विंबलडन 2026 महिला युगल: गुओ हान्यू और म्लादेनोविक ने 6-3, 7-5 से जीता पहला साझा ग्रैंड स्लैम
सारांश
मुख्य बातें
विंबलडन 2026 के महिला युगल फाइनल में चीन की गुओ हान्यू और फ्रांस की क्रिस्टीना म्लादेनोविक की दसवीं वरीयता प्राप्त जोड़ी ने 13 जुलाई 2026 को ऑल इंग्लैंड क्लब के सेंटर कोर्ट पर इतिहास रच दिया। इस जोड़ी ने दूसरी वरीयता प्राप्त कनाडा की गैब्रिएला डाब्रोव्स्की और ब्राजील की लुइसा स्टेफनी को सीधे सेटों में 6-3, 7-5 से हराकर खिताब अपने नाम किया। दोनों के लिए यह साथ खेलते हुए पहला ग्रैंड स्लैम युगल खिताब है।
मैच का घटनाक्रम
पहले सेट में गुओ और म्लादेनोविक ने आक्रामक शुरुआत करते हुए 5-0 की बढ़त हासिल कर ली। डाब्रोव्स्की और स्टेफनी ने लगातार तीन गेम जीतकर वापसी की कोशिश की, परंतु पहला सेट 6-3 से गंवाना पड़ा।
दूसरा सेट कहीं अधिक प्रतिस्पर्धी रहा। दूसरी वरीय जोड़ी ने कई बार बढ़त बनाने का प्रयास किया, लेकिन म्लादेनोविक के धारदार फोरहैंड और दोनों खिलाड़ियों के बेहतरीन तालमेल ने उन्हें बराबरी पर रोके रखा। 5-5 की स्थिति पर गुओ हान्यू ने निर्णायक क्रॉस-कोर्ट बैकहैंड विनर से महत्वपूर्ण ब्रेक हासिल किया। इसके बाद म्लादेनोविक ने सर्विस गेम में संयम बनाए रखते हुए फोरहैंड विनर से मैच और खिताब पक्का किया।
खिलाड़ियों के लिए क्या मायने रखती है यह जीत
गुओ हान्यू के लिए यह पहला ग्रैंड स्लैम फाइनल और पहला ग्रैंड स्लैम खिताब था। वहीं, 34 वर्षीया क्रिस्टीना म्लादेनोविक के करियर का यह सातवाँ महिला युगल ग्रैंड स्लैम खिताब बन गया — इससे पहले वे 2018 से 2022 के बीच छह डबल्स खिताब जीत चुकी थीं।
गौरतलब है कि म्लादेनोविक पिछले साल चोट के कारण रैंकिंग से बाहर हो गई थीं, ऐसे में गुओ हान्यू का उनके साथ जोड़ी बनाने का फैसला एक साहसिक कदम था — और इस जीत ने उस भरोसे को सही साबित किया।
खिलाड़ियों की प्रतिक्रिया
जीत के बाद गुओ हान्यू ने अपनी जोड़ीदार की तारीफ करते हुए कहा, 'मैं खुद को बहुत भाग्यशाली मानती हूँ कि आप मेरी जोड़ीदार हैं। मुझ पर भरोसा करने और मुझे चुनने के लिए आपका धन्यवाद।'
म्लादेनोविक ने कहा कि पिछले साल चोट के कारण उनकी कोई रैंकिंग नहीं थी, लेकिन गुओ ने बिना किसी हिचकिचाहट के उनके साथ जोड़ी बनाई। उन्होंने कहा, 'आज उनके साथ यहाँ खड़े होकर यह ट्रॉफी जीतना मेरे लिए बेहद गर्व की बात है।'
टूर्नामेंट में जोड़ी का सफर
दसवीं वरीयता के बावजूद गुओ-म्लादेनोविक की जोड़ी ने पूरे टूर्नामेंट में प्रभावशाली प्रदर्शन किया। फाइनल में दूसरी वरीय जोड़ी को सीधे सेटों में हराना इस बात का प्रमाण है कि निचली वरीयता किसी भी तरह उनकी क्षमता का सटीक आकलन नहीं थी।
आगे क्या
यह जीत गुओ हान्यू को ग्रैंड स्लैम डबल्स सर्किट में एक स्थापित नाम के रूप में उभारती है, जबकि म्लादेनोविक की चोट से वापसी और सातवाँ खिताब उन्हें युगल टेनिस के सबसे अनुभवी खिलाड़ियों में से एक बनाता है। अब नज़रें यूएस ओपन 2026 पर होंगी, जहाँ यह जोड़ी अपनी सफलता को आगे बढ़ाने की कोशिश करेगी।