7 अक्टूबर 2026
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महाराष्ट्र सूखा: उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे का वादा — किसानों की दिवाली नहीं होगी फीकी

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महाराष्ट्र सूखा: उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे का वादा — किसानों की दिवाली नहीं होगी फीकी

सारांश

महाराष्ट्र में गंभीर सूखे के बीच उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने परभणी में किसानों को बड़ा आश्वासन दिया — ऋण वसूली रुकेगी, चारा मिलेगा और 25,000 साइकिलें व सिलाई मशीनें बँटेंगी। PM मोदी ने भी राज्य को हर संभव सहायता का वादा किया है।

मुख्य बातें

उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने 7 अक्टूबर 2026 को परभणी में कहा कि महाराष्ट्र सरकार सूखे में किसानों को पूरा समर्थन देगी।
शिवसेना की 'सेवा से समर्पण' पहल के तहत 25,000 साइकिलें और 25,000 सिलाई मशीनें वितरित की जाएंगी।
सरकार ऋण वसूली रोकने , ऋण पुनर्गठन और चारा आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए कदम उठाएगी।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शिंदे से एक घंटे की बातचीत में महाराष्ट्र को हर संभव सहायता का आश्वासन दिया।
राज्य सरकार पहले ही सूखा घोषित कर चुकी है; पार्टी 25 एम्बुलेंस का उद्घाटन और सामुदायिक विवाह समारोह भी आयोजित करेगी।

महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री और शिवसेना नेता एकनाथ शिंदे ने 7 अक्टूबर 2026 को परभणी में स्पष्ट किया कि राज्य सरकार सूखे की मार झेल रहे किसानों और महिलाओं को किसी भी हाल में अकेला नहीं छोड़ेगी। उन्होंने कहा कि कृषि समुदाय को समर्थन देने में कोई कसर नहीं छोड़ी जाएगी और सूखे के संकट के बावजूद किसानों की दिवाली फीकी नहीं पड़ने दी जाएगी।

'सेवा से समर्पण' पहल का शुभारंभ

शिंदे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक जीवन में 25 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में शिवसेना द्वारा राज्यव्यापी स्तर पर आयोजित 'सेवा से समर्पण' पहल के शुभारंभ के अवसर पर बोल रहे थे। इस पहल के तहत शिवसेना ने किसानों के बच्चों को 25,000 साइकिलें और महिलाओं को 25,000 सिलाई मशीनें वितरित करने की घोषणा की है। इसके अतिरिक्त, ज़रूरतमंद परिवारों को 'आनंदाचा शिधा' (त्योहारी राशन किट) और अन्य आवश्यक वस्तुएँ भी उपलब्ध कराई जाएंगी।

किसानों के लिए ठोस राहत उपाय

उपमुख्यमंत्री शिंदे ने आश्वासन दिया कि सरकार ऋण वसूली रोकने, ऋण पुनर्गठन की सुविधा देने और चारे की आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए ठोस कदम उठाएगी। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार पहले ही सूखा घोषित कर चुकी है और मंत्रिमंडल के सभी सदस्य स्वयं खेतों का दौरा कर चुके हैं। पार्टी ने सामुदायिक विवाह समारोहों के आयोजन और 25 एम्बुलेंस के उद्घाटन की भी घोषणा की है। शिंदे ने स्वयं इस अवसर पर किसान परिवारों के बच्चों को साइकिलें और महिलाओं को सिलाई मशीनें वितरित कीं।

प्रधानमंत्री से मुलाकात और केंद्र का आश्वासन

शिंदे ने बताया कि व्यस्त कार्यक्रम के बावजूद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उनसे एक घंटे की बातचीत की, जिसमें लगभग आधी चर्चा महाराष्ट्र की सूखे की स्थिति और महिलाओं के कल्याण पर केंद्रित रही। उनके अनुसार, प्रधानमंत्री ने राज्य को हर संभव सहायता का आश्वासन दिया है। यह ऐसे समय में आया है जब महाराष्ट्र का एक बड़ा हिस्सा गंभीर सूखे की चपेट में है और खरीफ फसलों को व्यापक नुकसान की रिपोर्टें सामने आई हैं।

राजनीतिक एकता की अपील

उपमुख्यमंत्री शिंदे ने राज्य के सभी राजनीतिक दलों से आग्रह किया कि वे राजनीतिक स्वार्थों को किनारे रखते हुए किसानों के कल्याण के लिए एकजुट होकर काम करें। गौरतलब है कि महाराष्ट्र में कृषि संकट लंबे समय से चर्चा का विषय रहा है — विदर्भ और मराठवाड़ा क्षेत्रों में किसान आत्महत्याओं का क्रम वर्षों से जारी है, और हर सूखे के मौसम में राहत की माँग और राजनीतिक वादों का यह चक्र दोहराया जाता है। आलोचकों का कहना है कि दीर्घकालिक संरचनात्मक समाधान के बिना ऐसी राहत पहलें अस्थायी राहत से अधिक नहीं होतीं।

आगे की राह

शिवसेना की 'सेवा से समर्पण' पहल के तहत वितरण कार्यक्रम राज्यव्यापी स्तर पर जारी रहेगा। ऋण पुनर्गठन और चारा आपूर्ति जैसे उपायों के क्रियान्वयन की समयसीमा अभी स्पष्ट नहीं की गई है। केंद्र और राज्य सरकार के बीच समन्वय के परिणाम और किसानों तक राहत की वास्तविक पहुँच ही इस घोषणा की असली कसौटी होगी।

संपादकीय दृष्टिकोण

जो पिछले वर्षों के वादों का भी हाल रहा है। महाराष्ट्र में किसान आत्महत्याओं और सूखा राहत की माँग का इतिहास बताता है कि साइकिलें और राशन किट संकट को नहीं, केवल उसके लक्षणों को संबोधित करती हैं। असली जवाबदेही तब तय होगी जब ऋण पुनर्गठन के आँकड़े सार्वजनिक हों और किसानों को वास्तविक कर्ज़मुक्ति मिले।
RashtraPress
7 अक्टूबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने महाराष्ट्र के किसानों के लिए क्या घोषणाएँ कीं?
शिंदे ने 7 अक्टूबर 2026 को परभणी में कहा कि सरकार ऋण वसूली रोकेगी, ऋण पुनर्गठन की सुविधा देगी और चारा आपूर्ति सुनिश्चित करेगी। शिवसेना की 'सेवा से समर्पण' पहल के तहत 25,000 साइकिलें और 25,000 सिलाई मशीनें भी वितरित की जाएंगी।
महाराष्ट्र में सूखे की स्थिति कितनी गंभीर है?
राज्य सरकार ने आधिकारिक तौर पर सूखा घोषित कर दिया है और मंत्रिमंडल के सदस्य खेतों का दौरा कर किसानों से मिल चुके हैं। मराठवाड़ा और विदर्भ जैसे क्षेत्र विशेष रूप से प्रभावित बताए जा रहे हैं।
'सेवा से समर्पण' पहल क्या है?
यह शिवसेना द्वारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक जीवन में 25 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में शुरू की गई राज्यव्यापी पहल है। इसके तहत किसान परिवारों को साइकिलें, महिलाओं को सिलाई मशीनें, त्योहारी राशन किट और 25 एम्बुलेंस का उद्घाटन शामिल है।
PM मोदी ने महाराष्ट्र सूखे पर क्या कहा?
शिंदे के अनुसार, प्रधानमंत्री मोदी ने उनसे एक घंटे की बातचीत की, जिसमें लगभग आधा समय महाराष्ट्र के सूखे और महिला कल्याण पर केंद्रित रहा। प्रधानमंत्री ने राज्य को हर संभव केंद्रीय सहायता का आश्वासन दिया।
महाराष्ट्र सरकार किसानों की दिवाली कैसे 'फीकी नहीं पड़ने देगी'?
सरकार ज़रूरतमंद किसान परिवारों को 'आनंदाचा शिधा' (त्योहारी राशन किट) और अन्य आवश्यक वस्तुएँ वितरित करेगी। इसके अलावा ऋण वसूली पर रोक और चारा आपूर्ति जैसे उपायों से किसानों पर त्योहारी मौसम में वित्तीय बोझ कम करने की कोशिश की जाएगी।
राष्ट्र प्रेस
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