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दिल्ली: क्या राज्यसभा से खेल विधेयक पारित हुआ है? भाजपा के सांसदों की क्या राय है?

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दिल्ली: क्या राज्यसभा से खेल विधेयक पारित हुआ है? भाजपा के सांसदों की क्या राय है?

सारांश

राज्यसभा ने खेल विधेयक को पारित कर दिया है, जिससे भारत खेलों के लिए कानून बनाने वाला पहला देश बन गया है। भाजपा सांसद भीम सिंह और भागवत कराड ने इस विधेयक की महत्ता पर जोर दिया है। जानिए इस ऐतिहासिक बिल के बारे में और क्या कहते हैं सांसद।

मुख्य बातें

भारत खेलों के लिए कानून बनाने वाला पहला देश बना।
स्पोर्ट्स बोर्ड का गठन होगा।
ट्रिब्यूनल विवाद निपटाने के लिए बनेगा।
खिलाड़ियों की भागीदारी सुनिश्चित होगी।
आयकर विधेयक भी पारित हुआ।

नई दिल्ली, 12 अगस्त (राष्ट्र प्रेस)। राज्यसभा में मंगलवार को राष्ट्रीय खेल शासन विधेयक, 2025 को पारित किया गया। यह विधेयक पहले से ही लोकसभा में पास हो चुका था। राज्यसभा से बिल पारित होने के बाद भाजपा के सांसद भीम सिंह ने कहा, "आज का दिन खेल जगत के लिए ऐतिहासिक है। भारत खेलों के लिए कानून बनाने वाला दुनिया का पहला देश बन गया है, और यह काम एनडीए सरकार ने किया है।"

उन्होंने राष्ट्र प्रेस से बातचीत में बताया कि यह बिल अत्यंत व्यापक है और इसे बनाने से पहले सभी संबंधित पक्षों से राय ली गई है। इसके अंतर्गत एक स्पोर्ट्स बोर्ड का गठन किया जाएगा, जो खेलों से जुड़े मामलों का संचालन करेगा। साथ ही, विवाद निपटाने के लिए एक ट्रिब्यूनल का भी गठन होगा। चुनाव कराने के लिए एक अलग पैनल बनेगा, जिसमें सुप्रीम कोर्ट के जज की भी महत्वपूर्ण भूमिका होगी। इस पैनल में खिलाड़ी, महिलाएं और अन्य प्रतिनिधि शामिल होंगे, ताकि सभी वर्गों की भागीदारी सुनिश्चित हो सके।

दूसरी ओर, भाजपा सांसद और पूर्व वित्त राज्यमंत्री भागवत कराड ने भी इस बिल की अहमियत पर जोर दिया। उन्होंने कहा, "स्पोर्ट्स बिल बहुत ही महत्वपूर्ण है। इससे राष्ट्रीय स्तर पर अलग-अलग बॉडी बनेगी, जो खेलों को बेहतर दिशा देगी।"

भागवत कराड ने एक और महत्वपूर्ण बिल, आयकर विधेयक पर भी अपनी राय दी। उन्होंने कहा कि यह विधेयक भी मंगलवार को राज्यसभा में पारित हो गया है और पहले ही लोकसभा से पास हो चुका था।

उन्होंने बताया कि मौजूदा इनकम टैक्स एक्ट 1961 का है, जो बहुत पुराना हो चुका था। समय के साथ इस एक्ट में कई संशोधन किए गए, जिससे इसकी भाषा जटिल हो गई थी। इस वजह से टैक्सपेयर्स, बिजनेसमैन, और अधिकारियों को इसे समझने में कठिनाई होती थी।

भागवत कराड के अनुसार, नया बिल इस समस्या का समाधान है। इसकी भाषा सरल कर दी गई है, जिससे टैक्स भरने की प्रक्रिया आसान होगी।

उन्होंने कहा, "यह बहुत अच्छा बिल है, इससे लोगों को टैक्स भरने में मदद मिलेगी और देश की आमदनी भी बढ़ेगी।"

संपादकीय दृष्टिकोण

यह विधेयक खेलों के विकास के लिए एक महत्वपूर्ण कदम है। यह न केवल खिलाड़ियों को अधिकार प्रदान करेगा, बल्कि खेलों की संरचना को भी मजबूत करेगा। इस तरह के कानूनों की आवश्यकता लंबे समय से थी, और अब जब यह लागू हो रहा है, तो यह निश्चित रूप से भारतीय खेलों के भविष्य के लिए फायदेमंद होगा।
RashtraPress
26 जून 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

राष्ट्रीय खेल शासन विधेयक, 2025 क्या है?
यह विधेयक खेलों के विकास और प्रबंधन के लिए एक कानूनी ढांचा प्रदान करता है।
इस विधेयक का क्या महत्व है?
यह भारतीय खेलों के लिए एक ऐतिहासिक कदम है, जो खिलाड़ियों और खेल संघों को अधिकार और संरचना प्रदान करेगा।
क्या इस विधेयक से विवाद निपटाने की प्रक्रिया आसान होगी?
हां, इसमें विवाद निपटाने के लिए ट्रिब्यूनल का गठन किया जाएगा।
क्या यह विधेयक पहले से पारित हुआ है?
हां, यह विधेयक पहले ही लोकसभा में पारित हो चुका था।
इस विधेयक में क्या नया है?
इसमें स्पोर्ट्स बोर्ड का गठन और चुनाव के लिए एक अलग पैनल बनाने का प्रावधान है।
राष्ट्र प्रेस
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