पंजाब BJP का आरोप: AAP का ₹20,000 करोड़ खनन राजस्व वादा झूठ, मिले सिर्फ ₹600 करोड़
सारांश
मुख्य बातें
पंजाब भारतीय जनता पार्टी (BJP) के अध्यक्ष केवल सिंह ढिल्लों ने 7 जुलाई 2026 को चंडीगढ़ में आम आदमी पार्टी (AAP) सरकार पर कड़ा प्रहार करते हुए आरोप लगाया कि रेत और बजरी खनन से ₹20,000 करोड़ राजस्व जुटाने का चुनावी वादा पूरी तरह खोखला साबित हुआ है। उनके अनुसार, 2025-26 में राज्य सरकार खनन से केवल लगभग ₹600 करोड़ ही एकत्र कर पाई — वादे का महज तीन प्रतिशत।
राजस्व का हिसाब-किताब
ढिल्लों ने विस्तार से बताया कि इन ₹600 करोड़ में से भी लगभग ₹150 करोड़ पंजाब के अपने खनन कार्यों से नहीं, बल्कि हिमाचल प्रदेश और हरियाणा से राज्य में आने वाली खनन सामग्री पर लगाए गए कर से प्राप्त हुए। इसका अर्थ यह है कि पंजाब के स्वयं के खनन परिचालन से राजस्व इससे भी कम रहा। BJP अध्यक्ष ने सवाल उठाया कि बाकी बचे ₹19,400 करोड़ आखिर कहाँ गए।
अवैध खनन पर आरोप
ढिल्लों ने आरोप लगाया कि साढ़े चार साल सत्ता में रहने के बावजूद AAP सरकार ने न तो अवैध खनन पर अंकुश लगाया और न ही राज्य के खजाने को मजबूत किया। उनके अनुसार, 'टिपर ट्रक खुलेआम चल रहे हैं, नदियों में अवैध खनन जारी है, फिर भी सरकार ने आँखें मूंद ली हैं।' यह ऐसे समय में आया है जब पंजाब की नदियों में अवैध खनन की शिकायतें लगातार सामने आती रही हैं।
राजनीतिक हमला
BJP अध्यक्ष ने कहा कि जिस 'क्रांति' के वादे पर AAP सत्ता में आई थी, वह अब बेनकाब हो चुकी है। उन्होंने कहा कि 'दिल्ली की जनता द्वारा ठुकराए जाने के बावजूद पंजाब को पर्दे के पीछे से चला रहे लोगों ने बड़े-बड़े वादे करके जनता को लुभाया और अंत में पंजाब की रेत तक को खा गया।' गौरतलब है कि यह खनन राजस्व का मुद्दा AAP के 2022 के विधानसभा चुनाव प्रचार का एक प्रमुख हिस्सा था।
आम जनता पर असर
खनन राजस्व में भारी कमी का सीधा असर राज्य के वित्त पर पड़ता है। विशेषज्ञों के अनुसार, अनुमानित राजस्व और वास्तविक संग्रह के बीच इतना बड़ा अंतर राज्य की सामाजिक योजनाओं और बुनियादी ढाँचे के लिए आवंटित बजट को प्रभावित कर सकता है। ढिल्लों ने स्पष्ट किया कि 'यह तो सिर्फ एक वादे का हिसाब है, जबकि सरकार के अन्य वादों का हिसाब अभी बाकी है।'
आगे क्या
BJP ने संकेत दिया है कि वह खनन राजस्व सहित AAP सरकार के अन्य चुनावी वादों पर भी जवाबदेही माँगती रहेगी। फिलहाल AAP सरकार की ओर से इन आरोपों पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।