थूथुकुडी यौन उत्पीड़न केस: BJP के नैनार नागेंद्रन ने CM विजय को घेरा, बोले — भाषण छोड़ें, जिम्मेदारी निभाएं
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय जनता पार्टी (BJP) के तमिलनाडु अध्यक्ष नैनार नागेंद्रन ने 2 जून 2026 को थूथुकुडी जिले के श्रीवैकुंठम में कथित यौन उत्पीड़न मामले को लेकर राज्य की सत्ताधारी तमिलगा वेट्री कझगम (TVK) सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि TVK के दो पदाधिकारियों की इस मामले में कथित संलिप्तता राज्य की बिगड़ती कानून-व्यवस्था की स्थिति को उजागर करती है।
मुख्य घटनाक्रम
नागेंद्रन ने सोशल मीडिया पर जारी एक बयान में कहा कि थूथुकुडी की इस घटना ने राज्य में सार्वजनिक सुरक्षा को लेकर गंभीर प्रश्न खड़े कर दिए हैं। उनके अनुसार, सत्ता में आने के बाद से TVK के नेताओं और कार्यकर्ताओं से जुड़ी शिकायतों की संख्या लगातार बढ़ रही है — पहले भ्रष्टाचार और रिश्वतखोरी के आरोप आते थे, अब यौन उत्पीड़न और हत्या जैसे गंभीर मामलों में भी पार्टी के नाम सामने आ रहे हैं।
गौरतलब है कि यह ऐसे समय में आया है जब मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय की TVK सरकार अपने शासन के शुरुआती दौर में है और विपक्ष लगातार प्रशासनिक अनुभव की कमी का आरोप लगाता रहा है।
BJP का सरकार पर सीधा हमला
नागेंद्रन ने मुख्यमंत्री विजय को सीधे निशाने पर लेते हुए कहा कि उन्हें लंबी-लंबी जनसभाओं में भाषण देने के बजाय शासन और कानून-व्यवस्था को दुरुस्त करने पर ध्यान केंद्रित करना चाहिए। BJP नेता ने विजय से अपील की कि वे तुरंत ऐसे कदम उठाएं जिससे आम लोगों को अपराधियों से सुरक्षा मिल सके, चाहे उनका किसी भी राजनीतिक दल से संबंध क्यों न हो।
नागेंद्रन ने कहा, 'कानून-व्यवस्था बनाए रखना किसी भी सरकार की सबसे महत्वपूर्ण जिम्मेदारियों में से एक है। ऐसे मामलों में जब किसी गंभीर अपराध की जानकारी सामने आती है, तो सरकार को तुरंत और प्रभावी कार्रवाई करनी चाहिए।'
मंत्रिमंडल की संरचना पर सवाल
BJP अध्यक्ष ने राज्य मंत्रिमंडल की बनावट पर भी सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ ऐसे लोगों को मंत्री पद दिया गया है जिन पर आपराधिक मामलों के आरोप हैं। उनके अनुसार, ऐसे फैसले समाज में गलत संदेश देते हैं और अपराध पर अंकुश लगाने के प्रयासों को कमजोर करते हैं।
नागेंद्रन ने सवाल उठाया — 'अगर आपराधिक आरोपों का सामना कर रहे लोगों को सत्ता और जिम्मेदारी के पद दिए जाएंगे, तो अपराधों पर कैसे रोक लगेगी?' उनका कहना था कि ऐसे फैसले कानून तोड़ने वालों को हतोत्साहित करने के बजाय उन्हें प्रोत्साहित करते हैं।
शासन बनाम प्रचार का आरोप
नागेंद्रन ने यह भी आरोप लगाया कि TVK सरकार प्रशासन और शासन पर ध्यान देने के बजाय अपनी छवि निर्माण और राजनीतिक प्रचार में अधिक रुचि ले रही है। उन्होंने कहा कि हाल की घटनाएं यह दर्शाती हैं कि सरकार और प्रशासन सार्वजनिक सुरक्षा से जुड़े गंभीर मामलों को प्रभावी ढंग से संभालने में नाकाम रहे हैं।
BJP नेता ने राज्य भाजपा अध्यक्ष की हैसियत से सवाल किया कि क्या मुख्यमंत्री कानून-व्यवस्था से जुड़े मामलों की गंभीरता और उन पर तत्काल कार्रवाई की जरूरत को समझते हैं। उनके अनुसार, प्रशासनिक प्रक्रियाओं में देरी हो सकती है, लेकिन अपराध के मामलों में कार्रवाई तेज और प्रभावी होनी ही चाहिए।
आगे क्या होगा
थूथुकुडी यौन उत्पीड़न मामले में पुलिस जांच जारी है। TVK सरकार की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार, यह मामला विपक्ष को TVK सरकार पर दबाव बनाए रखने का एक और अवसर दे सकता है, विशेष रूप से महिला सुरक्षा के संवेदनशील मुद्दे पर।