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श्रीगंगानगर कोर्ट परिसर में बम धमकी से मची अफरा-तफरी, सुरक्षा व्यवस्था कड़ी

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श्रीगंगानगर कोर्ट परिसर में बम धमकी से मची अफरा-तफरी, सुरक्षा व्यवस्था कड़ी

सारांश

श्रीगंगानगर कोर्ट परिसर में बम से उड़ाने की धमकी मिली, जिससे पूरे इलाके में हड़कंप मच गया। प्रशासन और पुलिस ने तुरंत कार्रवाई की और किसी भी संदिग्ध वस्तु का पता नहीं चला।

मुख्य बातें

बम धमकी से श्रीगंगानगर कोर्ट में हड़कंप मच गया।
पुलिस ने तुरंत कार्रवाई की और सुरक्षा व्यवस्था कड़ी की।
जांच के दौरान कोई संदिग्ध वस्तु नहीं मिली।
सुरक्षा एजेंसियों ने हाई अलर्ट घोषित किया।
भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए कदम उठाए जा रहे हैं।

जयपुर, 25 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। श्रीगंगानगर कोर्ट परिसर में बम से उड़ाने की धमकी मिलने के चलते बुधवार को वहां अफरा-तफरी मच गई।

पुलिस अधिकारियों के अनुसार, एक गुमनाम पत्र के माध्यम से यह धमकी दी गई थी, जो कोलकाता के एक फ़र्ज़ी पते से भेजा गया था। पत्र में कोर्ट परिसर में बम विस्फोट करने की चेतावनी दी गई थी।

धमकी की सूचना मिलते ही प्रशासन और पुलिस तुरंत सक्रिय हो गए। बुधवार की सुबह बीकानेर से बम निरोधक दल श्रीगंगानगर कोर्ट पहुंचा। इसके साथ ही पूरे परिसर में सुरक्षा व्यवस्था को कड़ा किया गया।

पुलिस अधीक्षक के नेतृत्व में पुलिस की एक टीम भी मौके पर पहुंची और स्थिति का जायज़ा लिया। इसके बाद डॉग स्क्वॉड और बम निरोधक टीम ने कोर्ट परिसर के हर हिस्से की गहन तलाशी ली।

तलाशी अभियान के दौरान वकीलों के चैंबर, न्यायिक अधिकारियों के कार्यालय और कोर्ट रूम सहित पूरे परिसर की बारीकी से जांच की गई। सुरक्षा एजेंसियों ने सभी जगहों की गहनता से जांच की।

पूरी जांच के बाद जब बम निरोधक दस्ते ने परिसर को सुरक्षित घोषित किया, तब जाकर कोर्ट की कार्यवाही दोबारा शुरू की गई। अधिकारियों ने बताया कि जांच के दौरान किसी भी प्रकार की संदिग्ध वस्तु नहीं मिली।

फिलहाल पुलिस इस मामले की जांच कर रही है और यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि यह धमकी भरा पत्र किसने और क्यों भेजा। इसके साथ ही भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने पर भी जोर दिया जा रहा है।

इस बीच, सुरक्षा एजेंसियों ने धमकी भरा पत्र भेजने वाले की पहचान करने के लिए जांच शुरू कर दी है। साइबर सेल और डाक विभाग भी इस मामले में सहयोग कर रहे हैं। दोनों विभाग कोलकाता के जिस पते से यह पत्र भेजा गया है, उसकी सच्चाई और भेजने वाले तक पहुंचने की कोशिश कर रहे हैं।

इस घटना के बाद पूरे इलाके में सुरक्षा एजेंसियां हाई अलर्ट पर हैं। कोर्ट परिसर में आने-जाने वाले सभी रास्तों पर कड़ी निगरानी रखी जा रही है। सुरक्षा चौकियों पर भी जांच सख्त कर दी गई है, ताकि किसी भी तरह की संदिग्ध गतिविधि को तुरंत पकड़ा जा सके। अधिकारी लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं और किसी भी खतरे की आशंका होने पर तुरंत कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं।

अधिकारियों के अनुसार, यह पहली बार नहीं है जब इस तरह की धमकी मिली हो। इससे पहले 10 मार्च को सुबह 11:30 बजे श्रीगंगानगर स्थित पासपोर्ट कार्यालय को भी ईमेल के जरिए बम से उड़ाने की धमकी मिली थी। यह कार्यालय डाकघर परिसर के अंदर स्थित है।

उस समय भी प्रशासन ने मामले को गंभीरता से लेते हुए तुरंत कार्रवाई की थी। बीकानेर से बम निरोधक दल बुलाया गया था, जिसने पूरे परिसर की गहन तलाशी ली थी। हालांकि जांच के दौरान कोई भी संदिग्ध वस्तु नहीं मिली थी।

जांच पूरी होने और स्थिति सामान्य पाए जाने के बाद पासपोर्ट कार्यालय ने अगले ही दिन से अपना कामकाज फिर से शुरू कर दिया था। फिलहाल, पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां दोनों मामलों को ध्यान में रखते हुए सतर्क हैं और आगे ऐसी घटनाएं न हों, इसके लिए जरूरी कदम उठाए जा रहे हैं।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन ऐसे मामलों में हमेशा सतर्क रहना आवश्यक है।
RashtraPress
27 जून 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

धमकी भरा पत्र कब भेजा गया था?
धमकी भरा पत्र हाल ही में श्रीगंगानगर कोर्ट परिसर को भेजा गया था।
क्या बम निरोधक दल ने कोई संदिग्ध वस्तु पाई?
नहीं, जांच के दौरान कोई भी संदिग्ध वस्तु नहीं मिली।
पुलिस इस मामले की जांच कब शुरू करेगी?
पुलिस पहले ही मामले की जांच शुरू कर चुकी है।
क्या यह पहली बार है कि कोर्ट परिसर को धमकी मिली है?
नहीं, इससे पहले भी ऐसे धमकी भरे पत्र मिल चुके हैं।
सुरक्षा व्यवस्था को कैसे मजबूत किया जा रहा है?
भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए सुरक्षा उपायों को कड़ा किया जा रहा है।
राष्ट्र प्रेस
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