जलगांव के बोडवाड में नाबालिग से छेड़छाड़: कोचिंग शिक्षक गिरफ्तार, भीड़ ने 6 वाहन फूंके, पुलिस ने छोड़े आंसू गैस के गोले
सारांश
मुख्य बातें
महाराष्ट्र के जलगांव जिले के बोडवाड तालुका स्थित जामठी गांव में एक निजी कोचिंग क्लास के शिक्षक पर नाबालिग छात्रा के साथ छेड़छाड़ और अश्लील हरकत करने का गंभीर आरोप लगा है। 3 सितंबर को घटना की सूचना फैलते ही इलाके में भारी तनाव भड़क उठा और आक्रोशित भीड़ ने आरोपी के घर के पास जमा होकर व्यापक हिंसा की। बोडवाड पुलिस ने आरोपी शिक्षक को हिरासत में ले लिया है और जांच जारी है।
मुख्य घटनाक्रम
घटना की जानकारी मिलते ही सैकड़ों की संख्या में गुस्साई भीड़ आरोपी के आवास के निकट एकत्र हो गई। भीड़ ने वाहनों को निशाना बनाते हुए जमकर तोड़फोड़ और आगजनी की — तीन दोपहिया वाहन और तीन कारें आग की भेंट चढ़ गईं, जबकि अन्य वाहनों को भी क्षतिग्रस्त किया गया। स्थिति को बिगड़ता देख बोडवाड पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची और आरोपी शिक्षक को सुरक्षित हिरासत में लेकर थाने ले आई।
पुलिस पर पथराव, आंसू गैस का प्रयोग
आरोपी के पकड़े जाने के बावजूद भीड़ का आक्रोश शांत नहीं हुआ। कुछ लोगों ने कानूनी प्रक्रिया की जगह आरोपी को 'खुद सजा देने' की मांग करते हुए पुलिस बल पर पथराव शुरू कर दिया। हालात बेकाबू होते देख पुलिस ने भीड़ को तितर-बितर करने के लिए आंसू गैस के गोले छोड़े और हल्का लाठीचार्ज किया। यह ऐसे समय में आया है जब राज्य में नाबालिगों से जुड़े अपराधों के बाद सार्वजनिक आक्रोश की घटनाएं बढ़ी हैं।
जिला पुलिस अधीक्षक ने किया दौरा
घटना की गंभीरता को देखते हुए जलगांव जिले के पुलिस अधीक्षक श्रीकांत धिवरे ने स्वयं जामठी गांव का दौरा किया और घटनास्थल का निरीक्षण कर स्थिति का मूल्यांकन किया। उन्होंने स्थानीय अधिकारियों को शांति एवं कानून-व्यवस्था बनाए रखने के कड़े निर्देश दिए। एहतियात के तौर पर जिले के अन्य थानों से अतिरिक्त पुलिस बल बोडवाड में तैनात किया गया है।
जांच और गोपनीयता
चूंकि मामला एक नाबालिग पीड़िता से संबंधित है, इसलिए पुलिस जांच के विवरण को गोपनीय रखा जा रहा है। अधिकारियों के अनुसार, आरोपों की सत्यता जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट होगी। पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि वे कानून को अपने हाथ में न लें और जांच में सहयोग करें।
क्या होगा आगे
फिलहाल जामठी गांव और आसपास के इलाकों में तनावपूर्ण सन्नाटा पसरा हुआ है और पुलिस स्थिति पर कड़ी नज़र बनाए हुए है। आरोपी शिक्षक के विरुद्ध कानूनी कार्रवाई की प्रक्रिया जारी है और अतिरिक्त बल की तैनाती तब तक बनाए रखने के संकेत हैं जब तक स्थिति पूरी तरह सामान्य नहीं हो जाती।