विवेक सागर प्रसाद का 200वां इंटरनेशनल मैच, साउथ कोरिया के खिलाफ एशियन गेम्स 2026 में रचा इतिहास
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय पुरुष हॉकी टीम के मिडफील्डर विवेक सागर प्रसाद ने 24 सितंबर 2026 को जापान के काकामिगाहारा में एशियन गेम्स 2026 के पूल ए मैच के दौरान साउथ कोरिया के खिलाफ अपना 200वाँ सीनियर इंटरनेशनल मैच खेलकर एक ऐतिहासिक मुकाम हासिल किया। हॉकी इंडिया ने 26 वर्षीय इस मिडफील्डर को इस विशेष उपलब्धि पर बधाई दी और उनकी दीर्घकालीन प्रतिबद्धता की सराहना की।
करियर का सफर: 2018 से 200 मैच तक
विवेक सागर प्रसाद ने 2018 में भारतीय सीनियर टीम में अपना अंतरराष्ट्रीय डेब्यू किया था। तब से वे राष्ट्रीय टीम के अभिन्न हिस्से बन गए। शांत स्वभाव और बहुमुखी भूमिकाएं निभाने की क्षमता के लिए पहचाने जाने वाले विवेक ने महज आठ वर्षों में यह दुर्लभ मील का पत्थर हासिल किया।
गौरतलब है कि भारतीय हॉकी में 200 सीनियर इंटरनेशनल मैच की उपलब्धि बेहद कम खिलाड़ियों के नाम है, और यह रिकॉर्ड विवेक की निरंतरता एवं फिटनेस दोनों का प्रमाण है।
ओलंपिक और बड़े टूर्नामेंट की शान
विवेक के करियर में दो ओलंपिक ब्रॉन्ज मेडल सबसे चमकीले अध्याय हैं — टोक्यो 2020 और पेरिस 2024 ओलंपिक में भारतीय टीम ने ये पदक जीते। इसके अलावा वे 2018 एशियन गेम्स (जकार्ता) में ब्रॉन्ज और पिछले एशियन गेम्स में गोल्ड मेडल जीतने वाली टीम का भी हिस्सा रहे।
उनकी उपलब्धियों की सूची में बर्मिंघम कॉमनवेल्थ गेम्स 2022 में सिल्वर मेडल, ब्रेडा चैंपियंस ट्रॉफी 2018 में सिल्वर मेडल, एशियाई चैंपियंस ट्रॉफी में 2023 और 2024 के गोल्ड मेडल और एशिया कप 2025 की विजय भी शामिल है।
अर्जुन अवॉर्ड और राष्ट्रीय सम्मान
मैदान पर उनके असाधारण योगदान को देखते हुए भारत सरकार ने उन्हें 2021 में प्रतिष्ठित 'अर्जुन अवॉर्ड' से नवाज़ा। यह सम्मान भारत में खेल जगत की शीर्ष राष्ट्रीय पहचान मानी जाती है।
हॉकी इंडिया की प्रतिक्रिया और खास जर्सी
200वें मैच के अवसर पर भारत के मुख्य कोच क्रेग फुल्टन ने विवेक को एक विशेष जर्सी भेंट की। हॉकी इंडिया के अध्यक्ष दिलीप टिर्की ने कहा, '200 सीनियर इंटरनेशनल मैच पूरे करना एक शानदार उपलब्धि है और यह भारतीय हॉकी के प्रति विवेक की निरंतरता, प्रतिबद्धता और जुनून का सबूत है। मैं उन्हें इस खास उपलब्धि पर बधाई देता हूं और भारतीय जर्सी में उनके और भी यादगार पलों की कामना करता हूं।'
हॉकी इंडिया के महासचिव भोला नाथ सिंह ने भी विवेक के योगदान की तारीफ करते हुए कहा, 'विवेक का सीनियर इंटरनेशनल लेवल पर 200 मैच खेलना हॉकी इंडिया और भारतीय हॉकी के लिए गर्व की बात है। उनका सफर उस कड़ी मेहनत, अनुशासन और लगन को दिखाता है जो इंटरनेशनल लेवल पर बेहतरीन प्रदर्शन बनाए रखने के लिए महत्वपूर्ण है।'
आगे की राह
एशियन गेम्स 2026 में साउथ कोरिया के खिलाफ यह मुकाबला विवेक के करियर के एक नए अध्याय की शुरुआत है। टूर्नामेंट में भारत की आगे की चुनौतियों में विवेक की बहुमुखी भूमिका और मैदान पर अनुभव टीम के लिए निर्णायक साबित हो सकते हैं। भारतीय हॉकी प्रेमी उम्मीद कर रहे हैं कि यह दिग्गज मिडफील्डर आने वाले वर्षों में देश के लिए और ट्रॉफियाँ जीतेगा।