आंध्र प्रदेश के फायर डिपार्टमेंट को ₹252.86 करोड़ का अपग्रेड, 58 नई गाड़ियाँ लॉन्च
सारांश
मुख्य बातें
आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री नारा चंद्रबाबू नायडू ने 14 अगस्त 2026 को अमरावती में राज्य के फायर डिपार्टमेंट के व्यापक आधुनिकीकरण की घोषणा की, जिसके तहत ₹252.86 करोड़ की लागत से आधुनिक अग्निशमन गाड़ियाँ और उपकरण चरणबद्ध तरीके से खरीदे जा रहे हैं। इस अवसर पर उन्होंने 15वें वित्त आयोग के फंड से खरीदी गई ₹40 करोड़ मूल्य की 58 नई अग्निशमन गाड़ियों को हरी झंडी दिखाई।
मुख्य घटनाक्रम
मुख्यमंत्री नायडू ने सीड एक्सेस रोड पर आयोजित कार्यक्रम में बताया कि यह आधुनिकीकरण अभियान केंद्र और राज्य सरकारों के संयुक्त फंड से संचालित हो रहा है। उन्होंने स्पष्ट किया कि पहले चरण में ₹33 करोड़ की लागत से 65 फायर टेंडर पहले ही उपलब्ध कराए जा चुके हैं। दूसरे चरण में अभी-अभी लॉन्च की गई ₹40 करोड़ मूल्य की 58 गाड़ियाँ शामिल हैं, और तीसरे चरण में और फायर टेंडर व उपकरण जल्द लाए जाएंगे।
नई गाड़ियों की विशेषताएँ
अधिकारियों ने मुख्यमंत्री को बताया कि इस खेप में तीन प्रकार के वाहन शामिल हैं। पहला — ₹18.68 करोड़ की लागत से 25 एडवांस्ड फायरफाइटिंग गाड़ियाँ, जिन्हें ग्रामीण और वन क्षेत्रों में तेज़ी से पहुँचने के लिए विशेष रूप से डिज़ाइन किया गया है। दूसरा — ₹14.79 करोड़ की लागत से 20 वॉटर बाउजर, जिनमें प्रत्येक की क्षमता 14,000 लीटर है और जो शहरी व औद्योगिक इलाकों में बड़ी आग के दौरान निरंतर जल-आपूर्ति सुनिश्चित करेंगे। तीसरा — ₹6.37 करोड़ की लागत से 13 क्विक-रिस्पॉन्स मल्टी-पर्पस फायरफाइटिंग गाड़ियाँ, जो अत्याधुनिक तकनीक से लैस हैं और तंग व भीड़-भाड़ वाले इलाकों में तेज़ी से पहुँचने में सक्षम हैं।
फायर स्टेशन इंफ्रास्ट्रक्चर पर ध्यान
मुख्यमंत्री नायडू ने बताया कि वाहनों के अलावा राज्य भर में 17 नई फायर स्टेशन इमारतें बनाई जा रही हैं, जिनमें प्रत्येक पर ₹2.25 करोड़ का खर्च आएगा। इनमें से 6 इमारतों का निर्माण पहले ही पूरा हो चुका है। इसके अतिरिक्त, 36 मौजूदा फायर स्टेशनों का भी आधुनिकीकरण किया जा रहा है। यह ऐसे समय में आया है जब देश भर में औद्योगिक और शहरी आग की घटनाओं में वृद्धि की चिंताएँ बढ़ रही हैं।
सरकार की प्रतिक्रिया और उपस्थिति
इस कार्यक्रम में गृह मंत्री अनीता, फायर सर्विसेज के महानिदेशक वेंकटरमना और अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। मुख्यमंत्री नायडू ने इस अवसर पर ज़ोर दिया कि आग लगने की घटनाओं और प्राकृतिक आपदाओं के दौरान जान-माल की सुरक्षा सुनिश्चित करना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में से एक है।
क्या होगा आगे
तीसरे चरण के तहत अतिरिक्त फायर टेंडर और उपकरणों की खरीद जल्द होने की उम्मीद है। गौरतलब है कि यह पूरा अभियान केंद्र और राज्य सरकारों के संयुक्त वित्तपोषण पर आधारित है, और इसका उद्देश्य आंध्र प्रदेश की अग्निशमन क्षमता को राष्ट्रीय मानकों के अनुरूप लाना है।