मध्य प्रदेश के 11 जिलों में आंधी-तूफान की चेतावनी, IMD ने जारी किया अलर्ट
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय मौसम विभाग (IMD) के भोपाल केंद्र ने 19 अक्टूबर 2026 को मध्य प्रदेश के 11 जिलों — ग्वालियर, भिंड, मुरैना, दतिया, रतनगढ़, श्योपुर कलां, शिवपुरी, गुना, अशोकनगर, निवाड़ी और ओरछा — के लिए आंधी-तूफान, बिजली कड़कने और बारिश की चेतावनी जारी की है। यह अलर्ट ऐसे समय में आया है जब राज्य के कई हिस्से हाल की भारी मानसूनी बारिश के असर से अभी उबर भी नहीं पाए हैं।
चेतावनी की मुख्य बातें
मौसम विभाग के अनुसार, प्रभावित जिलों में बारिश की तीव्रता 5 मिमी प्रति घंटे से कम रहने का अनुमान है। बादलों से जमीन पर बिजली गिरने की संभावना 30 प्रतिशत से कम आंकी गई है। विभाग ने नागरिकों को सतर्क रहने की सलाह दी है।
संभावित प्रभाव
मौसम विभाग ने अनुमानित प्रभावों की सूची जारी की है। निचले और खराब जल निकासी वाले शहरी इलाकों में जलभराव की आशंका जताई गई है। कम दृश्यता के चलते यातायात में मामूली व्यवधान और बिजली गिरने से अस्थायी रूप से बिजली आपूर्ति बाधित होने की संभावना है। कमज़ोर या अस्थायी ढाँचों, खड़ी फसलों और पौधों को भी कुछ हद तक नुकसान पहुँच सकता है।
अधिकारियों की अपील
प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि बिजली कड़कने के दौरान वे घर के अंदर या किसी मज़बूत इमारत में रहें और पेड़ों के नीचे अथवा खुले मैदानों में खड़े होने से बचें। बिजली के उपकरणों के प्लग निकाल देने, हल्की बारिश में गाड़ी धीमी गति से चलाने और जलभराव वाले रास्तों पर विशेष सावधानी बरतने के निर्देश दिए गए हैं।
हाल की बारिश का संदर्भ
गौरतलब है कि शुक्रवार, 16 अक्टूबर को भोपाल में महज़ 24 घंटों में लगभग 100 मिमी बारिश दर्ज की गई — जो उसी सप्ताह गुरुवार की 35 मिमी और बुधवार की 42 मिमी से कहीं अधिक थी। इस बारिश के चलते शहर के कई हिस्सों में जलभराव, यातायात जाम और नागरिक व चिकित्सा सेवाओं में भारी बाधा उत्पन्न हुई थी। होशंगाबाद में गुरुवार को लगभग 78 मिमी, जबकि रायसेन और विदिशा में भी पूरे सप्ताह मध्यम से भारी वर्षा रिकॉर्ड की गई।
राज्य के अन्य हिस्सों में बारिश का असर सीमित रहा। हालाँकि गुना में पिछले 24 घंटों में 115.6 मिमी वर्षा दर्ज की गई — जो राज्य में सर्वाधिक रही। खंडवा में 11.0 मिमी और राजगढ़ में 3.0 मिमी बारिश हुई।
भोपाल नगर निगम की तैयारी
भोपाल नगर निगम ने जलभराव से निपटने के लिए सक्शन ट्रक और पोर्टेबल पंप तैनात किए हैं। मेयर ने बताया कि सभी विभाग हाई अलर्ट पर हैं और आपातकालीन प्रोटोकॉल लागू कर दिए गए हैं, हालाँकि लगातार हो रही बारिश के कारण पानी निकासी के काम में देरी हुई है। यह ऐसे समय में आया है जब नगर प्रशासन पर पहले से ही बुनियादी ढाँचे को बहाल करने का दबाव है।