केरल की केके शैलजा: पेरावूर से चुनावी मैदान में, बोले- यह मेरा जन्मस्थान है

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केरल की केके शैलजा: पेरावूर से चुनावी मैदान में, बोले- यह मेरा जन्मस्थान है

सारांश

केरल की पूर्व स्वास्थ्य मंत्री केके शैलजा ने पेरावूर विधानसभा सीट से चुनावी नामांकन दाखिल किया। उन्होंने इसे अपने जन्मस्थान के रूप में बताया और चुनावी जीत के प्रति आशान्वित हैं।

मुख्य बातें

केके शैलजा ने पेरावूर विधानसभा से नामांकन किया।
यह उनका जन्मस्थान है।
उन्होंने 10 वर्षों के एलडीएफ कार्यकाल को स्वर्णिम बताया।
वे क्षेत्र की जनता की आवश्यकताओं से भलीभाँति परिचित हैं।
भाजपा का प्रभाव कुछ क्षेत्रों में है, लेकिन राज्य भर में नहीं।

कन्नूर, 21 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। केरल के कन्नूर जिले में स्थित पेरावूर विधानसभा क्षेत्र से एलडीएफ की उम्मीदवार और पूर्व स्वास्थ्य मंत्री केके शैलजा ने शनिवार को अपने नामांकन की प्रक्रिया शुरू करने का निर्णय लिया। उन्होंने इस अवसर पर अपनी भावनाओं को व्यक्त करते हुए कहा कि पेरावूर उनके लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है।

उन्होंने राष्ट्र प्रेस से कहा, "आज मैं पेरावूर विधानसभा क्षेत्र से नामांकन दाखिल कर रही हूं। यह मेरा जन्मस्थान है, इसलिए मैं बहुत प्रसन्न हूं। यहाँ मेरे कई मित्र और परिवार के लोग रहते हैं। मेरी ज़िंदगी का एक बड़ा हिस्सा यहाँ बीता है, यहाँ तक कि मेरी शादी भी यहीं हुई थी, उसके बाद मैं पलाशी चली गई।"

केके शैलजा ने बताया कि उन्होंने अपने राजनीतिक सफर की शुरुआत युवावस्था में की थी और पेरावूर उनके लिए सबसे खास स्थान बना रहा है।

उन्होंने कहा, "जब मैं शिक्षिका थी, तब मैंने यहाँ कई छात्रों को पढ़ाया है। इसलिए मैं इस क्षेत्र की जनता और उनकी आवश्यकताओं से भलीभाँति परिचित हूं। मुझे विश्वास है कि यहाँ के लोग मुझे विधानसभा का सदस्य चुनेंगे और मैं इस क्षेत्र की भलाई के लिए बहुत कुछ कर सकूंगी।"

केके शैलजा ने केरल में एलडीएफ सरकार के पिछले 10 वर्षों के कार्यकाल को एक स्वर्णिम युग बताया। उन्होंने कहा, "पिछले 10 वर्ष केरल के लिए एक गोल्डन एरा रहे हैं। इस दौरान राज्य ने काफी विकास किया है। पहले कार्यकाल में मैं खुद कैबिनेट मंत्री थी और स्वास्थ्य विभाग की जिम्मेदारी संभाली थी। उस समय हमने कई महत्वपूर्ण मिशनों की शुरुआत की थी।"

भाजपा के राज्य में बढ़ते प्रभाव पर उन्होंने कहा, "कुछ क्षेत्रों में भाजपा आगे बढ़ रही है, लेकिन यह नहीं कहा जा सकता कि पूरे केरल में इसका विस्तार हो रहा है।"

गौरतलब है कि केके शैलजा (जिन्हें 'शैलजा टीचर' के नाम से भी जाना जाता है) केरल की एक प्रमुख राजनीतिज्ञ हैं और सीपीआई (एम) की केंद्रीय समिति की सदस्य हैं। वह केरल की पूर्व स्वास्थ्य और सामाजिक न्याय मंत्री (2016-2021) रह चुकी हैं।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

उन्होंने चुनावी नामांकन कब दाखिल किया?
उन्होंने 21 मार्च को पेरावूर विधानसभा सीट से चुनावी नामांकन दाखिल करने की घोषणा की।
पेरावूर उनके लिए क्यों खास है?
पेरावूर उनके जन्मस्थान है और उन्होंने यहाँ अपनी ज़िंदगी का एक बड़ा हिस्सा बिताया है।
भाजपा के बढ़ते प्रभाव पर उनका क्या कहना है?
उन्होंने कहा कि कुछ क्षेत्रों में भाजपा आगे बढ़ रही है, लेकिन पूरे केरल में इसका विस्तार नहीं हो रहा है।
केके शैलजा का राजनीतिक सफर कब शुरू हुआ?
उन्होंने अपने राजनीतिक जीवन की शुरुआत युवावस्था में की थी।
राष्ट्र प्रेस
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