जी-7 शिखर सम्मेलन: यूरोपीय संघ ने यूक्रेन को 90 बिलियन यूरो ऋण की पहली किस्त जारी की
सारांश
मुख्य बातें
फ्रांस के एवियन में आयोजित जी-7 शिखर सम्मेलन में यूरोपीय आयोग की अध्यक्ष उर्सुला वॉन डेर लेयेन ने 16 जून 2026 को यूक्रेन के लिए 90 बिलियन यूरो के ऋण की पहली किस्त जारी करने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि 2026 में रूस-यूक्रेन युद्ध के हालात यूक्रेन के पक्ष में बदलते दिख रहे हैं और यह वर्ष 2025 से गुणात्मक रूप से भिन्न है।
यूरोपीय संघ का ऐलान और उर्सुला का बयान
एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर साझा की गई अपनी पोस्ट में उर्सुला वॉन डेर लेयेन ने लिखा, 'यूक्रेन बहादुरी के साथ मोर्चे पर डटा हुआ है। वहीं, रूस की थकान अब साफ तौर पर दिखाई देने लगी है।' उन्होंने कहा कि ऐसे निर्णायक समय में यूरोपीय संघ को यूक्रेन के प्रति अपना समर्थन और सुदृढ़ करना चाहिए। इसी के तहत 90 बिलियन यूरो के ऋण पैकेज की पहली किस्त अब जारी की जा रही है।
उन्होंने यह भी बताया कि वर्ष के अंत में यूक्रेन की मदद के लिए एक विशेष शीतकालीन सहायता पैकेज भी प्रदान किया जाएगा। यह ऐसे समय में आया है जब यूक्रेन को ऊर्जा अवसंरचना पर रूसी हमलों के कारण गंभीर सर्दियों की चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है।
जेलेंस्की की प्राथमिकताएँ
शिखर सम्मेलन में उपस्थित यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की ने अंतरराष्ट्रीय सहयोग की आवश्यकता पर बल दिया और जी-7 नेताओं के समर्थन की सराहना की। जेलेंस्की ने अपनी प्राथमिकताएँ स्पष्ट करते हुए कहा, 'वायु रक्षा मिसाइलों की संख्या बढ़ाना और उनके उत्पादन के लिए लाइसेंस उपलब्ध कराना, सर्दियों के लिए सहायता पैकेज तैयार करना और रूस पर दबाव को और मजबूत करना — ये हमारी स्पष्ट प्राथमिकताएँ हैं।'
उन्होंने यह भी रेखांकित किया कि अमेरिका इन सभी क्षेत्रों में सहयोग देने के लिए तैयार है, जो यूक्रेन के लिए एक महत्वपूर्ण कूटनीतिक संकेत है। जेलेंस्की ने जोर देकर कहा कि चर्चाओं को ठोस क्रियान्वयन में बदला जाना जरूरी है और रूस को यह समझना होगा कि यह युद्ध कभी सामान्य स्थिति नहीं बन सकता।
ट्रंप का रूस पर दबाव
जी-7 शिखर सम्मेलन में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भी रूस पर युद्ध समाप्त करके समझौता करने का दबाव बनाया। ट्रंप ने कहा, 'वहाँ जो हो रहा है, वह पागलपन है। रूस को समझौता कर लेना चाहिए।' गौरतलब है कि ट्रंप प्रशासन पहले से ही युद्धविराम की दिशा में मध्यस्थता के संकेत देता रहा है।
जी-7 की एकजुटता
शिखर सम्मेलन में जी-7 के सभी सदस्य देश एक मजबूत, स्वतंत्र और संप्रभु यूक्रेन के समर्थन में एकजुट नजर आए। यह सम्मेलन ऐसे समय में हो रहा है जब रूस-यूक्रेन युद्ध को दो वर्ष से अधिक हो चुके हैं और दोनों पक्षों पर कूटनीतिक दबाव बढ़ता जा रहा है। यूरोपीय संघ का यह वित्तीय कदम यूक्रेन की दीर्घकालिक युद्ध क्षमता और पुनर्निर्माण प्रयासों दोनों को समर्थन देने की व्यापक रणनीति का हिस्सा माना जा रहा है।
आने वाले महीनों में शीतकालीन सहायता पैकेज के विवरण और ऋण की अगली किस्तों की शर्तें तय होने की उम्मीद है, जो यूक्रेन के लिए पश्चिमी समर्थन की निरंतरता की असली परीक्षा होगी।