14 अगस्त 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

आंध्र प्रदेश के फायर डिपार्टमेंट को ₹252.86 करोड़ का अपग्रेड, 58 नई गाड़ियाँ लॉन्च

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
आंध्र प्रदेश के फायर डिपार्टमेंट को ₹252.86 करोड़ का अपग्रेड, 58 नई गाड़ियाँ लॉन्च

सारांश

आंध्र प्रदेश सरकार ₹252.86 करोड़ की महत्वाकांक्षी योजना के तहत अपने फायर डिपार्टमेंट को नए सिरे से खड़ा कर रही है — 58 नई गाड़ियाँ लॉन्च, 17 नए फायर स्टेशन और 36 मौजूदा केंद्रों का नवीनीकरण। CM नायडू का यह कदम राज्य की आपदा प्रतिक्रिया क्षमता को नई ऊँचाई देने का प्रयास है।

मुख्य बातें

CM नारा चंद्रबाबू नायडू ने 14 अगस्त 2026 को ₹252.86 करोड़ की लागत से फायर डिपार्टमेंट आधुनिकीकरण योजना की घोषणा की।
दूसरे चरण में 15वें वित्त आयोग के फंड से ₹40 करोड़ मूल्य की 58 नई अग्निशमन गाड़ियाँ लॉन्च की गईं।
पहले चरण में ₹33 करोड़ की लागत से 65 फायर टेंडर पहले ही तैनात किए जा चुके हैं।
नई खेप में 25 एडवांस्ड फायरफाइटिंग गाड़ियाँ , 20 वॉटर बाउजर (प्रत्येक 14,000 लीटर क्षमता) और 13 क्विक-रिस्पॉन्स वाहन शामिल।
राज्य भर में 17 नई फायर स्टेशन इमारतें बन रही हैं; 6 का निर्माण पूरा; 36 मौजूदा स्टेशनों का नवीनीकरण जारी।

आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री नारा चंद्रबाबू नायडू ने 14 अगस्त 2026 को अमरावती में राज्य के फायर डिपार्टमेंट के व्यापक आधुनिकीकरण की घोषणा की, जिसके तहत ₹252.86 करोड़ की लागत से आधुनिक अग्निशमन गाड़ियाँ और उपकरण चरणबद्ध तरीके से खरीदे जा रहे हैं। इस अवसर पर उन्होंने 15वें वित्त आयोग के फंड से खरीदी गई ₹40 करोड़ मूल्य की 58 नई अग्निशमन गाड़ियों को हरी झंडी दिखाई।

मुख्य घटनाक्रम

मुख्यमंत्री नायडू ने सीड एक्सेस रोड पर आयोजित कार्यक्रम में बताया कि यह आधुनिकीकरण अभियान केंद्र और राज्य सरकारों के संयुक्त फंड से संचालित हो रहा है। उन्होंने स्पष्ट किया कि पहले चरण में ₹33 करोड़ की लागत से 65 फायर टेंडर पहले ही उपलब्ध कराए जा चुके हैं। दूसरे चरण में अभी-अभी लॉन्च की गई ₹40 करोड़ मूल्य की 58 गाड़ियाँ शामिल हैं, और तीसरे चरण में और फायर टेंडर व उपकरण जल्द लाए जाएंगे।

नई गाड़ियों की विशेषताएँ

अधिकारियों ने मुख्यमंत्री को बताया कि इस खेप में तीन प्रकार के वाहन शामिल हैं। पहला — ₹18.68 करोड़ की लागत से 25 एडवांस्ड फायरफाइटिंग गाड़ियाँ, जिन्हें ग्रामीण और वन क्षेत्रों में तेज़ी से पहुँचने के लिए विशेष रूप से डिज़ाइन किया गया है। दूसरा — ₹14.79 करोड़ की लागत से 20 वॉटर बाउजर, जिनमें प्रत्येक की क्षमता 14,000 लीटर है और जो शहरी व औद्योगिक इलाकों में बड़ी आग के दौरान निरंतर जल-आपूर्ति सुनिश्चित करेंगे। तीसरा — ₹6.37 करोड़ की लागत से 13 क्विक-रिस्पॉन्स मल्टी-पर्पस फायरफाइटिंग गाड़ियाँ, जो अत्याधुनिक तकनीक से लैस हैं और तंग व भीड़-भाड़ वाले इलाकों में तेज़ी से पहुँचने में सक्षम हैं।

फायर स्टेशन इंफ्रास्ट्रक्चर पर ध्यान

मुख्यमंत्री नायडू ने बताया कि वाहनों के अलावा राज्य भर में 17 नई फायर स्टेशन इमारतें बनाई जा रही हैं, जिनमें प्रत्येक पर ₹2.25 करोड़ का खर्च आएगा। इनमें से 6 इमारतों का निर्माण पहले ही पूरा हो चुका है। इसके अतिरिक्त, 36 मौजूदा फायर स्टेशनों का भी आधुनिकीकरण किया जा रहा है। यह ऐसे समय में आया है जब देश भर में औद्योगिक और शहरी आग की घटनाओं में वृद्धि की चिंताएँ बढ़ रही हैं।

सरकार की प्रतिक्रिया और उपस्थिति

इस कार्यक्रम में गृह मंत्री अनीता, फायर सर्विसेज के महानिदेशक वेंकटरमना और अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। मुख्यमंत्री नायडू ने इस अवसर पर ज़ोर दिया कि आग लगने की घटनाओं और प्राकृतिक आपदाओं के दौरान जान-माल की सुरक्षा सुनिश्चित करना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में से एक है।

क्या होगा आगे

तीसरे चरण के तहत अतिरिक्त फायर टेंडर और उपकरणों की खरीद जल्द होने की उम्मीद है। गौरतलब है कि यह पूरा अभियान केंद्र और राज्य सरकारों के संयुक्त वित्तपोषण पर आधारित है, और इसका उद्देश्य आंध्र प्रदेश की अग्निशमन क्षमता को राष्ट्रीय मानकों के अनुरूप लाना है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन असली कसौटी क्रियान्वयन की गति होगी — पहले चरण की 65 गाड़ियों से दूसरे चरण की 58 तक पहुँचने में कितना समय लगा, इसका ब्यौरा सार्वजनिक नहीं किया गया। आंध्र प्रदेश में औद्योगिक और वन क्षेत्रों में आग की घटनाओं को देखते हुए यह निवेश ज़रूरी है, लेकिन तीसरे चरण की समय-सीमा अभी अस्पष्ट है। यह भी ध्यान देने योग्य है कि 15वें वित्त आयोग के फंड का उपयोग राज्य की अपनी प्राथमिकता से अधिक केंद्रीय आवंटन पर निर्भरता को दर्शाता है।
RashtraPress
14 अगस्त 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

आंध्र प्रदेश फायर डिपार्टमेंट के ₹252.86 करोड़ के अपग्रेड में क्या शामिल है?
इस योजना में आधुनिक अग्निशमन गाड़ियाँ, वॉटर बाउजर, क्विक-रिस्पॉन्स वाहन और नए फायर स्टेशन शामिल हैं। केंद्र और राज्य सरकारों के संयुक्त फंड से यह खरीद तीन चरणों में की जा रही है।
दूसरे चरण में कौन-सी 58 गाड़ियाँ लॉन्च की गई हैं?
दूसरे चरण में 25 एडवांस्ड फायरफाइटिंग गाड़ियाँ (₹18.68 करोड़), 20 वॉटर बाउजर (₹14.79 करोड़, प्रत्येक 14,000 लीटर क्षमता) और 13 क्विक-रिस्पॉन्स मल्टी-पर्पस गाड़ियाँ (₹6.37 करोड़) शामिल हैं। इनकी कुल लागत ₹40 करोड़ है।
आंध्र प्रदेश में कितने नए फायर स्टेशन बनाए जा रहे हैं?
राज्य भर में 17 नई फायर स्टेशन इमारतें बनाई जा रही हैं, जिनमें प्रत्येक पर ₹2.25 करोड़ का खर्च आएगा। इनमें से 6 का निर्माण पहले ही पूरा हो चुका है और 36 मौजूदा फायर स्टेशनों का भी आधुनिकीकरण किया जा रहा है।
इस आधुनिकीकरण का फंड कहाँ से आ रहा है?
यह योजना केंद्र और राज्य सरकारों के संयुक्त फंड से वित्तपोषित है। दूसरे चरण की 58 गाड़ियाँ विशेष रूप से 15वें वित्त आयोग के आवंटन से खरीदी गई हैं।
तीसरे चरण में क्या होगा और कब तक?
मुख्यमंत्री नायडू ने घोषणा की है कि तीसरे चरण में और फायर टेंडर और अग्निशमन उपकरण जल्द लाए जाएंगे। हालाँकि, इस चरण की सटीक समय-सीमा या बजट का विवरण अभी सार्वजनिक नहीं किया गया है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 3 महीने पहले
  2. 3 महीने पहले
  3. 3 महीने पहले
  4. 3 महीने पहले
  5. 4 महीने पहले
  6. 4 महीने पहले
  7. 10 महीने पहले
  8. 10 महीने पहले