27 अक्टूबर 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

महाराष्ट्र विधान परिषद की 5 सीटों पर मतगणना शुरू, 182 उम्मीदवारों की किस्मत दाँव पर

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
महाराष्ट्र विधान परिषद की 5 सीटों पर मतगणना शुरू, 182 उम्मीदवारों की किस्मत दाँव पर

सारांश

महाराष्ट्र विधान परिषद की 5 सीटों पर मतगणना में 182 उम्मीदवारों की किस्मत तय होगी। महायुति बनाम MVA की इस सियासी जंग में अमरावती शिक्षक सीट पर 91% से अधिक मतदान और छत्रपति संभाजीनगर में MVA का आत्मघाती दोहरा उम्मीदवार — नतीजे राज्य की राजनीतिक दिशा का संकेत देंगे।

मुख्य बातें

महाराष्ट्र विधान परिषद की 5 सीटों (3 स्नातक + 2 शिक्षक) पर 27 अक्टूबर 2026 को सुबह 8 बजे से मतगणना शुरू।
कुल 182 उम्मीदवारों का राजनीतिक भविष्य दाँव पर; 23 अक्टूबर को मतदान हुआ था।
अमरावती शिक्षक सीट पर सर्वाधिक 91.08% मतदान; पुणे शिक्षक सीट पर 85.87% मतदान।
छत्रपति संभाजीनगर स्नातक सीट पर MVA के दो उम्मीदवार — NCP (शरद पवार) के डॉ.
प्रताप सिंह पाटिल और शिवसेना (UBT) के दिलीप घोरगे — आपस में भिड़ रहे हैं।
नागपुर स्नातक सीट पर 38 उम्मीदवार मैदान में; मुख्य मुकाबला अभिजीत वंजारी (कांग्रेस) बनाम सुधाकर कोहले (BJP)।
नतीजे महाराष्ट्र में महायुति और MVA की राजनीतिक ताकत का अप्रत्यक्ष पैमाना माने जा रहे हैं।

महाराष्ट्र विधान परिषद की 5 सीटों पर 27 अक्टूबर 2026 को सुबह 8 बजे IST से मतगणना शुरू हो गई है। इन सीटों में तीन स्नातक (ग्रेजुएट) और दो शिक्षक (टीचर्स) निर्वाचन क्षेत्र शामिल हैं। 23 अक्टूबर को संपन्न हुए मतदान के बाद कुल 182 उम्मीदवारों का राजनीतिक भविष्य आज तय होगा।

मुख्य राजनीतिक मुकाबला

यह चुनाव मूलतः सत्तारूढ़ महायुति गठबंधन — जिसमें भारतीय जनता पार्टी (BJP), शिवसेना और राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) शामिल हैं — और विपक्षी महाविकास अघाड़ी (MVA) — जिसमें शिवसेना (UBT), NCP (शरद पवार) और भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस (INC) हैं — के बीच बड़ी सियासी टक्कर बन गया है। गठबंधन के भीतर आपसी असंतोष, दोस्ताना मुकाबलों और मज़बूत निर्दलीय प्रत्याशियों ने सभी पाँचों सीटों पर चुनावी समीकरण जटिल कर दिए हैं।

सीटवार स्थिति

पुणे स्नातक सीट पर BJP की डॉ. स्मिता जाधव और NCP (शरद पवार) की हर्षदा देशमुख जाधव के बीच हाई-प्रोफाइल मुकाबला है। इस सीट पर 3.88 लाख पंजीकृत मतदाताओं में से 62.78 प्रतिशत ने अपना वोट डाला था।

नागपुर स्नातक सीट ऐतिहासिक रूप से BJP का गढ़ मानी जाती है। यहाँ मौजूदा एमएलसी अभिजीत वंजारी (MVA/कांग्रेस) और सुधाकर कोहले (महायुति/BJP) के बीच कड़ा मुकाबला है। इस सीट पर 38 उम्मीदवार मैदान में हैं और 64.76 प्रतिशत मतदान दर्ज हुआ था।

पुणे शिक्षक सीट पर 61,940 पंजीकृत शिक्षक मतदाताओं में से 85.87 प्रतिशत ने मतदान किया था। यहाँ मुख्य त्रिकोणीय मुकाबला मौजूदा विधायक जयंत असगांवकर (कांग्रेस), कौस्तुभ गावड़े (BJP) और निर्दलीय प्रत्याशी सचिन सनप के बीच है।

अमरावती शिक्षक सीट पर पाँचों सीटों में सर्वाधिक 91.08 प्रतिशत मतदान हुआ। यहाँ करीब 33,000 पंजीकृत शिक्षक मतदाताओं के बीच 26 उम्मीदवार मैदान में हैं, जिनमें शिवसेना के किरण सरनाईक, कांग्रेस की अदिति पोहरे, शिवसेना (UBT) के दत्तात्रय लहाने, समाजवादी गणराज्य पार्टी के सुरेश देवकर, पूर्व विधायक श्रीकांत देशपांडे, BJP सांसद अनिल बोंडे की बहन संगीता शिंदे, चंद्रशेखर भोयर और सुमित पवार शामिल हैं।

छत्रपति संभाजीनगर (मराठवाड़ा) स्नातक सीट पर 58.67 प्रतिशत मतदान हुआ था। महायुति ने तीन बार के मौजूदा एमएलसी सतीश चव्हाण को NCP के टिकट पर फिर से उतारा है, जबकि MVA की ओर से NCP (शरद पवार) ने डॉ. प्रताप सिंह पाटिल और शिवसेना (UBT) ने दिलीप घोरगे को प्रत्याशी बनाया है — जिसके कारण एक ही सीट पर MVA के दो उम्मीदवार आपस में भिड़ रहे हैं।

आंतरिक दरार की तस्वीर

यह ऐसे समय में आया है जब महाराष्ट्र की राजनीति में गठबंधन के भीतर खींचतान आम बात हो गई है। छत्रपति संभाजीनगर सीट पर MVA का दोहरा प्रत्याशी मॉडल इस बात का उदाहरण है कि समन्वय की कमी विपक्ष की संभावनाओं को किस हद तक नुकसान पहुँचा सकती है। गौरतलब है कि महाराष्ट्र विधान परिषद की ये सीटें मुख्य विधानसभा चुनावों की तुलना में शैक्षणिक एवं नागरिक समुदायों की राजनीतिक भागीदारी का प्रमुख मंच रही हैं।

क्या होगा आगे

मतगणना के परिणाम दोपहर तक स्पष्ट होने की उम्मीद है। इन नतीजों को महाराष्ट्र में महायुति और MVA की जन-स्वीकृति का अप्रत्यक्ष बैरोमीटर माना जा रहा है। शिक्षक और स्नातक सीटों पर असाधारण रूप से ऊँची मतदान दर — विशेष रूप से अमरावती में 91.08% — यह संकेत देती है कि मतदाताओं में इस बार ज़बरदस्त उत्साह रहा है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन यह उत्साह किसके पक्ष में झुका है — यह नतीजे ही बताएँगे। इन पाँच सीटों के परिणामों को महाराष्ट्र की सत्ता-समीकरण की 'मिनी-परीक्षा' के रूप में देखा जाएगा, और किसी भी गठबंधन की हार उसकी आंतरिक एकता पर नए सवाल खड़े कर सकती है।
RashtraPress
27 अक्टूबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

महाराष्ट्र विधान परिषद की किन 5 सीटों पर मतगणना हो रही है?
27 अक्टूबर 2026 को पुणे स्नातक, नागपुर स्नातक, छत्रपति संभाजीनगर (मराठवाड़ा) स्नातक, पुणे शिक्षक और अमरावती शिक्षक — इन पाँच सीटों पर मतगणना हो रही है। 23 अक्टूबर को हुए मतदान में कुल 182 उम्मीदवार मैदान में थे।
महायुति और MVA में से किसे इन चुनावों में बढ़त मानी जा रही है?
चुनाव से पहले दोनों गठबंधनों के बीच कड़ी टक्कर मानी जा रही थी। हालाँकि छत्रपति संभाजीनगर सीट पर MVA के दो उम्मीदवार उतरने से विपक्षी वोट बँटने की आशंका है, जिसका फायदा महायुति के उम्मीदवार सतीश चव्हाण को मिल सकता है।
अमरावती शिक्षक सीट पर इतना अधिक मतदान क्यों हुआ?
अमरावती शिक्षक सीट पर 91.08% मतदान दर्ज हुआ, जो पाँचों सीटों में सर्वाधिक है। यह संभवतः शिक्षक मतदाताओं की उच्च राजनीतिक जागरूकता और इस सीट पर बड़े नामों की उपस्थिति — जिनमें BJP सांसद अनिल बोंडे की बहन संगीता शिंदे भी हैं — के कारण रहा।
पुणे स्नातक सीट पर मुख्य मुकाबला किनके बीच है?
पुणे स्नातक सीट पर BJP की डॉ. स्मिता जाधव और NCP (शरद पवार) की हर्षदा देशमुख जाधव के बीच मुख्य मुकाबला है। इस सीट पर 3.88 लाख पंजीकृत मतदाताओं में से 62.78% ने मतदान किया था।
इन नतीजों का महाराष्ट्र की राजनीति पर क्या असर पड़ेगा?
इन पाँच सीटों के परिणाम महाराष्ट्र में महायुति और MVA की जन-स्वीकृति का अप्रत्यक्ष संकेत माने जाएँगे। विशेष रूप से MVA के लिए यह आंतरिक समन्वय की परीक्षा है — एक सीट पर दोहरे उम्मीदवार की रणनीतिक भूल गठबंधन की एकजुटता पर सवाल उठाती है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 3 दिन पहले
  2. 3 सप्ताह पहले
  3. 4 महीने पहले
  4. 4 महीने पहले
  5. 4 महीने पहले
  6. 4 महीने पहले
  7. 6 महीने पहले
  8. 7 महीने पहले