जेडीयू के 23वें स्थापना दिवस पर निशांत कुमार बोले — 2005 से बिहार में सुशासन, कार्यकर्ता ही पार्टी की असली शक्ति
सारांश
मुख्य बातें
जनता दल यूनाइटेड (जेडीयू) के 23वें स्थापना दिवस पर बिहार के स्वास्थ्य मंत्री निशांत कुमार ने 30 अक्टूबर 2026 को एक वीडियो संदेश जारी कर पार्टी के सभी नेताओं, पदाधिकारियों और समर्पित कार्यकर्ताओं को शुभकामनाएँ दीं। उन्होंने कहा कि नवंबर 2005 से नीतीश कुमार के नेतृत्व में बिहार में न्याय के साथ विकास और सुशासन की जो यात्रा शुरू हुई, वह आज भी अनवरत जारी है।
पार्टी की वैचारिक जड़ें
निशांत कुमार ने जेडीयू की स्थापना का स्मरण करते हुए कहा, 'जेडीयू की स्थापना 30 अक्टूबर 2003 को हुई थी।' उन्होंने रेखांकित किया कि पार्टी की विचारधारा महात्मा गांधी, डॉ. भीमराव अंबेडकर, लोकनायक जयप्रकाश नारायण, राम मनोहर लोहिया और जननायक कर्पूरी ठाकुर के सिद्धांतों से प्रेरणा लेती है। सामाजिक न्याय, समावेशी विकास, समाजवाद, धर्मनिरपेक्षता और सुशासन — ये पाँच स्तंभ जेडीयू की राजनीतिक सोच का आधार रहे हैं।
बिहार में बदलाव की कहानी
स्वास्थ्य मंत्री ने बताया कि नवंबर 2005 में नीतीश कुमार की सरकार बनने के बाद से बिहार ने शिक्षा, स्वास्थ्य, बिजली, महिला सशक्तिकरण और सामाजिक न्याय के क्षेत्रों में कई ऐतिहासिक पहल देखी हैं। उन्होंने विशेष रूप से उल्लेख किया कि महिलाओं को पंचायतों और सरकारी नौकरियों में आरक्षण दिया गया, जिससे उन्हें आगे बढ़ने का अवसर मिला।
निशांत कुमार के अनुसार, 'बिहार में महिला सशक्तिकरण का यह मॉडल पूरे देश के लिए प्रेरणा और उदाहरण बना है।' समाज के सभी वर्गों को विकास की मुख्यधारा से जोड़ने का निरंतर प्रयास किए जाने की बात भी उन्होंने कही।
कार्यकर्ता — संगठन की असली ताकत
वीडियो संदेश में निशांत कुमार ने कहा कि किसी भी संगठन की वास्तविक शक्ति उसके कार्यकर्ता होते हैं। जेडीयू के कार्यकर्ताओं ने गाँव-गाँव और समाज के हर वर्ग तक पार्टी के विचारों, नीतियों और सरकारी योजनाओं को पहुँचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। उनकी मेहनत और लगन के बल पर ही पार्टी आज बिहार के हर कोने में मजबूती से खड़ी है।
आगे की जिम्मेदारी
स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि अब तक की यात्रा को याद करने के साथ-साथ आगे की जिम्मेदारियों को भी समझना जरूरी है। उन्होंने संगठन की एकता, आपसी समन्वय और जनसेवा के मूल्यों के प्रति समर्पण को सभी कार्यकर्ताओं की साझा जिम्मेदारी बताया।
निशांत कुमार ने कार्यकर्ताओं का आह्वान करते हुए कहा कि सभी मिलकर नीतीश कुमार के नेतृत्व में बिहार के विकास के लिए जारी प्रयासों को और गति देते रहेंगे। यह संदेश ऐसे समय में आया है जब बिहार में 2025 के विधानसभा चुनाव की तैयारियाँ पृष्ठभूमि में तेज होती जा रही हैं।