महाराष्ट्र सूखा: एकनाथ शिंदे की PM मोदी से मुलाकात, किसानों को केंद्र से बड़ी राहत का भरोसा
सारांश
मुख्य बातें
महाराष्ट्र में गहराते सूखे के संकट को लेकर शिवसेना नेता और उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 को नई दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की। करीब एक घंटे तक चली इस बैठक में सूखे की विकराल स्थिति, किसानों की दशा और राहत उपायों पर विस्तार से चर्चा हुई। बैठक के बाद शिंदे ने पत्रकारों को बताया कि केंद्र सरकार महाराष्ट्र के किसानों को बड़ी आर्थिक सहायता देगी।
बैठक में क्या हुआ
शिंदे के अनुसार, प्रधानमंत्री मोदी ने महाराष्ट्र में पानी की उपलब्धता, खेती की स्थिति और पशुओं के चारे जैसे अहम मुद्दों की बारीकी से जानकारी ली। शिंदे ने प्रधानमंत्री को अवगत कराया कि राज्य सरकार का मंत्रिमंडल सूखा प्रभावित क्षेत्रों में स्वयं पहुँचकर किसानों को मानसिक सहारा दे रहा है। प्रधानमंत्री ने भरोसा दिलाया कि यह संकट गंभीर है और केंद्र सरकार राज्य के किसानों के साथ पूरी मजबूती से खड़ी रहेगी।
किसानों को मिलने वाली वर्तमान आर्थिक सहायता
शिंदे ने बताया कि वर्तमान में केंद्र की प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के तहत किसानों को प्रतिवर्ष ₹6,000 और राज्य की नमो शेतकरी महासम्मान निधि योजना के तहत अतिरिक्त ₹6,000 दिए जाते हैं। इस प्रकार दोनों योजनाओं को मिलाकर किसानों को कुल ₹12,000 की वार्षिक सहायता प्राप्त होती है। उन्होंने यह भी याद दिलाया कि पिछले वर्ष अतिवृष्टि से प्रभावित किसानों को भी सरकार ने राहत प्रदान की थी।
शिंदे का संदेश: 'किसानों की दिवाली काली नहीं होगी'
उपमुख्यमंत्री ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि सरकार की तिजोरी पर पहला अधिकार 'बलीराजा' यानी किसान का है। उन्होंने आश्वस्त किया कि इस कठिन घड़ी में सरकार किसानों को अकेला नहीं छोड़ेगी और किसानों की दिवाली काली नहीं होने दी जाएगी। यह बयान ऐसे समय में आया है जब सूखे के कारण कई जिलों में फसलें बर्बाद हो चुकी हैं और ग्रामीण परिवारों पर आर्थिक दबाव तेजी से बढ़ रहा है।
विपक्ष पर निशाना और राजनीतिक हलचल
शिंदे ने विपक्ष पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि उनके पास अब कोई रचनात्मक काम नहीं बचा — मोर्चे निकालना, आंदोलन करना और प्रधानमंत्री व गृह मंत्री पर आरोप लगाना ही उनकी राजनीति रह गई है। विधान परिषद चुनाव के संदर्भ में उन्होंने बताया कि महायुति की समन्वय समिति ने पुणे शिक्षक मतदार संघ से मंगेश चिवटे को प्रत्याशी बनाने का निर्णय लिया है। पार्टी ने चिवटे को एबी फॉर्म दे दिया है और वे अगले दिन नामांकन दाखिल करने वाले थे।
मंत्रिमंडल विस्तार पर चुप्पी
महाराष्ट्र में बहुप्रतीक्षित मंत्रिमंडल विस्तार के सवाल पर शिंदे ने कहा कि यह निर्णय एनडीए के मुख्य नेता प्रधानमंत्री मोदी के विवेकाधिकार में है और उचित समय पर वे इस पर फैसला लेंगे। गौरतलब है कि यह तीसरी बड़ी मुलाकात है जिसमें सूखा राहत प्रमुख एजेंडा रहा, लेकिन केंद्र की ओर से सहायता की ठोस राशि की घोषणा अभी तक नहीं हुई है।