13 जुलाई 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

रेवाड़ी पुलिस ने 24 घंटे में पकड़े लूटकांड के 5 आरोपी, 3 नाबालिग भी गिरफ्त में

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
रेवाड़ी पुलिस ने 24 घंटे में पकड़े लूटकांड के 5 आरोपी, 3 नाबालिग भी गिरफ्त में

सारांश

रेवाड़ी पुलिस ने आईएमटी बावल में कंपनी कर्मचारी को बंधक बनाकर ₹24,000 लूटने वाले 5 आरोपियों को 24 घंटे के भीतर दबोचा — इनमें 3 नाबालिग भी शामिल हैं। मुख्य आरोपी कमल पर पहले से 8-9 आपराधिक मामले दर्ज हैं।

मुख्य बातें

रेवाड़ी की कसौला थाना पुलिस ने 24 घंटे के भीतर लूटकांड के 5 आरोपियों को गिरफ्तार किया, जिनमें 3 नाबालिग शामिल हैं।
पीड़ित सूरज सिंह को 11 जुलाई को शाम 3:50 बजे जबरन गाड़ी में खींचकर बंधक बनाया गया और ₹24,000 ऑनलाइन ट्रांसफर करवाए गए।
मुख्य आरोपी मोहित के कब्जे से देसी कट्टा और वारदात में इस्तेमाल चारपहिया गाड़ी बरामद।
आरोपी कमल पर पहले से 8 से 9 लूट और चोरी के मामले दर्ज हैं।
आरोपियों ने कार मालिक को खाटू श्याम दर्शन का झाँसा देकर गाड़ी किराए पर ली थी।
डीएसपी बावल सुरेंद्र श्योराण ने मामले का खुलासा किया; आगे की जाँच जारी है।

हरियाणा के रेवाड़ी जिले की कसौला थाना पुलिस ने 13 जुलाई 2026 को एक बड़ी कामयाबी हासिल करते हुए आईएमटी बावल क्षेत्र में एक कंपनी कर्मचारी को बंधक बनाकर लूटपाट करने वाले पाँच आरोपियों को घटना के महज 24 घंटे के भीतर गिरफ्तार कर लिया। इनमें तीन नाबालिग भी शामिल हैं। पुलिस ने मुख्य आरोपी के कब्जे से देसी कट्टा और वारदात में इस्तेमाल चारपहिया गाड़ी भी बरामद की है।

वारदात का पूरा घटनाक्रम

उत्तर प्रदेश के जिला जालौन के गाँव सिहारी निवासी सूरज सिंह, जो वर्तमान में जलियावास गाँव में किराए पर रहते हैं और आईएमटी बावल के सेक्टर-6 स्थित टैक्नीको प्राइवेट कंपनी में ठेकेदारी पर काम करते हैं, ने रविवार को पुलिस को शिकायत दी। उन्होंने बताया कि 11 जुलाई को शाम करीब 3:50 बजे जब वह ड्यूटी समाप्त कर किराए के मकान की ओर लौट रहे थे, तभी सेक्टर-6 स्थित गुटरमैन कंपनी के पास एक गाड़ी आकर रुकी।

गाड़ी में सवार 5 युवकों ने उन्हें जबरन गाड़ी में खींच लिया। आरोपियों ने पिस्तौल की नोक पर मोबाइल फोन छीन लिया और पासवर्ड उगलवाकर उनके बैंक खाते से ₹24,000 ऑनलाइन ट्रांसफर कर लिए। इसके बाद पीड़ित को बावल क्षेत्र के गाँव दुल्हेड़ा खुर्द नहर के पंप हाउस के पास फेंककर आरोपी फरार हो गए।

पुलिस की त्वरित कार्रवाई

शिकायत मिलते ही थाना कसौला में लूट सहित संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर पुलिस की विभिन्न टीमें गठित की गईं। रविवार की रात सूचना मिली कि एक बिना नंबर की संदिग्ध कार क्षेत्र में घूम रही है। पुलिस ने गाड़ी रोकने का प्रयास किया तो आसवल फ्लाईओवर के पास घिरा देख आरोपी गाड़ी छोड़कर भागने लगे।

भागते समय मुख्य आरोपी मोहित (निवासी गाँव तिहाड़ा) पास के एक गड्ढे में गिर गया, जिससे उसके पैर में चोट आई। पुलिस ने उसे तत्काल अस्पताल में भर्ती कराया। गाड़ी में सवार दूसरे आरोपी कमल (निवासी सैनिक कॉलोनी, मोहल्ला जटवाड़ा) को भी मौके पर ही पकड़ लिया गया। सोमवार सुबह वारदात में शामिल तीन नाबालिग आरोपियों को भी नियमानुसार पुलिस अभिरक्षा में ले लिया गया।

शिनाख्त परेड और बरामदगी

दोनों मुख्य आरोपियों की सरेआम बाजार से लेकर वारदात वाले पॉइंट तक शिनाख्त परेड करवाई गई, जिसे देखने के लिए बड़ी संख्या में लोग उमड़ पड़े। पुलिस ने आरोपी मोहित के कब्जे से देसी कट्टा और वारदात में इस्तेमाल चारपहिया गाड़ी बरामद की।

पूछताछ में सामने आया कि आरोपियों ने वारदात के लिए रेवाड़ी से एक वेन्यू कार किराए पर ली थी। कार मालिक को उन्होंने झाँसा दिया था कि उन्हें खाटू श्याम के दर्शन करने जाना है और बाद में उसी कार का इस्तेमाल लूट के लिए किया।

आरोपियों का आपराधिक इतिहास

जाँच में पता चला कि मुख्य आरोपी मोहित पर इससे पहले भी थाना कसौला में मोबाइल और नकदी लूटने का एक मामला दर्ज है। वहीं, आरोपी कमल पर पहले से ही लूट और चोरी के 8 से 9 मामले दर्ज हैं, जो उसे एक शातिर अपराधी साबित करते हैं।

पुलिस का बयान

डीएसपी बावल सुरेंद्र श्योराण ने मामले का खुलासा करते हुए पूरी कार्रवाई की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि पुलिस की सतर्कता और त्वरित टीम-वर्क से यह सफलता मिली। मामले की आगे की जाँच जारी है और पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि क्या आरोपियों ने इसी तरह की अन्य वारदातों को भी अंजाम दिया है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन असली चिंता की बात यह है कि मुख्य आरोपी कमल पर पहले से 8-9 मामले दर्ज होने के बावजूद वह खुलेआम वारदातें करता रहा। यह सवाल उठता है कि बार-बार के अपराधियों के खिलाफ निवारक तंत्र कहाँ विफल हो रहा है। तीन नाबालिगों की संलिप्तता यह भी दर्शाती है कि संगठित अपराध में किशोरों की भर्ती एक बढ़ती हुई प्रवृत्ति है, जिस पर केवल गिरफ्तारी से नहीं, बल्कि पुनर्वास और सामाजिक हस्तक्षेप से भी ध्यान देने की ज़रूरत है।
RashtraPress
13 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

रेवाड़ी आईएमटी बावल लूटकांड में क्या हुआ था?
11 जुलाई 2026 को शाम करीब 3:50 बजे आईएमटी बावल के सेक्टर-6 में 5 युवकों ने कंपनी कर्मचारी सूरज सिंह को जबरन गाड़ी में खींचकर बंधक बना लिया। पिस्तौल की नोक पर मोबाइल छीनकर बैंक खाते से ₹24,000 ऑनलाइन ट्रांसफर किए और बाद में पीड़ित को दुल्हेड़ा खुर्द नहर के पंप हाउस के पास फेंककर फरार हो गए।
रेवाड़ी पुलिस ने लूटकांड के आरोपियों को कैसे पकड़ा?
शिकायत मिलते ही कसौला थाना पुलिस ने कई टीमें गठित कीं। रविवार रात एक बिना नंबर की संदिग्ध कार की सूचना पर पुलिस ने आसवल फ्लाईओवर के पास घेराबंदी की। गाड़ी छोड़कर भागते समय मुख्य आरोपी मोहित गड्ढे में गिर गया और पकड़ा गया; सोमवार सुबह तीन नाबालिग आरोपी भी पकड़े गए।
गिरफ्तार मुख्य आरोपियों की पहचान क्या है?
दो मुख्य वयस्क आरोपी हैं — मोहित (निवासी गाँव तिहाड़ा) और कमल (निवासी सैनिक कॉलोनी, मोहल्ला जटवाड़ा)। मोहित पर पहले भी एक लूट का मामला दर्ज है, जबकि कमल पर लूट और चोरी के 8 से 9 मामले पहले से दर्ज हैं।
क्या आरोपियों के पास हथियार थे?
हाँ, पुलिस ने मुख्य आरोपी मोहित के कब्जे से एक देसी कट्टा बरामद किया है। वारदात के दौरान भी आरोपियों ने पिस्तौल के बल पर पीड़ित से मोबाइल का पासवर्ड उगलवाया था।
आरोपियों ने वारदात के लिए गाड़ी कहाँ से ली थी?
पूछताछ में सामने आया कि आरोपियों ने रेवाड़ी से एक वेन्यू कार किराए पर ली थी। कार मालिक को उन्होंने खाटू श्याम के दर्शन का बहाना बनाया था और बाद में उसी कार का इस्तेमाल लूट की वारदात के लिए किया।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 3 सप्ताह पहले
  2. 1 महीना पहले
  3. 2 महीने पहले
  4. 4 महीने पहले
  5. 4 महीने पहले
  6. 7 महीने पहले
  7. 8 महीने पहले
  8. 10 महीने पहले