अमरनाथ यात्रा 2026: एलजी मनोज सिन्हा ने पंथा चौक ट्रांजिट कैंप का निरीक्षण किया, श्रद्धालुओं को 24 घंटे सुविधा के निर्देश
सारांश
मुख्य बातें
जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने 9 जुलाई 2026 को श्रीनगर स्थित पंथा चौक यात्री ट्रांजिट कैंप और यात्री निवास का औचक निरीक्षण कर श्री अमरनाथ यात्रा 2026 के लिए की गई व्यवस्थाओं की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि भगवान शिव के प्रत्येक श्रद्धालु को 24 घंटे सभी आवश्यक सुविधाएं और सहायता निर्बाध रूप से उपलब्ध कराई जाए।
मुख्य निर्देश और व्यवस्थाओं की समीक्षा
निरीक्षण के दौरान उपराज्यपाल ने आवास, स्वच्छता, सुरक्षा, स्वास्थ्य सेवाएं, पेयजल, बिजली आपूर्ति और अग्निशमन व्यवस्था सहित सभी आवश्यक सुविधाओं की स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने कहा कि पंजीकरण से लेकर भोजन और आवास तक किसी भी श्रद्धालु को किसी प्रकार की असुविधा नहीं होनी चाहिए। मनोज सिन्हा ने यह भी रेखांकित किया कि जम्मू-कश्मीर आने वाले प्रत्येक यात्री का प्रवास सुरक्षित, सुगम और आध्यात्मिक अनुभव से भरपूर बनाना सभी संबंधित विभागों की सामूहिक जिम्मेदारी है।
इस वर्ष यात्रियों की संख्या में वृद्धि
उपराज्यपाल ने बताया कि पिछले एक सप्ताह के आंकड़ों के अनुसार इस वर्ष श्री अमरनाथ यात्रा 2026 में पिछले वर्ष की तुलना में अधिक श्रद्धालु भाग ले रहे हैं। उन्होंने इसे देश की आध्यात्मिक विरासत के लिए शुभ संकेत बताया और कहा कि इससे जम्मू-कश्मीर में पर्यटन को भी नई गति मिलेगी तथा स्थानीय अर्थव्यवस्था को बल मिलेगा। गौरतलब है कि यात्रा में श्रद्धालुओं की बढ़ती संख्या क्षेत्र में स्थिरता और बेहतर प्रबंधन का प्रमाण मानी जा रही है।
हस्तशिल्प और 'वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट' को बढ़ावा
सिन्हा ने अधिकारियों से कहा कि जम्मू-कश्मीर के हस्तशिल्प और हथकरघा उत्पादों को देशभर के श्रद्धालुओं तक पहुंचाने के ठोस प्रयास किए जाएं, ताकि यहां की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान मिल सके। उन्होंने कहा कि इससे स्थानीय कारीगरों को सम्मान मिलेगा और 'वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट' अभियान को भी मजबूती मिलेगी।
समन्वय और फर्जी पंजीकरण पर सख्ती
उपराज्यपाल ने जिला प्रशासन, श्री अमरनाथजी श्राइन बोर्ड, पुलिस और सुरक्षा बलों के समन्वित प्रयासों की सराहना करते हुए प्रभावी भीड़ प्रबंधन, सुगम पंजीकरण प्रक्रिया और श्रद्धालुओं तक समय पर सूचनाएं पहुंचाने के लिए सभी एजेंसियों के बीच बेहतर तालमेल बनाए रखने के निर्देश दिए। उन्होंने फर्जी पंजीकरण कराने वालों के विरुद्ध सख्त कानूनी कार्रवाई के भी आदेश दिए, ताकि यात्रा की पारदर्शिता और सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।
उपस्थित अधिकारी
इस निरीक्षण के दौरान पुलिस महानिदेशक नलिन प्रभात, श्री अमरनाथजी श्राइन बोर्ड के मुख्य कार्यकारी अधिकारी डॉ. मनदीप के. भंडारी, आईजीपी कश्मीर वीके बिरदी और मंडलायुक्त श्रीनगर अंशुल गर्ग सहित कई वरिष्ठ प्रशासनिक एवं पुलिस अधिकारी मौजूद रहे। आने वाले दिनों में यात्रा प्रबंधन की निरंतर समीक्षा जारी रहेगी, ताकि श्रद्धालुओं का अनुभव और बेहतर बनाया जा सके।