अहमदाबाद के 1,692 सरकारी स्कूली छात्रों को मिलेगा यामाहा का अंतरराष्ट्रीय संगीत प्रशिक्षण
सारांश
मुख्य बातें
अहमदाबाद नगर निगम (AMC) के अंतर्गत संचालित 24 स्कूलों के 1,692 कक्षा 5 के छात्रों को अब अंतरराष्ट्रीय स्तर का संरचित संगीत प्रशिक्षण मिलेगा। नगर प्राथमिक शिक्षा समिति और यामाहा म्यूजिक इंडिया प्राइवेट लिमिटेड के बीच हुए समझौता ज्ञापन (MoU) के बाद यह पहल 2026-27 से 2027-28 शैक्षणिक वर्ष तक दो वर्षीय पायलट परियोजना के रूप में लागू होगी। गुजरात की सार्वजनिक शिक्षा प्रणाली में संगीत को पाठ्यक्रम से जोड़ने का यह अपनी तरह का पहला संरचित प्रयोग माना जा रहा है।
पहल का ढाँचा और उद्देश्य
नगर आयुक्त बंछानिधि पाणी के मार्गदर्शन में संपन्न यह समझौता राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) 2020 के अनुरूप है, जो समग्र विकास, आनंददायक शिक्षा और कौशल-आधारित अधिगम पर बल देती है। अधिकारियों के अनुसार, इस पहल का लक्ष्य पारंपरिक शैक्षणिक बोझ को कम करते हुए छात्रों की रचनात्मकता और अभिव्यक्ति को प्रोत्साहित करना है।
गौरतलब है कि NEP 2020 के लागू होने के बाद से देशभर में सह-पाठ्यक्रम गतिविधियों को मुख्यधारा की शिक्षा में शामिल करने के प्रयास तेज हुए हैं। अहमदाबाद की यह पहल उसी दिशा में एक ठोस कदम है।
शिक्षकों का प्रशिक्षण और संसाधन
पायलट कार्यक्रम के पहले चरण में चयनित 24 स्कूलों के 48 शिक्षकों को विशेष प्रशिक्षण दिया जाएगा। यामाहा म्यूजिक इंडिया के विशेषज्ञों द्वारा इस वर्ष जुलाई में यह प्रशिक्षण आयोजित किया जा चुका है, ताकि कक्षा-स्तरीय कार्यान्वयन सुचारू रूप से शुरू हो सके।
संसाधनों की दृष्टि से, कार्यक्रम में भाग लेने वाले प्रत्येक छात्र को एक रिकॉर्डर वाद्य यंत्र और संगीत पुस्तकों का एक सेट निःशुल्क प्रदान किया जाएगा। इसके अलावा, प्रत्येक स्कूल को व्यावहारिक शिक्षण सत्रों के लिए एक कीबोर्ड भी आवंटित किया जाएगा।
साप्ताहिक संगीत सत्र और पाठ्यक्रम एकीकरण
नियमित कौशल विकास सुनिश्चित करने के लिए चयनित विद्यालयों की साप्ताहिक समय सारणी में एक समर्पित संगीत सत्र शामिल किया जाएगा। यह व्यवस्था संगीत शिक्षा को केवल ऐच्छिक गतिविधि से ऊपर उठाकर नियमित पाठ्यक्रम का हिस्सा बनाती है।
अधिकारियों के अनुसार, इस पहल का उद्देश्य छात्रों को संगीत का संरचित अनुभव देना और उनकी रुचि व योग्यता के आधार पर इस क्षेत्र में भविष्य के करियर की संभावनाएँ तलाशने में सक्षम बनाना है।
यामाहा की प्रतिक्रिया
यामाहा म्यूजिक इंडिया के प्रबंध निदेशक सकाई ने इस अवसर पर गुजरात में मूलभूत शिक्षा को सुदृढ़ करने और कौशल विकास को बढ़ावा देने के प्रयासों की सराहना की। उन्होंने नगरपालिका विद्यालय बोर्ड के छात्रों के समग्र विकास पर केंद्रित दृष्टिकोण को स्वीकार किया।
आगे क्या होगा
पायलट चरण — 2026-27 से 2027-28 — के पूरा होने के बाद कार्यक्रम की समीक्षा की जाएगी। परिणामों के आधार पर इसे अन्य नगर निगम विद्यालयों में विस्तारित करने पर विचार किया जाएगा। यदि पायलट सफल रहा, तो अहमदाबाद भारत के उन गिने-चुने शहरों में शामिल हो सकता है जहाँ सरकारी स्कूलों में व्यवस्थित संगीत शिक्षा मुख्यधारा का हिस्सा है।