इंडोनेशिया ने अपनाई भारत की ईवीएम तकनीक, BJP बोली — कांग्रेस के आरोप बेनकाब
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय जनता पार्टी (BJP) के राष्ट्रीय प्रवक्ता सीआर केसवन ने 8 जुलाई को चेन्नई में कहा कि इंडोनेशिया द्वारा भारत की इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (ईवीएम) तकनीक अपनाने का निर्णय और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को वहाँ के सर्वोच्च नागरिक सम्मान से नवाज़ा जाना, दोनों मिलकर कांग्रेस के उन आरोपों को खारिज करते हैं जो वह वर्षों से ईवीएम की विश्वसनीयता पर लगाती रही है। केसवन ने यह भी कहा कि यह घटनाक्रम 'नए भारत' की बढ़ती वैश्विक स्वीकार्यता का स्पष्ट प्रमाण है।
मोदी को इंडोनेशिया का सर्वोच्च नागरिक सम्मान
BJP प्रवक्ता केसवन ने कहा कि इंडोनेशिया — जो दुनिया की सबसे बड़ी मुस्लिम आबादी वाले देशों में गिना जाता है — का प्रधानमंत्री मोदी को अपना सर्वोच्च राष्ट्रीय सम्मान देना यह साबित करता है कि वैश्विक समुदाय भारत की विकास यात्रा और उसकी नीतियों को गंभीरता से देख रहा है। उन्होंने इसे प्रधानमंत्री के 'सबका साथ, सबका विकास' के विजन की अंतरराष्ट्रीय स्वीकृति करार दिया।
केसवन के अनुसार, मोदी की विदेश नीति और कूटनीतिक पहलों ने भारत की वैश्विक छवि को नई ऊँचाई दी है। उन्होंने कहा कि इस सम्मान से यह स्पष्ट होता है कि दुनिया भारत को एक जिम्मेदार और प्रभावशाली लोकतंत्र के रूप में देखती है।
ईवीएम समझौता और कांग्रेस पर BJP का पलटवार
BJP प्रवक्ता ने बताया कि इंडोनेशिया ने भारत की ईवीएम तकनीक को अपनाने के लिए एक औपचारिक समझौता किया है। उन्होंने कहा कि इंडोनेशिया में अब तक पोस्टल बैलेट प्रणाली का उपयोग होता था, और अब वह देश भारतीय डिजिटल वोटिंग प्रणाली की ओर कदम बढ़ा रहा है।
केसवन ने कहा कि यह भारतीय चुनाव व्यवस्था की पारदर्शिता और तकनीकी क्षमता का अंतरराष्ट्रीय प्रमाण है। उन्होंने कांग्रेस पर आरोप लगाया कि पार्टी ने अपनी चुनावी पराजयों का ठीकरा बार-बार ईवीएम पर फोड़ा और लोकतांत्रिक संस्थाओं की विश्वसनीयता पर सवाल उठाए।
विपक्ष पर निशाना
केसवन ने कहा कि भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस (INC) लंबे समय से केंद्र सरकार और प्रधानमंत्री मोदी के विरुद्ध दुष्प्रचार अभियान चलाती रही है। उनके अनुसार, अंतरराष्ट्रीय मंच पर भारत को मिल रहा सम्मान ऐसे आरोपों को स्वतः निरस्त कर देता है।
उन्होंने कहा कि इंडोनेशिया के साथ हुए ईवीएम समझौते से कांग्रेस के आरोपों की सच्चाई देश की जनता के सामने उजागर हो गई है। गौरतलब है कि विपक्षी दलों ने विशेष रूप से 2019 और 2024 के लोकसभा चुनावों के बाद ईवीएम की विश्वसनीयता को लेकर सवाल उठाए थे।
भारत की वैश्विक कूटनीतिक स्थिति
BJP प्रवक्ता ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के इंडोनेशिया दौरे ने दोनों देशों के द्विपक्षीय संबंधों को नई गति दी है। उन्होंने कहा कि यह यात्रा केवल एक राजनयिक भेंट नहीं, बल्कि भारत की बढ़ती वैश्विक भूमिका का प्रतीक है।
यह ऐसे समय में आया है जब भारत जी-20 की अध्यक्षता के बाद से वैश्विक मंच पर अपनी उपस्थिति और मजबूत कर रहा है। आने वाले समय में ईवीएम तकनीक के क्षेत्र में भारत-इंडोनेशिया सहयोग किस रूप लेता है, यह देखने वाली बात होगी।