महाराष्ट्र विधान परिषद चुनाव: कांग्रेस ने 3 उम्मीदवार घोषित किए, 23 अक्टूबर को मतदान
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस (कांग्रेस) ने 2 अक्टूबर 2026 को महाराष्ट्र विधान परिषद की स्नातक और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों की आगामी द्विवार्षिक चुनाव के लिए तीन उम्मीदवारों के नाम घोषित कर दिए। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे की मंजूरी से जारी इन नामों की अधिकृत घोषणा अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (AICC) के संगठन महासचिव केसी वेणुगोपाल ने की।
कांग्रेस के उम्मीदवार कौन हैं
कांग्रेस ने नागपुर संभाग स्नातक निर्वाचन क्षेत्र से मौजूदा विधान परिषद सदस्य अभिजीत गोविंदराव वंजारी को फिर से चुनाव मैदान में उतारा है। पुणे संभाग शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से भी मौजूदा सदस्य जयंत दिनकर आसगांवकर को दूसरी बार उम्मीदवार बनाया गया है।
अमरावती शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से अदिति ऋषिकेश पोहरे नई उम्मीदवार के रूप में मैदान में उतरेंगी। इस सीट पर मौजूदा सदस्य किरण रामराव सरनाइक हैं, जो निर्दलीय चुने गए थे और बाद में एकनाथ शिंदे की शिवसेना में सहयोगी सदस्य के रूप में शामिल हो गए थे।
चुनाव कार्यक्रम और प्रमुख तिथियाँ
भारत निर्वाचन आयोग (ECI) ने 22 सितंबर 2026 को महाराष्ट्र विधान परिषद की पाँच सीटों के चुनाव कार्यक्रम की घोषणा की थी। इनमें औरंगाबाद, पुणे और नागपुर की तीन स्नातक सीटें तथा अमरावती और पुणे की दो शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र की सीटें शामिल हैं।
इन सीटों पर मौजूदा सदस्यों का कार्यकाल 6 दिसंबर 2026 को समाप्त होने वाला है। चुनाव अधिसूचना 29 सितंबर को जारी हुई, नामांकन दाखिल करने की अंतिम तिथि 6 अक्टूबर और नामांकन पत्रों की जाँच 7 अक्टूबर को होगी। उम्मीदवार 9 अक्टूबर तक नाम वापस ले सकते हैं। मतदान 23 अक्टूबर को सुबह 8 बजे से शाम 4 बजे तक होगा और मतगणना 27 अक्टूबर को की जाएगी।
महा विकास अघाड़ी की रणनीति
कांग्रेस की उम्मीदवारों की यह घोषणा महा विकास अघाड़ी (MVA) के घटक दलों के बीच सीट बंटवारे को लेकर हुई बैठक के कुछ घंटों बाद आई। राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP-शरद पवार गुट) और शिवसेना (UBT) की ओर से पुणे और औरंगाबाद स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों में उम्मीदवार उतारे जाने की उम्मीद है।
यह ऐसे समय में आया है जब महाराष्ट्र की राजनीति में विधानसभा चुनावों के बाद से MVA और सत्तारूढ़ महायुति दोनों ही अपनी-अपनी पकड़ मजबूत करने में जुटे हैं। इन परिषद सीटों को दोनों गठबंधनों के लिए प्रतिष्ठा का प्रश्न माना जा रहा है।
सत्तारूढ़ महायुति की स्थिति
दूसरी ओर, सत्तारूढ़ महायुति गठबंधन ने अभी तक इन पाँच सीटों पर अपनी सीट बंटवारे की घोषणा नहीं की है। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और उपमुख्यमंत्रियों एकनाथ शिंदे तथा सुनेत्रा पवार के बीच दो दिन पहले इस विषय पर बातचीत हो चुकी है, लेकिन आधिकारिक ऐलान अभी बाकी है।
भारतीय जनता पार्टी (BJP) स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों को अपने पारंपरिक मजबूत क्षेत्र मानती है और पिछले चुनावों में गँवाई गई इन सीटों को दोबारा हासिल करने की कोशिश में है। NCP भी खासकर पुणे संभाग में अपनी जमीनी पकड़ का दावा कर रही है।
मौजूदा सदस्यों का विवरण
स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों में औरंगाबाद संभाग से भानुदासराव सतीश चव्हाण, पुणे संभाग से अरुण गणपति लाड और नागपुर संभाग से अभिजीत गोविंदराव वंजारी मौजूदा सदस्य हैं। शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों में अमरावती संभाग से किरण रामराव सरनाइक और पुणे संभाग से जयंत दिनकर आसगांवकर मौजूदा सदस्य हैं।
गौरतलब है कि इनमें से कांग्रेस के दो मौजूदा सदस्यों को दोबारा मैदान में उतारा गया है, जो दर्शाता है कि पार्टी अपनी मौजूदा सीटें बचाए रखने को प्राथमिकता दे रही है। अब देखना होगा कि महायुति अपने उम्मीदवारों की घोषणा कब करती है और MVA के भीतर सीट बंटवारे का अंतिम स्वरूप क्या होगा।