अहमदाबाद को 1,099 करोड़ रुपए का बुनियादी ढांचा उन्नयन, शहरी विकास अभियान का विस्तार
सारांश
Key Takeaways
- 1,099 करोड़ रुपए का बुनियादी ढांचा उन्नयन अहमदाबाद में हुआ।
- मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने शहरी विकास पर जोर दिया।
- अहमदाबाद को 'विश्व धरोहर शहर' का दर्जा मिला है।
- सरकार ने आंगनवाड़ी सेवाओं को डिजिटल बनाने की योजना बनाई है।
- परिवहन क्षेत्र में 21 शहरी गतिशीलता परियोजनाएं लागू की गई हैं।
अहमदाबाद, 29 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। गुजरात के अहमदाबाद को रविवार को विभिन्न परियोजनाओं के उद्घाटन और शिलान्यास के माध्यम से 1,099 करोड़ रुपए का बुनियादी ढांचे का उन्नयन प्राप्त हुआ।
मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए बताया कि इन परियोजनाओं का प्रमुख उद्देश्य शहरी जीवन को अधिक सरल और सुविधाजनक बनाना है, साथ ही शहर की वैश्विक पहचान को भी सशक्त करना है।
इन विकास कार्यों में आवास, पुल, उद्यान, झीलें, सभागार एवं अन्य शहरी सुविधाएं सम्मिलित हैं। इनका मुख्य लक्ष्य नागरिक सुविधाओं में सुधार करना और बुनियादी ढांचे की क्षमता का विस्तार करना है।
सीएम पटेल ने कहा कि राज्य सरकार ने नागरिकों के जीवन को सरल और सुविधाजनक बनाने पर ध्यान केंद्रित किया है। गुजरात में शहरी विकास की दिशा में प्रयास एक सतत नीतिगत मार्ग का अनुसरण कर रहे हैं।
उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा 2005 में शुरू की गई 'शहरी विकास वर्ष' की पहल आज भी योजना निर्माण में मार्गदर्शक बनी हुई है, और 2025 को भी इसी थीम के तहत मनाया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि अहमदाबाद ने 'विश्व धरोहर शहर' का दर्जा प्राप्त किया है और यह आधुनिक विकास की दिशा में ठोस कदम बढ़ा रहा है।
उन्होंने आगे बताया कि बुनियादी ढांचे को मज़बूत करना और जन कल्याण में सुधार करना सरकार की प्राथमिकता है।
सीएम पटेल ने कहा कि पिछले पांच वर्षों में अहमदाबाद में पेयजल वितरण प्रणाली को मजबूत करने के साथ ही 13,000 से अधिक सड़क निर्माण कार्य और 6,152 स्टॉर्म वॉटर तथा जल निकासी परियोजनाएं शुरू की गई हैं।
उन्होंने बताया कि अहमदाबाद को एक 'ग्रीन सिटी' के रूप में विकसित करने के प्रयासों में 110 करोड़ रुपए से अधिक की लागत से 450 से ज्यादा काम पूरे किए गए हैं।
परिवहन क्षेत्र में 2,561 करोड़ रुपए से अधिक की 21 शहरी गतिशीलता परियोजनाएं लागू की गई हैं, जिनमें बीआरटीएस और मेट्रो प्रणालियों का विकास शामिल है।
पटेल ने कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) के तहत अहमदाबाद में हजारों लाभार्थियों को 4,501 करोड़ रुपए से अधिक की लागत से घर उपलब्ध कराए गए हैं।
उन्होंने कहा, "शहर की स्वच्छता व्यवस्था को 10 लाख से अधिक जनसंख्या वाले शहरों में सबसे स्वच्छ शहर के रूप में मान्यता मिली है।"
मुख्यमंत्री ने बताया कि राष्ट्रमंडल खेलों और विश्व पुलिस एवं अग्निशमन खेलों जैसे आयोजनों के मद्देनजर बुनियादी ढांचे को अंतर्राष्ट्रीय मानकों के अनुरूप सुधारने की तैयारियां चल रही हैं।
साबरमती नदी तट को गिफ्ट सिटी तक बढ़ाने और गांधी आश्रम को पुनर्निर्मित करने की योजनाएं भी महत्वपूर्ण पहलों के रूप में देखी गई हैं, जिनसे पर्यटन और बड़े पैमाने पर विकास को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।
पटेल ने बताया कि सरकार ने आंगनवाड़ी सेवाओं को डिजिटल बनाने की दिशा में भी कदम उठाए हैं।