दिल्ली में शुरू होगा ‘राह-वीर योजना’, सड़क दुर्घटना में मदद पर मिलेंगे 25 हजार रुपए: सीएम रेखा गुप्ता

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दिल्ली में शुरू होगा ‘राह-वीर योजना’, सड़क दुर्घटना में मदद पर मिलेंगे 25 हजार रुपए: सीएम रेखा गुप्ता

सारांश

दिल्ली सरकार ने ‘राह-वीर योजना’ लागू करने का ऐलान किया है, जिसके तहत सड़क दुर्घटनाओं में मदद करने वाले नागरिकों को 25 हजार रुपए और प्रशस्ति पत्र मिलेगा। यह योजना मानवता को प्रोत्साहित करेगी।

Key Takeaways

दिल्ली में ‘राह-वीर योजना’ लागू की जाएगी। सड़क दुर्घटना में मदद करने वाले नागरिकों को 25 हजार रुपए का पुरस्कार मिलेगा। योजना का उद्देश्‍य मानवीय संवेदनशीलता को बढ़ाना है। मदद करने वालों को कानूनी सुरक्षा भी मिलेगी। योजना के तहत चयनित ‘राह-वीरों’ को विशेष पुरस्कार भी दिया जाएगा।

नई दिल्ली, 23 फरवरी (राष्ट्र प्रेस)। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने घोषणा की है कि दिल्ली सरकार ने केंद्र सरकार की ‘राह-वीर योजना’ को राजधानी में लागू करने का फ़ैसला किया है। इस योजना के अंतर्गत सड़क दुर्घटनाओं में गंभीर रूप से घायल व्यक्तियों की सहायता करने वाले नागरिकों को 25 हजार रुपए की नकद पुरस्कार राशि और प्रशस्ति पत्र प्रदान किया जाएगा। उन्होंने बताया कि केंद्र सरकार ने इस मानवीय पहल को प्रोत्साहित करने के लिए आर्थिक पुरस्कार की व्यवस्था की है ताकि आम लोग बिना किसी भय के दुर्घटना पीड़ितों की सहायता कर सकें और मानवता का परिचय दे सकें।

मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि इस योजना का मुख्य उद्देश्य आम जनता को सड़क दुर्घटना के पीड़ितों को ‘गोल्डन ऑवर’ के भीतर चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराने के लिए प्रेरित करना है। केंद्र सरकार के सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय का मानना है कि यदि अधिक लोग मदद के लिए आगे आएँगे तो सड़क दुर्घटनाओं में होने वाली मृत्यु दर में उल्लेखनीय कमी लाई जा सकती है। उन्होंने कहा कि कई बार लोग कानूनी झंझट या पुलिस कार्रवाई के डर से मदद नहीं करते, लेकिन यह योजना उनके इस भय को दूर कर नागरिकों को मदद के लिए प्रेरित करेगी।

मुख्यमंत्री ने बताया कि दिल्ली जैसे बड़े शहर में, जहाँ प्रतिदिन हजारों वाहन सड़कों पर होते हैं, गोल्डन ऑवर के भीतर चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराना जीवन और मृत्यु का सवाल बन सकता है। मदद करने वाले को प्रोत्साहन राशि और कानूनी सुरक्षा मिलने से अधिक लोग दुर्घटना पीड़ितों को तुरंत अस्पताल पहुँचाने का साहस करेंगे, जिससे अनमोल जीवन को बचाया जा सकेगा। मुख्यमंत्री ने विश्वास व्यक्त किया कि दिल्ली सरकार इस योजना को प्रभावी तरीके से लागू कर सड़क सुरक्षा और मानवीय संवेदनशीलता को मजबूत करेगी।

मुख्यमंत्री के अनुसार, मंत्रालय ने राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को योजना के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए विस्तृत दिशा-निर्देश जारी किए हैं। इसके बाद दिल्ली सरकार ने इसे लागू करने का निर्णय लिया। यह योजना मोटर वाहन (संशोधन) अधिनियम, 2019 की धारा 134ए के तहत अधिसूचित गुड सेमेरिटन नियमों के अनुरूप है। इन नियमों के अंतर्गत ऐसे नागरिकों को कानूनी संरक्षण दिया गया है जो घायल, असहाय या संकटग्रस्त व्यक्तियों की सहायता स्वेच्छा से करते हैं।

मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता का कहना है कि इस योजना का लक्ष्य न केवल दुर्घटना पीड़ितों की जान बचाना है, बल्कि समाज में मानवीय संवेदनशीलता को भी बढ़ावा देना है। योजना के अंतर्गत कोई भी व्यक्ति, जिसने किसी गंभीर सड़क दुर्घटना में घायल व्यक्ति को तुरंत सहायता दी और उसे गोल्डन ऑवर के भीतर अस्पताल या ट्रॉमा सेंटर पहुँचाया, वह पुरस्कार के लिए पात्र होगा। ऐसे प्रत्येक मामले में ‘राह-वीर’ को 25 हजार रुपए की नकद राशि दी जाएगी। यदि कोई व्यक्ति एक ही दुर्घटना में एक से अधिक पीड़ितों की जान बचाता है, तो भी उसे अधिकतम 25 हजार रुपए ही मिलेंगे। इस योजना के तहत वर्ष भर में चयनित 10 सर्वश्रेष्ठ ‘राह-वीरों’ को राष्ट्रीय स्तर पर एक-एक लाख रुपए का विशेष पुरस्कार भी दिया जाएगा। प्रत्येक पुरस्कार के साथ प्रशस्ति पत्र भी प्रदान किया जाएगा।

योजना के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए जिला स्तर पर मूल्यांकन समिति का गठन किया जाएगा। इस समिति में जिला मजिस्ट्रेट, वरिष्ठ पुलिस अधिकारी, मुख्य चिकित्सा अधिकारी और क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी शामिल होंगे। मुख्यमंत्री ने बताया कि चयनित ‘राह-वीरों’ को पुरस्कार राशि सीधे उनके बैंक खाते में ऑनलाइन माध्यम से ट्रांसफर की जाएगी। इसके लिए अलग बैंक खाता बनाया जाएगा और पूरी प्रक्रिया को डिजिटल प्लेटफॉर्म पर दर्ज किया जाएगा। मंत्रालय राज्यों को प्रारंभिक अनुदान भी प्रदान करेगा।

मुख्यमंत्री ने कहा कि मानवीय संवेदनाओं से भरी इस योजना को लागू करने से राजधानी में सड़क दुर्घटनाओं के दौरान त्वरित सहायता की संस्कृति विकसित होगी। अक्सर लोग कानूनी झंझट या पुलिस कार्रवाई के डर से मदद नहीं करते। यह योजना उस भय को दूर कर नागरिकों को मदद के लिए प्रेरित करेगी। मुख्यमंत्री के अनुसार ‘राह-वीर’ योजना न केवल एक प्रोत्साहन योजना है, बल्कि यह मानवीय मूल्यों को मजबूत करने और सड़क सुरक्षा तंत्र को सुदृढ़ बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। यदि इसे दिल्ली में गंभीरता और पारदर्शिता के साथ लागू किया गया तो यह अनेक परिवारों को असमय शोक से बचाने में सहायक सिद्ध हो सकती है।

Point of View

जो न केवल सड़क दुर्घटनाओं में सहायता को बढ़ावा देगा, बल्कि समाज में मानवीय मूल्यों को भी सुदृढ़ करेगा। यह योजना नागरिकों को बिना किसी डर के मदद करने के लिए प्रोत्साहित करती है।
NationPress
01/05/2026

Frequently Asked Questions

क्या ‘राह-वीर योजना’ का उद्देश्य है?
इस योजना का उद्देश्य सड़क दुर्घटनाओं में घायल व्यक्तियों को समय पर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराना और नागरिकों को मदद के लिए प्रोत्साहित करना है।
कितनी राशि मदद करने वाले नागरिकों को मिलेगी?
मदद करने वाले नागरिकों को 25 हजार रुपए की नकद पुरस्कार राशि और प्रशस्ति पत्र प्रदान किया जाएगा।
क्या योजना के तहत कानूनी सुरक्षा भी मिलेगी?
हाँ, इस योजना के अंतर्गत नागरिकों को कानूनी संरक्षण प्रदान किया जाएगा, जो घायल व्यक्तियों की सहायता करते हैं।
कौन इस योजना का लाभ उठा सकता है?
कोई भी व्यक्ति जो गंभीर सड़क दुर्घटना में घायल व्यक्ति को गोल्डन ऑवर के भीतर अस्पताल पहुँचाएगा, वह पुरस्कार के लिए पात्र होगा।
क्या योजना का क्रियान्वयन कैसे होगा?
योजना का प्रभावी क्रियान्वयन जिला स्तर पर मूल्यांकन समिति के माध्यम से किया जाएगा, जिसमें वरिष्ठ अधिकारियों की टीम शामिल होगी।
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