झारखंड में सरकारी दफ्तरों को बम से उड़ाने की धमकी, सुरक्षा तंत्र चौकस

Click to start listening
झारखंड में सरकारी दफ्तरों को बम से उड़ाने की धमकी, सुरक्षा तंत्र चौकस

सारांश

झारखंड में सरकारी प्रतिष्ठानों को बम से उड़ाने की धमकियों से सुरक्षा एजेंसियों में हड़कंप मच गया है। इन धमकियों के पीछे एक बड़ा अंतरराज्यीय कनेक्शन सामने आया है। जानिए पूरी कहानी।

Key Takeaways

  • झारखंड में बम से उड़ाने की धमकियों का सिलसिला जारी है।
  • सुरक्षा एजेंसियों ने उच्च अलर्ट जारी किया है।
  • धमकियों का स्रोत तमिलनाडु से जुड़ा पाया गया है।
  • विशेष टीम आरोपी की गिरफ्तारी के लिए भेजी जा रही है।
  • सुरक्षा के उपायों को और सख्त किया गया है।

रांची, २६ मार्च (राष्ट्र प्रेस)। झारखंड में कई महत्वपूर्ण सरकारी संस्थानों और न्यायपालिका के परिसरों को बम विस्फोट से उड़ाने की धमकियों का दौर जारी है। गुरुवार को एक बार फिर अपराधियों ने राज्य के तीन प्रमुख स्थानों—रांची समाहरणालय, धनबाद सिविल कोर्ट और साहिबगंज सिविल कोर्ट—को बम से उड़ाने की धमकी देकर सुरक्षा एजेंसियों में हड़कंप मचा दिया।

ई-मेल के माध्यम से प्राप्त इन धमकियों ने पूरे राज्य में हड़कंप मचा दिया, जिसके परिणामस्वरूप संबंधित परिसरों को तुरंत पुलिस छावनी में तब्दील कर दिया गया। रांची में उपायुक्त के आधिकारिक ई-मेल पर आए धमकी भरे संदेश के बाद समाहरणालय में बम निरोधक दस्ते ने घंटों तक गहन तलाशी अभियान चलाया, जबकि धनबाद और साहिबगंज में अदालती कार्यवाही के बीच अफरा-तफरी का माहौल बना रहा।

साहिबगंज में धमकी मिलने के बाद एसपी अमित कुमार सिंह के नेतृत्व में भारी पुलिस बल ने राजमहल और साहिबगंज कोर्ट परिसर को खाली कराकर डॉग स्क्वायड की मदद से चप्पे-चप्पे की जांच की। वहीं, धनबाद सिविल कोर्ट में पिछले १५ दिनों में यह दूसरी धमकी है, जिससे वकीलों और मुवक्किलों में दहशत है। इससे पहले, १० मार्च को रांची सिविल कोर्ट को '१४ साइनाइड बम' और २८ फरवरी को 'आरडीएक्स' से उड़ाने की चेतावनी दी गई थी।

बोकारो सिविल कोर्ट और पासपोर्ट सेवा केंद्र को भी इसी प्रकार की ई-मेल प्राप्त हो चुकी हैं, जिनमें न्याय व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए रसायनों के उपयोग का उल्लेख किया गया था। रांची पुलिस की तकनीकी जांच में इन धमकियों के पीछे एक बड़े अंतरराज्यीय कनेक्शन का खुलासा हुआ है।

कोतवाली के डीएसपी प्रकाश सोय के अनुसार, प्रारंभिक जांच में धमकी भरे ई-मेल का लोकेशन तमिलनाडु पाया गया है, जहां से उदय रेड्डी नामक व्यक्ति लगातार ये संदेश भेज रहा है। जांच में यह भी पाया गया है कि किसी मामले में इंसाफ न मिलने के कारण वह न्यायपालिका और प्रशासन को निशाना बना रहा है।

पुलिस यह भी पता लगा रही है कि क्या उदय रेड्डी अकेले इस साजिश को अंजाम दे रहा है या इसके पीछे कोई संगठित गिरोह सक्रिय है। फिलहाल, झारखंड पुलिस की एक विशेष टीम को आरोपी की गिरफ्तारी के लिए तमिलनाडु भेजने की योजना बनाई जा रही है। सुरक्षा के दृष्टिकोण से सभी संवेदनशील भवनों पर मेटल डिटेक्टर और अतिरिक्त बल तैनात कर दिए गए हैं।

Point of View

और इसे सुनिश्चित करने के लिए सभी संभव कदम उठाए जाने चाहिए।
NationPress
27/03/2026

Frequently Asked Questions

झारखंड में धमकी देने वाले का नाम क्या है?
धमकी देने वाले का नाम उदय रेड्डी है, जो तमिलनाडु से इन संदेशों को भेज रहा है।
क्या पुलिस ने कोई कार्रवाई की?
जी हां, पुलिस ने कई संवेदनशील स्थानों पर सुरक्षा बढ़ाई है और विशेष टीम को आरोपी की गिरफ्तारी के लिए रवाना किया है।
इन धमकियों का उद्देश्य क्या है?
इन धमकियों का उद्देश्य न्यायपालिका और प्रशासन को भयभीत करना है।
क्या ये धमकियां अंतरराज्यीय कनेक्शन से जुड़ी हैं?
हां, रांची पुलिस की तकनीकी जांच में इन धमकियों के पीछे एक बड़े अंतरराज्यीय कनेक्शन का खुलासा हुआ है।
सुरक्षा के लिए क्या कदम उठाए गए हैं?
सभी संवेदनशील भवनों पर मेटल डिटेक्टर और अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है।
Nation Press