27 जून 2026
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गिनी के प्रधानमंत्री अमादौ ओउरी बाह का ग्रीष्मकालीन दावोस में चीन दौरा, 'बेल्ट एंड रोड' को बताया विकास का आधार

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गिनी के प्रधानमंत्री अमादौ ओउरी बाह का ग्रीष्मकालीन दावोस में चीन दौरा, 'बेल्ट एंड रोड' को बताया विकास का आधार

सारांश

गिनी के प्रधानमंत्री अमादौ ओउरी बाह ने अपनी पहली चीन यात्रा के दौरान ग्रीष्मकालीन दावोस मंच में भाग लिया और 'बेल्ट एंड रोड' पहल को गिनी के विकास का आधार बताया। 2025 में दोनों देशों का व्यापार 18.23 अरब डॉलर तक पहुँचा — एक साल में 57.5% की उछाल।

मुख्य बातें

गिनी के प्रधानमंत्री अमादौ ओउरी बाह ने 23-25 जून 2026 को ताल्येन, चीन में ग्रीष्मकालीन दावोस मंच में भाग लिया — यह उनकी पहली चीन यात्रा थी।
बैठक में 90 से अधिक देशों के 1,700 से अधिक प्रतिनिधि शामिल हुए।
ओउरी बाह ने चीन की 'बेल्ट एंड रोड' पहल को गिनी के बुनियादी ढाँचे, कृषि और खनन क्षेत्र में प्रगति का श्रेय दिया।
वर्ष 2025 में चीन-गिनी द्विपक्षीय व्यापार 18.23 अरब अमेरिकी डॉलर तक पहुँचा, जो 2024 से 57.5% अधिक है।
चीन और गिनी ने अक्टूबर 1959 में राजनयिक संबंध स्थापित किए थे।

गिनी के प्रधानमंत्री अमादौ ओउरी बाह ने 23 से 25 जून 2026 के बीच चीन के ल्याओनिंग प्रांत के ताल्येन शहर में आयोजित विश्व आर्थिक मंच की न्यू चैंपियंस वार्षिक बैठक (ग्रीष्मकालीन दावोस मंच) में भाग लिया। उन्होंने इस अवसर पर एक विशेष साक्षात्कार में कहा कि यह उनकी पहली चीन यात्रा है और इस मंच ने उन्हें चीन के विकास अनुभव से सीधे परिचित होने का अवसर दिया। इस बैठक में 90 से अधिक देशों के 1,700 से अधिक प्रतिनिधि वैश्विक आर्थिक विकास के नए रास्तों पर विचार-विमर्श के लिए एकत्रित हुए।

बेल्ट एंड रोड पहल से गिनी को लाभ

प्रधानमंत्री ओउरी बाह ने चीन द्वारा प्रस्तावित 'बेल्ट एंड रोड' पहल की सराहना करते हुए कहा कि इसकी बदौलत गिनी ने बुनियादी ढाँचे, कृषि, खनन और अन्य क्षेत्रों में उल्लेखनीय प्रगति की है। उनके अनुसार यह पहल केवल द्विपक्षीय संबंधों तक सीमित नहीं है, बल्कि इसने चीन-अफ्रीका सहयोग के लिए भी नए अवसर खोले हैं।

ओउरी बाह ने कहा कि दोनों देशों के बीच रणनीतिक तालमेल की अपार संभावनाएँ हैं और चीन एवं गिनी न केवल सहयोगी हैं, बल्कि विकास और पुनरुत्थान के समान पथ पर साझेदार भी हैं।

चीन का विकास मॉडल: विकासशील देशों के लिए प्रेरणा

प्रधानमंत्री ओउरी बाह ने कहा कि पिछले चार दशकों में चीन वैश्विक विकास का एक आदर्श बन गया है, यह दर्शाता है कि कैसे एक राष्ट्र गरीबी और पिछड़ेपन से उठकर अंतरराष्ट्रीय मंच पर नेतृत्व की स्थिति तक पहुँच सकता है। उन्होंने कहा, "इसलिए, हमें इस तरह के और अधिक आदान-प्रदान और बैठकों की आवश्यकता है ताकि हमारे जैसे देश चीन के विकास के अनुभव से सीख सकें।"

उनका मानना है कि ग्रीष्मकालीन दावोस जैसे मंचों के माध्यम से गिनी चीन के अनुभव से सीख और लाभ उठा सका है।

चौथी औद्योगिक क्रांति और वैश्विक नेतृत्व

ओउरी बाह के विचार में, वर्तमान में सारी दुनिया चौथी औद्योगिक क्रांति के युग में है। उन्होंने कहा कि विश्व के नेताओं के लिए यह आवश्यक है कि वे एकजुट होकर विकास की भावी दिशा पर विचार करें और नवाचार के माध्यम से अपने चिंतन और संगठन के तरीकों में परिवर्तन लाएँ — चाहे वह शिक्षा के क्षेत्र में हो या दैनिक जीवन के सभी पहलुओं में। केवल इसी तरह तकनीकी विकास की उपलब्धियों का अधिक तर्कसंगत और कुशल उपयोग संभव है।

चीन-गिनी द्विपक्षीय संबंध और व्यापार

उल्लेखनीय है कि गिनी पश्चिम अफ्रीका के पश्चिमी तट पर स्थित है। चीन और गिनी ने अक्टूबर 1959 में राजनयिक संबंध स्थापित किए थे। तब से दोनों देशों के बीच सहयोग लगातार आगे बढ़ा है। आँकड़ों के अनुसार, वर्ष 2025 में द्विपक्षीय व्यापार 18.23 अरब अमेरिकी डॉलर तक पहुँच गया, जो वर्ष 2024 की तुलना में 57.5 प्रतिशत अधिक था — यह आँकड़ा दोनों देशों के बीच आर्थिक सम्बन्धों की तेज़ रफ़्तार को रेखांकित करता है।

ओउरी बाह ने कई मौकों पर दोहराया है कि चीन का विकास अनुभव विकासशील देशों को एक व्यवहार्य और अनुकरणीय मार्ग दिखाता है। आने वाले समय में दोनों देशों के बीच रणनीतिक और आर्थिक सहयोग और गहरा होने की संभावना है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन यह सवाल भी उठाती है कि इस व्यापार का ढाँचा कितना संतुलित है और गिनी को वास्तविक तकनीकी हस्तांतरण हो रहा है या नहीं। 'बेल्ट एंड रोड' की प्रशंसा और चौथी औद्योगिक क्रांति की बात एक साथ करना महत्त्वाकांक्षी है — असली कसौटी यह होगी कि गिनी के खनन और कृषि क्षेत्र में चीनी निवेश स्थानीय रोज़गार और क्षमता निर्माण में कितना परिवर्तित होता है।
RashtraPress
27 जून 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

गिनी के प्रधानमंत्री अमादौ ओउरी बाह चीन क्यों गए?
प्रधानमंत्री ओउरी बाह 23-25 जून 2026 को ताल्येन में आयोजित विश्व आर्थिक मंच की न्यू चैंपियंस वार्षिक बैठक (ग्रीष्मकालीन दावोस मंच) में भाग लेने गए। यह उनकी पहली चीन यात्रा थी, जिसमें उन्होंने वैश्विक आर्थिक विकास पर विचार-विमर्श किया।
'बेल्ट एंड रोड' पहल से गिनी को क्या फायदा हुआ है?
प्रधानमंत्री ओउरी बाह के अनुसार, 'बेल्ट एंड रोड' पहल की बदौलत गिनी ने बुनियादी ढाँचे, कृषि और खनन क्षेत्रों में महत्त्वपूर्ण प्रगति की है। उनका कहना है कि इस पहल ने चीन-अफ्रीका सहयोग के लिए भी नए अवसर उत्पन्न किए हैं।
चीन और गिनी के बीच व्यापार कितना है?
आँकड़ों के अनुसार, वर्ष 2025 में चीन-गिनी द्विपक्षीय व्यापार 18.23 अरब अमेरिकी डॉलर तक पहुँच गया, जो वर्ष 2024 की तुलना में 57.5 प्रतिशत अधिक है। दोनों देशों के बीच राजनयिक संबंध अक्टूबर 1959 से चले आ रहे हैं।
ग्रीष्मकालीन दावोस मंच 2026 में कितने देशों ने भाग लिया?
इस बैठक में 90 से अधिक देशों और क्षेत्रों के 1,700 से अधिक प्रतिनिधि शामिल हुए। मंच का आयोजन 23 से 25 जून 2026 के बीच चीन के ल्याओनिंग प्रांत के ताल्येन शहर में किया गया।
चौथी औद्योगिक क्रांति पर ओउरी बाह का क्या कहना है?
प्रधानमंत्री ओउरी बाह का मानना है कि वर्तमान विश्व चौथी औद्योगिक क्रांति के दौर में है और विश्व नेताओं को एकजुट होकर नवाचार के ज़रिए शिक्षा से लेकर दैनिक जीवन तक सोच और संगठन के तरीकों में बदलाव लाना होगा। तभी तकनीकी उपलब्धियों का तर्कसंगत उपयोग संभव होगा।
राष्ट्र प्रेस
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