13 अक्टूबर 2026
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कर्नाटक स्टिंग ऑपरेशन विवाद: BJP ने की CBI जांच की मांग, नारायणस्वामी का सिद्दारमैया पर निशाना

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कर्नाटक स्टिंग ऑपरेशन विवाद: BJP ने की CBI जांच की मांग, नारायणस्वामी का सिद्दारमैया पर निशाना

सारांश

कर्नाटक में BJP ने स्टिंग ऑपरेशन विवाद को हथियार बनाते हुए CBI जांच की मांग उठाई है। विपक्ष नेता नारायणस्वामी ने मुख्यमंत्री सिद्दारमैया को सीधी चुनौती दी — और राहुल गांधी तक के इस्तीफे की मांग कर दी।

मुख्य बातें

कर्नाटक विधान परिषद में विपक्ष के नेता चलवाडी नारायणस्वामी ने 12 अक्टूबर 2026 को कथित स्टिंग ऑपरेशन विवाद में CBI जांच की मांग की।
नारायणस्वामी ने मुख्यमंत्री सिद्दारमैया को चुनौती दी कि यदि वे सच्चाई चाहते हैं तो मामला CBI को सौंपें।
SIR (मतदाता सूची विशेष गहन पुनरीक्षण) पर कांग्रेस के विरोध प्रदर्शन को 'बिना आग के धुआं' बताया।
राहुल गांधी को लोकसभा में विपक्ष के नेता पद से इस्तीफे पर विचार करने की नसीहत दी।
कांग्रेस महासचिव केसी वेणुगोपाल और रणदीप सिंह सुरजेवाला को 'दो क्लर्क' कहकर निशाना साधा।

कर्नाटक विधान परिषद में विपक्ष के नेता चलवाडी नारायणस्वामी ने सोमवार, 12 अक्टूबर 2026 को बेंगलुरु में मीडिया से बातचीत करते हुए कथित स्टिंग ऑपरेशन विवाद की जांच केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) से कराने की मांग की। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस नेता अपनी ही पार्टी के नेताओं को निशाना बना रहे हैं और अंदरूनी तौर पर पार्टी को कमज़ोर करने का काम कर रहे हैं।

CBI जांच की मांग और सिद्दारमैया को चुनौती

नारायणस्वामी ने सीधे मुख्यमंत्री सिद्दारमैया को चुनौती देते हुए कहा कि यदि वे सच में सच्चाई सामने लाना चाहते हैं तो इस मामले को CBI को सौंप देना चाहिए। उन्होंने कहा, "अगर सिद्दारमैया जांच चाहते हैं तो मुख्यमंत्री या फिर उपायुक्त को पत्र लिखें। यदि उन्हें CBI पर भरोसा नहीं है तो किसी दूसरी एजेंसी से जांच करा सकते हैं। लेकिन, अगर वे सच में सच्चाई सामने लाना चाहते हैं तो मामला CBI को सौंप देना चाहिए।" नारायणस्वामी ने यह भी सवाल उठाया कि क्या मुख्यमंत्री सच्चाई सामने आने से रोकना चाहते हैं।

मतदाता सूची विवाद पर कांग्रेस को घेरा

मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के मुद्दे पर कांग्रेस के विरोध प्रदर्शन की आलोचना करते हुए नारायणस्वामी ने पूछा कि क्या राहुल गांधी, सोनिया गांधी, मल्लिकार्जुन खड़गे या कर्नाटक के मुख्यमंत्री डीके शिवकुमार का नाम मतदाता सूची से हटाया गया है। उन्होंने कहा, "किसका नाम हटाया गया है? उन लोगों के नाम सामने लाइए, हम चुनाव आयोग के पास जाएंगे और उनका नाम फिर से जुड़वाएंगे। आग कहीं नहीं है, लेकिन धुआं आप लोग पैदा कर रहे हैं।" गौरतलब है कि SIR विवाद हाल के हफ्तों में विपक्ष और सत्तारूढ़ दल के बीच टकराव का एक प्रमुख मुद्दा बन गया है।

राहुल गांधी और कांग्रेस नेतृत्व पर तीखे आरोप

नारायणस्वामी ने कांग्रेस नेतृत्व पर कड़े हमले बोलते हुए दावा किया कि राहुल गांधी कभी प्रधानमंत्री नहीं बन सकते, क्योंकि उनके पास इस पद के लिए आवश्यक क्षमता, परिपक्वता और बुद्धिमत्ता नहीं है। उन्होंने यह भी कहा कि राहुल गांधी को लोकसभा में विपक्ष के नेता पद से इस्तीफा देने पर विचार करना चाहिए। कांग्रेस महासचिव केसी वेणुगोपाल और रणदीप सिंह सुरजेवाला को उन्होंने 'दो क्लर्क' की संज्ञा दी, जबकि सोनिया गांधी और मल्लिकार्जुन खड़गे को वरिष्ठ नेता बताया। उन्होंने आरोप लगाया कि पार्टी नेतृत्व मुख्य रूप से राजनीतिक और आर्थिक लाभ के लिए सत्ता बनाए रखने में रुचि रखता है।

सुप्रीम कोर्ट मार्च की आलोचना

SIR मुद्दे पर विपक्ष के प्रस्तावित सर्वोच्च न्यायालय मार्च की आलोचना करते हुए नारायणस्वामी ने कहा कि राजनीतिक दलों को विरोध प्रदर्शन करने के बजाय अदालत में उचित कानूनी प्रक्रिया अपनानी चाहिए। उन्होंने दावा किया कि भारत के मुख्य न्यायाधीश ने प्रदर्शनकारियों को स्पष्ट कर दिया है कि मामलों को याचिका और सुनवाई के ज़रिए आगे बढ़ाया जाना चाहिए।

कांग्रेस की प्रतिक्रिया और आगे का रुख

यह ऐसे समय में आया है जब कर्नाटक में सत्तारूढ़ कांग्रेस और विपक्षी भारतीय जनता पार्टी (BJP) के बीच कई मोर्चों पर टकराव तेज़ हो गया है — स्टिंग ऑपरेशन विवाद से लेकर मतदाता सूची पुनरीक्षण तक। नारायणस्वामी के बयानों के बाद कांग्रेस की आधिकारिक प्रतिक्रिया की प्रतीक्षा है। BJP के इस कदम से राज्य की राजनीति में नया उभार आने की संभावना है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन असली परीक्षा यह है कि क्या CBI जांच की मांग को कोई कानूनी या संस्थागत आधार मिलता है — या यह केवल राजनीतिक दबाव का हथियार बनकर रह जाएगी।
RashtraPress
13 अक्टूबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

कर्नाटक स्टिंग ऑपरेशन विवाद क्या है?
यह एक कथित स्टिंग ऑपरेशन से जुड़ा विवाद है, जिस पर BJP ने आरोप लगाया है कि कांग्रेस नेताओं ने अपनी ही पार्टी के नेताओं को निशाना बनाने के लिए यह ऑपरेशन कराया। विपक्ष ने इस मामले में CBI जांच की मांग की है।
चलवाडी नारायणस्वामी ने CBI जांच की मांग क्यों की?
नारायणस्वामी ने कहा कि यदि मुख्यमंत्री सिद्दारमैया सच में सच्चाई सामने लाना चाहते हैं तो मामला CBI को सौंपा जाए। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस नेतृत्व जानबूझकर मामले की निष्पक्ष जांच से बच रहा है।
SIR यानी मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण पर BJP का क्या रुख है?
BJP के नारायणस्वामी ने कांग्रेस के SIR विरोधी प्रदर्शन को निराधार बताया और पूछा कि किस नेता का नाम सूची से हटाया गया है। उन्होंने कहा कि 'आग कहीं नहीं है, धुआं कांग्रेस खुद पैदा कर रही है।'
नारायणस्वामी ने राहुल गांधी के बारे में क्या कहा?
नारायणस्वामी ने दावा किया कि राहुल गांधी में प्रधानमंत्री बनने की आवश्यक क्षमता, परिपक्वता और बुद्धिमत्ता नहीं है। उन्होंने राहुल गांधी से लोकसभा में विपक्ष के नेता पद से इस्तीफे पर विचार करने को भी कहा।
इस विवाद का कर्नाटक की राजनीति पर क्या असर पड़ सकता है?
यह विवाद ऐसे समय में उभरा है जब कर्नाटक में BJP और कांग्रेस के बीच कई मोर्चों पर तनाव है। CBI जांच की मांग और कांग्रेस नेतृत्व पर व्यक्तिगत हमलों से राज्य की राजनीति में नई उठापटक की संभावना बढ़ गई है।
राष्ट्र प्रेस
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