसके, उन्हें दोबारा टेस्ट टीम में स्थान नहीं मिला — यह भारतीय चयन प्रक्रिया की एक विडंबना रही।

वनडे करियर में पोवार ने कुल 31 मुकाबले खेले और 35.02 की औसत से 34 विकेट अपने नाम किए। उनका अंतिम वनडे मैच भी 2007 में ही आया।

आईपीएल और कोचिंग करियर

इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) में पोवार ने 27 मैच खेले और 13 विकेट हासिल किए। वे किंग्स इलेवन पंजाब और कोच्चि टस्कर्स केरल की ओर से मैदान में उतरे।

खेल से संन्यास के बाद पोवार ने कोचिंग में अपना नया अध्याय शुरू किया और भारतीय महिला क्रिकेट टीम के हेड कोच की भूमिका निभाई। 113 लिस्ट-ए मुकाबलों में 142 विकेट के साथ उनका घरेलू रिकॉर्ड उनकी दीर्घकालिक सफलता का प्रमाण है।

विरासत और योगदान

रमेश पोवार उन भारतीय क्रिकेटरों में से हैं जिन्होंने सीमित अंतरराष्ट्रीय अवसरों के बावजूद घरेलू क्रिकेट में अपनी अमिट छाप छोड़ी। 31.31 की औसत से 470 फर्स्ट क्लास विकेट उन्हें मुंबई क्रिकेट के इतिहास के प्रमुख स्पिनरों में स्थान दिलाते हैं। आने वाली पीढ़ियों के लिए उनकी 'फ्लाइटेड' गेंदबाजी की विरासत और कोचिंग का अनुभव भारतीय क्रिकेट को समृद्ध करता रहेगा।

संपादकीय दृष्टिकोण

फिर भी अंतरराष्ट्रीय करियर महज 31 वनडे और 1 टेस्ट तक सिमटा रहा। यह उन अनगिनत भारतीय क्रिकेटरों की प्रतिनिधि कहानी है जिन्होंने घरेलू सर्किट में दशकों तक उत्कृष्टता दिखाई, पर राष्ट्रीय टीम का दरवाजा कभी पूरी तरह नहीं खुला।
RashtraPress
19 मई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

रमेश पोवार कौन हैं और वे किस लिए जाने जाते हैं?
रमेश पोवार भारत के पूर्व ऑफ स्पिनर हैं जो अपनी 'फ्लाइटेड' गेंदबाजी के लिए प्रसिद्ध हैं। उन्होंने 148 फर्स्ट क्लास मैचों में 470 विकेट लिए और बाद में भारतीय महिला क्रिकेट टीम के हेड कोच भी रहे।
रमेश पोवार का टेस्ट डेब्यू कब और किसके खिलाफ हुआ?
रमेश पोवार ने 2007 में बांग्लादेश के खिलाफ टेस्ट डेब्यू किया और उस मैच में 6 विकेट हासिल किए। हालाँकि इस प्रभावशाली प्रदर्शन के बावजूद उन्हें दोबारा टेस्ट टीम में शामिल नहीं किया गया।
रमेश पोवार के वनडे करियर के आँकड़े क्या हैं?
रमेश पोवार ने कुल 31 वनडे मैच खेले, जिनमें 35.02 की औसत से 34 विकेट लिए। उनका पहला वनडे मार्च 2004 में पाकिस्तान दौरे पर और अंतिम वनडे 2007 में खेला गया।
रमेश पोवार ने आईपीएल में किन टीमों के लिए खेला?
रमेश पोवार ने IPL में किंग्स इलेवन पंजाब और कोच्चि टस्कर्स केरल की ओर से कुल 27 मैच खेले और 13 विकेट हासिल किए।
रमेश पोवार का घरेलू क्रिकेट रिकॉर्ड कैसा रहा?
घरेलू क्रिकेट में रमेश पोवार का रिकॉर्ड उत्कृष्ट रहा। उन्होंने 148 फर्स्ट क्लास मैचों में 31.31 की औसत से 470 विकेट और 113 लिस्ट-ए मुकाबलों में 142 विकेट लिए। 2002-03 सीजन में उन्होंने मुंबई को रणजी ट्रॉफी दिलाने में अहम भूमिका निभाई।
राष्ट्र प्रेस
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