BWF वर्ल्ड चैंपियनशिप 2026: वांग झी यी बोलीं — 'खिताब नहीं, प्रक्रिया पर है मेरा ध्यान'
सारांश
मुख्य बातें
BWF वर्ल्ड चैंपियनशिप 2026 का आगाज़ 17 अगस्त से नई दिल्ली के इंदिरा गांधी इंडोर स्टेडियम में होने जा रहा है, और इस प्रतिष्ठित टूर्नामेंट से पहले विश्व की नंबर 3 शटलर वांग झी यी ने साफ़ कर दिया है कि वह नतीजों या खिताब के बोझ से नहीं, बल्कि एक मैच-दर-मैच की मानसिकता के साथ कोर्ट पर उतरेंगी। चीनी शटलर ने स्वीकार किया कि भारत की स्टार पीवी सिंधु के साथ पिछले मुकाबलों में वह मानसिक दबाव महसूस करती थीं, लेकिन अब वह उस सोच को पीछे छोड़ने के लिए तैयार हैं।
सिंधु के खिलाफ मानसिक दबाव की स्वीकारोक्ति
शनिवार को इंदिरा गांधी स्टेडियम में पत्रकारों से बातचीत में वांग ने कहा, 'मुझे लगता है कि सिंधु के खिलाफ खेलने से पहले मेरे दिमाग में बहुत सारी बातें चल रही थीं।' उन्होंने माना कि सिंधु एक दमदार प्रतिद्वंद्वी हैं जिन्होंने हाल ही में जापान ओपन का खिताब जीता है और लगातार बेहतर प्रदर्शन कर रही हैं। वांग ने कहा कि मुकाबला निश्चित रूप से कठिन होगा, लेकिन फिलहाल उनका पूरा ध्यान अपने पहले मैच पर केंद्रित है।
पहला मुकाबला: बेइवेन झांग से होगी शुरुआत
वांग अपने अभियान की शुरुआत अमेरिका की शटलर बेइवेन झांग के खिलाफ करेंगी। टूर्नामेंट में आगे सिंधु से संभावित भिड़ंत के बारे में पूछे जाने पर चीनी शटलर ने कहा कि वह इतनी आगे की नहीं सोच रहीं। उनका संदेश स्पष्ट था — पहले मैच में जीत हासिल करना प्राथमिकता है, बाकी सब बाद में।
खिताबी दबाव से परे: 'प्रक्रिया पर ध्यान'
वर्ल्ड चैंपियनशिप का खिताब वांग के करियर में अब तक अनछुआ रहा है। इस पर उन्होंने कहा, 'मैं नतीजे या किसी खिताब के बारे में नहीं सोचना चाहती; मैं बस प्रक्रिया पर ध्यान देना चाहती हूं।' यह रवैया उनकी मानसिक परिपक्वता को दर्शाता है — एक ऐसी खिलाड़ी का जो परिणाम को नहीं, प्रयास को नियंत्रित करना चाहती है।
रणनीतिक बदलाव की कोशिश
वांग ने यह भी बताया कि इस साल ऑल इंग्लैंड ओपन में ओलंपिक चैंपियन एन से यंग को हराने के बाद से वह अपने खेल में रणनीतिक बदलाव लाने की कोशिश कर रही हैं। उन्होंने कहा, 'मैं रणनीतिक रूप से थोड़ा बदलाव करने की कोशिश करना चाहती हूं। मैं काफी अच्छा काम कर रही हूं, लेकिन कोर्ट पर यह काम नहीं करता, इसलिए उम्मीद है कि मैं बेहतर कर पाऊंगी।'
स्टेडियम की परिस्थितियाँ: हवा के बहाव से ढलने की चुनौती
नए रूप में तैयार इंदिरा गांधी स्टेडियम को लेकर वांग ने सकारात्मक प्रतिक्रिया दी, लेकिन पहले ट्रेनिंग सेशन में उन्हें कोर्ट पर हवा के बहाव (ड्रिफ्ट) का अहसास हुआ। उन्होंने कहा, 'स्टेडियम बहुत बदल गया है; यह बहुत अच्छी बात है। मुझे लगा कि कोर्ट पर थोड़ी हवा चल रही थी, इसलिए हमें इन परिस्थितियों के हिसाब से ढलना होगा।' वांग ने अंत में दोहराया कि उनका लक्ष्य अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन देना और खिताब जीतना है — लेकिन एक कदम-दर-कदम की सोच के साथ।