चतरा में शिक्षक मुकेश यादव का शव एनएच-22 किनारे मिला, हत्या के आरोप में ग्रामीणों ने घंटों जाम लगाया
सारांश
मुख्य बातें
झारखंड के चतरा जिले में घंघरी गांव के पास चतरा-डोभी राष्ट्रीय राजमार्ग (एनएच-22) के किनारे मंगलवार, 21 जुलाई को एक सरकारी शिक्षक का शव संदिग्ध परिस्थितियों में मिला, जिसके बाद इलाके में तनाव का माहौल बन गया। मृतक की पहचान मुकेश यादव के रूप में हुई है, जो घंघरी गांव के ही निवासी थे और प्रतापपुर स्थित राजकीय उच्च विद्यालय में शिक्षक के पद पर कार्यरत थे।
घटनाक्रम: कैसे मिला शव
मंगलवार को कुछ स्थानीय लोगों ने एनएच-22 के किनारे मुकेश यादव का शव देखा। सूचना फैलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण और परिजन मौके पर जमा हो गए। मृतक के परिजनों और आक्रोशित ग्रामीणों ने हत्या का आरोप लगाते हुए राष्ट्रीय राजमार्ग पर प्रदर्शन शुरू कर दिया और सड़क जाम कर दी। यह घटना वशिष्ठनगर जोरी थाना क्षेत्र के अंतर्गत आती है।
यातायात बाधित, चतरा-गया मार्ग ठप
प्रदर्शनकारियों द्वारा एनएच-22 जाम किए जाने से चतरा और बिहार के गया के बीच यातायात कई घंटों तक बाधित रहा। सड़क के दोनों ओर छोटे-बड़े वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। प्रदर्शनकारियों ने हत्या के आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी और मृतक के आश्रितों को उचित मुआवजा दिए जाने की माँग रखी।
पुलिस की प्रतिक्रिया और जाँच
वशिष्ठनगर जोरी थाना प्रभारी अमित कुमार सिंह पुलिस बल के साथ मौके पर पहुँचे और प्रदर्शनकारियों से वार्ता कर उन्हें शांत कराने का प्रयास किया। काफी समझाइश के बाद सड़क जाम समाप्त कराया गया और यातायात बहाल हो सका। पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए गए हैं और आसपास के लोगों से पूछताछ भी की जा रही है।
मौत के कारण अभी अस्पष्ट
थाना प्रभारी के अनुसार, मौत के वास्तविक कारणों का अभी तक स्पष्ट पता नहीं चल सका है। पुलिस ने कहा है कि हत्या, दुर्घटना और अन्य सभी संभावित पहलुओं को ध्यान में रखते हुए जाँच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और वैज्ञानिक जाँच के बाद ही मौत के कारणों का खुलासा हो सकेगा।
आगे क्या होगा
फिलहाल पुलिस सभी बिंदुओं पर जाँच जारी रखे हुए है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद मामले की दिशा स्पष्ट होगी। ग्रामीणों और परिजनों की माँग है कि यदि हत्या साबित होती है तो दोषियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाए और पीड़ित परिवार को उचित मुआवजा दिया जाए।