हिमाचल नगर निगम चुनाव 2026: भाजपा ने मंडी, धर्मशाला, सोलन जीते; कांग्रेस सिर्फ पालमपुर बचा पाई
सारांश
मुख्य बातें
हिमाचल प्रदेश नगर निगम चुनाव परिणामों में भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने 31 मई 2026 को बड़ी बढ़त हासिल करते हुए चार में से तीन नगर निगमों — मंडी, धर्मशाला और सोलन — पर कब्जा जमाया। सत्ताधारी भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस (कांग्रेस) केवल पालमपुर नगर निगम में जीत दर्ज कर सकी। 17 मई 2026 को पार्टी चिह्नों पर हुए मतदान में दोनों दलों के बीच सीधा मुकाबला था।
मुख्य चुनावी परिणाम
कुल 17 नगर निगम सीटों में से भाजपा ने 11 सीटें जीतीं, जबकि कांग्रेस 5 सीटों तक सिमट गई और 1 सीट पर निर्दलीय उम्मीदवार विजयी रहा। मंडी में भाजपा ने 12 वार्ड जीतकर सबसे बड़ी जीत दर्ज की; कांग्रेस और एक निर्दलीय को एक-एक वार्ड मिला। एक वार्ड में नागरिक समस्याओं के समाधान न होने के विरोध में मतदाताओं ने मतदान का बहिष्कार किया।
सोलन में 8 में से 6 वार्ड भाजपा की झोली में गए; कांग्रेस और एक निर्दलीय ने एक-एक सीट जीती। पालमपुर में घोषित 10 वार्डों में से कांग्रेस ने 9 वार्ड जीते, जो उसके लिए एकमात्र राहत रही।
धर्मशाला: निवर्तमान मेयर का वार्ड बचा, पर पार्टी पिछड़ी
धर्मशाला के 17 सदस्यीय नगर निकाय में निवर्तमान कांग्रेस मेयर नीनू शर्मा ने अपना वार्ड बरकरार रखा, लेकिन अन्य वार्डों में भाजपा उम्मीदवारों ने आसानी से बाजी मारी। धर्मशाला से भाजपा विधायक सुधीर शर्मा — जो पूर्व में कांग्रेस में थे — ने कहा, "ये नतीजे साफ दिखाते हैं कि जनता ने भाजपा के पक्ष में और कांग्रेस के खिलाफ अपना फैसला सुनाया है।"
शर्मा ने आगे कहा कि मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू के नेतृत्व वाली कांग्रेस सरकार पिछले चार वर्षों में कर्मचारियों, युवाओं, महिलाओं, व्यापारियों और आम लोगों की शिकायतें दूर करने में नाकाम रही है।
मंडी: जयराम ठाकुर के गृह जिले में भाजपा की मज़बूत पकड़
मंडी का यह चुनाव पूर्व मुख्यमंत्री और नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर के लिए प्रतिष्ठा की लड़ाई था, क्योंकि मंडी उनका गृह जिला है। गौरतलब है कि 2021 के नगर निगम चुनावों में — जब ठाकुर स्वयं मुख्यमंत्री थे — भाजपा ने 11 वार्ड और कांग्रेस ने 4 वार्ड जीते थे। इस बार भाजपा ने अपनी सीट संख्या बढ़ाकर 12 कर ली, जो उसकी बेहतर पकड़ का संकेत है।
मतदान प्रतिशत और व्यापक चुनाव
नगर निगमों में कुल मतदान 63.44 प्रतिशत रहा, जो पिछले चुनावों की तुलना में कम है। 1,31,369 पंजीकृत मतदाताओं में से 83,342 ने अपना वोट डाला। मंडी में सर्वाधिक 68.78%, कांगड़ा में 63.72%, धर्मशाला में 60% और सोलन में सबसे कम 58.32% मतदान दर्ज किया गया। नगर निगमों के साथ-साथ 250 जिला परिषद वार्डों और 1,769 में से 1,684 पंचायत समिति सदस्यों के लिए भी मतगणना जारी है।
आगे क्या
इन परिणामों को राज्य की सुक्खू सरकार के लिए एक स्पष्ट चेतावनी के रूप में देखा जा रहा है। जिला परिषद और पंचायत समिति के अंतिम नतीजे आने के बाद तस्वीर और साफ होगी। भाजपा इन नतीजों को 2027 के विधानसभा चुनावों से पहले अपनी बढ़त के प्रमाण के रूप में पेश करेगी।