यश ठाकुर का धमाकेदार टी20 डेब्यू: 4 ओवर में 2 विकेट, भारत ने जिम्बाब्वे को 90 रनों से रौंदा
सारांश
मुख्य बातें
दाएं हाथ के तेज गेंदबाज यश ठाकुर ने 25 जुलाई 2026 को हरारे स्पोर्ट्स क्लब में भारत और जिम्बाब्वे के बीच खेले गए दूसरे टी20 अंतरराष्ट्रीय मुकाबले से अपने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट करियर का आगाज किया। ठाकुर ने अपने डेब्यू में 4 ओवर में 30 रन देकर 2 अहम विकेट चटकाए और भारत को 90 रनों की बड़ी जीत दिलाने में निर्णायक भूमिका निभाई। इस जीत के साथ भारत ने सीरीज पर भी कब्जा कर लिया।
डेब्यू पर यश ठाकुर की गेंदबाजी
ठाकुर ने अपने पहले अंतरराष्ट्रीय मुकाबले में ब्रायन बेनेट और तदिवानाशे मारुमानी को पवेलियन भेजा। उन्होंने धीमी गेंदों का चतुराई से इस्तेमाल किया, जो हरारे की इस पिच पर खासी कारगर साबित हुई। मैच के बाद ठाकुर ने कहा, 'मैं सच में शुक्रगुजार हूं कि मुझे यह मैच खेलने का मौका मिला। मैं अपने परिवार और अपने करीबियों का भी शुक्रगुजार हूं, जिन्होंने हमेशा मेरा साथ दिया।'
उन्होंने अपनी रणनीति के बारे में बताया, 'विकेट बल्लेबाजी के लिए बहुत अच्छा था। मैंने और श्रेयस भाई ने स्पेल से पहले अपनी योजना पर बात की थी और उसी पर टिके रहे। हमें लगा कि इस विकेट पर धीमी गेंद असरदार होगी, इसलिए हमने उसका इस्तेमााल किया।'
मुख्य घटनाक्रम: मैच का पूरा लेखा-जोखा
जिम्बाब्वे ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी का फैसला किया। भारत ने निर्धारित 20 ओवरों में 5 विकेट पर 219 रन का विशाल स्कोर खड़ा किया। तीसरे नंबर पर उतरे ईशान किशन ने 44 गेंदों पर 9 चौकों और 2 छक्कों की मदद से 81 रन की धुआंधार पारी खेली।
तिलक वर्मा ने भी आक्रामक बल्लेबाजी का प्रदर्शन किया और 29 गेंदों पर 5 चौकों और 3 छक्कों की बदौलत नाबाद 60 रन बनाए। 220 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी जिम्बाब्वे की पूरी टीम 17.5 ओवर में महज 129 रन पर ढेर हो गई और भारत ने 90 रनों के बड़े अंतर से मैच अपने नाम किया।
यश ठाकुर का क्रिकेट सफर
ठाकुर ने बताया कि वे हर प्रारूप के लिए खुद को तैयार रखते हैं। उन्होंने कहा, 'पिछले महीने मैं इंडिया ए के साथ श्रीलंका दौरे पर गया था। मैंने वहां वन-डे और टेस्ट दोनों सीरीज खेली थीं। मैं हमेशा व्हाइट-बॉल और रेड-बॉल क्रिकेट दोनों के लिए अपने प्लान तैयार रखता हूं। मुझे दोनों पसंद हैं। मैं बस मैच खेलना चाहता हूं।'
गौरतलब है कि इंडिया ए के साथ श्रीलंका में मिले अनुभव ने उन्हें अंतरराष्ट्रीय स्तर की परिस्थितियों के लिए मानसिक रूप से तैयार किया, जो उनके डेब्यू प्रदर्शन में साफ झलका।
आगे क्या
सीरीज जीत के साथ भारतीय टीम का मनोबल ऊंचा है। यश ठाकुर जैसे नए खिलाड़ियों के उभरने से भारतीय तेज गेंदबाजी आक्रमण की गहराई और मजबूत हुई है। आने वाले मुकाबलों में उनके प्रदर्शन पर सभी की नजरें टिकी रहेंगी।