मध्य पूर्व के तनाव का असर: अकासा एयर ने किया किराया बढ़ाने का ऐलान, फ्यूल सरचार्ज 15 मार्च से लागू
सारांश
Key Takeaways
- फ्यूल सरचार्ज: 199 रुपए से 1,300 रुपए तक की राशि के बीच होगा।
- प्रभावी तिथि: 15 मार्च 2026 से लागू होगा।
- उड़ानों पर असर: घरेलू और अंतरराष्ट्रीय दोनों उड़ानों पर लागू।
- बढ़ती कीमतें: मध्य पूर्व के भू-राजनीतिक तनाव के कारण।
- ग्राहकों के लिए: बेहतर सेवा देने की प्रतिबद्धता।
नई दिल्ली, 14 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। एयर इंडिया और इंडिगो के बाद अब अकासा एयर ने भी अपनी उड़ानों पर फ्यूल सरचार्ज लागू करने का निर्णय लिया है। इस एयरलाइन ने शनिवार को जानकारी दी कि मध्य पूर्व में बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव के कारण एविएशन टरबाइन फ्यूल (एटीएफ) की कीमतों में वृद्धि हुई है, जिससे यह कदम उठाना आवश्यक हो गया है।
एयरलाइन ने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर बताया कि यह फ्यूल सरचार्ज घरेलू और अंतरराष्ट्रीय उड़ानों पर 199 रुपए से लेकर 1,300 रुपए तक हो सकता है।
यह अतिरिक्त शुल्क 15 मार्च 2026 को रात 12:01 बजे से की जाने वाली सभी नई बुकिंग पर लागू होगा। हालांकि, इससे पूर्व बुक किए गए टिकटों पर इसका कोई प्रभाव नहीं पड़ेगा।
अकासा एयर ने स्पष्ट किया कि फ्यूल सरचार्ज प्रति सेक्टर के अनुसार लागू किया जाएगा, यानी उड़ान की दूरी और अवधि के आधार पर इसकी राशि भिन्न हो सकती है।
एयरलाइन ने कहा कि मध्य पूर्व में हो रहे भू-राजनीतिक घटनाक्रमों के कारण एविएशन टरबाइन फ्यूल की कीमतों में काफी वृद्धि हुई है। चूंकि फ्यूल एयरलाइंस के संचालन के खर्च का एक बड़ा हिस्सा होता है, इसलिए इसकी कीमत में वृद्धि से उद्योग की लागत भी बढ़ती है।
हालांकि, एयरलाइन ने आश्वासन दिया है कि कीमतों में वृद्धि के बावजूद वह अपने ग्राहकों को बेहतर सेवा, विश्वसनीय संचालन और किफायती किराए प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध रहेगी।
अकासा एयर ने यह भी कहा कि वह परिचालन की स्थिति पर नियमित रूप से नजर रखेगी और समय-समय पर फ्यूल सरचार्ज की समीक्षा करती रहेगी।
इससे पहले, इंडिगो ने भी 14 मार्च से घरेलू और अंतरराष्ट्रीय उड़ानों पर फ्यूल सरचार्ज लागू करने की घोषणा की थी, जो रूट के अनुसार 425 रुपए से 2,300 रुपए तक हो सकता है।
वहीं, एयर इंडिया और एयर इंडिया एक्सप्रेस ने भी 12 मार्च से घरेलू उड़ानों के लिए 399 रुपए प्रति टिकट का फ्यूल सरचार्ज लागू किया है।