अहमदाबाद में PMAY के तहत 21,056 किफायती घर आवंटित, 24,000 और इकाइयों का प्रस्ताव
सारांश
मुख्य बातें
अहमदाबाद नगर निगम (AMC) ने प्रधानमंत्री आवास योजना (PMAY) 1.0 के तहत आर्थिक रूप से कमज़ोर वर्ग के परिवारों को 21,056 किफायती आवास इकाइयाँ पूर्ण कर आवंटित कर दी हैं। इसके साथ ही निगम ने PMAY के दूसरे चरण के अंतर्गत लगभग 24,000 अतिरिक्त आवास इकाइयों के लिए प्रस्ताव भी प्रस्तुत किए हैं। गुजरात के सबसे बड़े शहर में बढ़ती शहरी आवास माँग को देखते हुए यह कदम महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
मुख्य घटनाक्रम
8 जून को AMC द्वारा जारी विवरण के अनुसार, PMAY 1.0 की EWS-I (आर्थिक रूप से कमज़ोर वर्ग-I) श्रेणी के तहत कुल 21,056 घर पूर्ण कर आवंटित किए जा चुके हैं, जबकि 10,431 अतिरिक्त इकाइयों का निर्माण कार्य अभी जारी है। EWS-II श्रेणी में 38 वर्ग मीटर के कारपेट एरिया वाली 1,217 आवास इकाइयाँ भी पूर्ण की जा चुकी हैं।
आवासों की विशेषताएँ
EWS-I श्रेणी के घरों का कारपेट एरिया 28 वर्ग मीटर है, जिसमें एक बेडरूम, हॉल, किचन, शौचालय-बाथरूम और वॉश एरिया शामिल हैं। इन परियोजनाओं में पार्किंग, कोटा स्टोन किचन प्लेटफॉर्म के साथ स्टेनलेस स्टील सिंक, एल्युमिनियम की खिड़कियाँ, चौबीसों घंटे जल आपूर्ति, केंद्रीकृत जल निकासी व्यवस्था, सौर पैनल, अग्निशमन प्रणाली, लिफ्ट और PNG गैस कनेक्शन जैसी सुविधाएँ उपलब्ध कराई गई हैं।
इन घरों के लिए लाभार्थी अंशदान ₹3.30 लाख निर्धारित किया गया है।
स्लम पुनर्वास योजना की प्रगति
AMC ने इन-सीटू स्लम पुनर्वास और पुनर्विकास योजना (ISSR)-2013 के तहत भी बड़े पैमाने पर कार्य किया है। इस योजना के अंतर्गत 30 वर्ग मीटर के कारपेट एरिया वाले 9,662 घर पूर्ण हो चुके हैं, जबकि 16,744 अतिरिक्त इकाइयों पर निर्माण कार्य चल रहा है। इन घरों में एक शयनकक्ष, हॉल, रसोईघर, शौचालय-बाथरूम, आँगन और खुला पार्किंग स्थान शामिल हैं।
ISSR आवासों में विट्रिफाइड टाइल फ्लोरिंग, भूकंपरोधी निर्माण, MS ग्रिल वाली काँच की खिड़कियाँ, लकड़ी के फ्लश दरवाज़े, मिनी सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट, RCC सड़कें, पेवर ब्लॉक पेविंग, लिफ्ट और PNG गैस कनेक्शन जैसी सुविधाएँ प्रदान की गई हैं।
आम जनता पर असर
यह योजना उन शहरी परिवारों के लिए विशेष रूप से लाभकारी है जो अब तक झुग्गी-बस्तियों या किराए के मकानों में रहने को मजबूर थे। अहमदाबाद जैसे तेज़ी से बढ़ते महानगर में किफायती आवास की माँग लंबे समय से एक बड़ी चुनौती रही है। PMAY 2.0 के तहत प्रस्तावित 24,000 अतिरिक्त इकाइयाँ इस दिशा में अगला बड़ा कदम होंगी।
क्या होगा आगे
AMC द्वारा PMAY के दूसरे चरण के लिए प्रस्ताव प्रस्तुत किए जाने के बाद केंद्र सरकार की स्वीकृति का इंतज़ार है। निर्माणाधीन 10,431 EWS-I इकाइयाँ और 16,744 ISSR इकाइयाँ पूर्ण होने पर शहर में किफायती आवास की उपलब्धता में उल्लेखनीय वृद्धि होगी।