केतन हत्याकांड: आरोपी चेतन के दोस्त नीरज कुमार से पूछताछ, लोहगढ़ किला ट्रेकिंग केस में फोन कनेक्शन की जांच
सारांश
मुख्य बातें
पुणे पुलिस ने केतन हत्याकांड की जांच में बड़ा कदम उठाते हुए 25 जून 2026 को मुख्य आरोपी चेतन चौधरी के करीबी दोस्त और कर्मचारी नीरज कुमार को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की है। जांच एजेंसियों के अनुसार, लोहगढ़ किले पर ट्रेकिंग के दौरान कथित तौर पर केतन की हत्या के दिन चेतन ने अपना मोबाइल फोन घर या दुकान पर छोड़ दिया था और नीरज का फोन अपने साथ ले गया था। यह खुलासा मामले की जांच को एक नई दिशा में ले जा रहा है।
फोन की अदला-बदली का मामला
पुलिस के अनुसार, घटना वाले दिन चेतन चौधरी और सह-आरोपी सिया गोयल के बीच संपर्क नीरज कुमार के मोबाइल फोन के ज़रिए हुआ था। चेतन के चाचा ने मीडिया से बातचीत में बताया कि चेतन और नीरज अक्सर एक-दूसरे के फोन का इस्तेमाल करते थे और यह कोई असामान्य बात नहीं थी। उन्होंने यह भी बताया कि नीरज कुमार पिछले तीन-चार वर्षों से परिवार के साथ काम कर रहा है और परिवार के काफी करीब माना जाता है।
हत्या की साजिश के आरोप
जांच एजेंसियों का आरोप है कि सिया गोयल और चेतन चौधरी ने एक कैफे में बैठकर केतन की हत्या की योजना बनाई थी। कथित तौर पर कई असफल प्रयासों के बाद दोनों ने लोहगढ़ किले पर ट्रेकिंग के दौरान इस वारदात को अंजाम दिया। यह ऐसे समय में सामने आया है जब पुलिस पहले से ही डिजिटल साक्ष्यों की बारीकी से छानबीन कर रही है।
डिजिटल साक्ष्यों पर जांच का फोकस
पुलिस अब नीरज कुमार के मोबाइल फोन के कॉल रिकॉर्ड, चैट्स और अन्य डिजिटल साक्ष्यों की गहन जांच कर रही है। जांचकर्ताओं की कोशिश यह पता लगाने की है कि घटना के दिन नीरज को अपने फोन के इस्तेमाल की जानकारी थी या नहीं, और क्या वह किसी भी रूप में इस पूरे घटनाक्रम में शामिल था। गौरतलब है कि फोन की अदला-बदली अब इस मामले की जांच में एक अहम सूत्र बन गई है।
आगे क्या होगा
फिलहाल नीरज कुमार से पूछताछ जारी है और पुलिस मामले के हर पहलू की विस्तृत जांच कर रही है। जांच के नतीजे तय करेंगे कि नीरज की भूमिका महज एक अनजान गवाह की थी या वह किसी तरह इस कथित षड्यंत्र का हिस्सा था। पुणे पुलिस के अनुसार, जल्द ही और खुलासे सामने आ सकते हैं।