देवदत्त पडिक्कल की 142 रनों की पारी ने जीता बैटिंग कोच सितांशु का दिल, वॉर्मअप में भारत ने श्रीलंका इलेवन को 6 विकेट से हराया
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय क्रिकेट टीम ने 10 अगस्त 2026 को तीन दिवसीय वॉर्मअप मुकाबले में श्रीलंका क्रिकेट इलेवन को 6 विकेट से शिकस्त दी और 207 रनों के लक्ष्य को महज एक सेशन में हासिल कर लिया। बैटिंग कोच सितांशु कोटक ने इस प्रदर्शन को टेस्ट सीरीज की तैयारी के लिहाज से बेहद अहम करार दिया, और देवदत्त पडिक्कल की बल्लेबाजी को मैच का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन बताया।
मुख्य घटनाक्रम
देवदत्त पडिक्कल ने पहली पारी में 164 गेंदों में 142 रन की दमदार पारी खेली, जो वॉर्मअप मुकाबले की सबसे उल्लेखनीय बल्लेबाजी रही। यशस्वी जायसवाल और कप्तान शुभमन गिल ने भी अपनी पारियों से टीम की नींव मजबूत की।
निचले क्रम के बल्लेबाजों ने भी आक्रामक अंदाज दिखाया। पहली पारी में गुरनूर बराड़ ने 2 चौके और 4 छक्कों की मदद से 18 गेंदों में नाबाद 36 रन बनाए। दूसरी पारी में मोहम्मद सिराज ने 1 चौके और 4 छक्कों के साथ 15 गेंदों में नाबाद 32 रन ठोककर टीम को लक्ष्य तक पहुँचाने में योगदान दिया।
बैटिंग कोच सितांशु कोटक की प्रतिक्रिया
भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) द्वारा अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर साझा किए गए वीडियो में बात करते हुए सितांशु कोटक ने कहा कि यह वॉर्मअप मुकाबला टीम के लिए बेहद शानदार रहा। उन्होंने कहा कि अगर 4 और दिन अभ्यास किया जाता, तो भी वह इस वॉर्मअप मैच की बराबरी नहीं कर सकता था।
कोच ने टीम के सभी विभागों की तारीफ की। उन्होंने कहा कि टीम प्रबंधन की कोशिश थी कि हर खिलाड़ी को बल्लेबाजी का मौका मिले — चाहे गेंदबाज ही क्यों न हों। गुरनूर और सिराज की आतिशी बल्लेबाजी का विशेष उल्लेख करते हुए उन्होंने संतोष जताया।
पडिक्कल की पारी पर कोटक ने कहा कि यह वॉर्मअप का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन था। उन्होंने यह भी माना कि पिच में तेज गेंदबाजों के लिए खास मदद नहीं थी, फिर भी भारतीय फास्ट बॉलर्स ने अच्छी लाइन और लेंथ पर गेंदबाजी की।
टेस्ट सीरीज का कार्यक्रम
भारत और श्रीलंका के बीच टेस्ट सीरीज का पहला मुकाबला 15 अगस्त से गॉल इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम, गॉल में खेला जाएगा। सीरीज का दूसरा और अंतिम टेस्ट 23 अगस्त से सिंहली स्पोर्ट्स क्लब मैदान, कोलंबो में होगा।
आगे क्या
यह वॉर्मअप जीत भारतीय टीम के मनोबल के लिए सकारात्मक संकेत है। पडिक्कल की लंबी पारी और निचले क्रम की आक्रामकता से संकेत मिलता है कि टीम श्रीलंका की परिस्थितियों के अनुकूल ढल रही है। गॉल की स्पिन-अनुकूल पिच पर पहले टेस्ट में बल्लेबाजों की यह तैयारी निर्णायक साबित हो सकती है।