18 सितंबर 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

नोएडा में मोबाइल स्नैचर गिरफ्तार: 4 फोन, फर्जी नंबर प्लेट और KTM बाइक बरामद

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
नोएडा में मोबाइल स्नैचर गिरफ्तार: 4 फोन, फर्जी नंबर प्लेट और KTM बाइक बरामद

सारांश

नोएडा सेक्टर-113 पुलिस ने 17 सितंबर को एफएनजी कट के पास एक 23 वर्षीय शातिर स्नैचर को दबोचा। चार मोबाइल, अवैध चाकू, KTM बाइक और दो फर्जी नंबर प्लेटें बरामद — आरोपी के खिलाफ सहारनपुर से गाजियाबाद तक कई आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं।

मुख्य बातें

नोएडा सेक्टर-113 पुलिस ने 17 सितंबर 2026 को आरोपी पुनीत उर्फ प्रिंस (23 वर्ष) को एफएनजी कट के पास गिरफ्तार किया।
आरोपी के पास से 4 मोबाइल फोन , एक अवैध चाकू और केटीएम ड्यूक मोटरसाइकिल बरामद हुई।
बाइक से 2 फर्जी नंबर प्लेटें भी मिलीं; पुलिस जाँच कर रही है कि ये पहचान छिपाने के लिए इस्तेमाल होती थीं।
आरोपी के खिलाफ 2021 में सहारनपुर और 2024 में गाजियाबाद समेत कई थानों में चोरी व लूट के मुकदमे दर्ज हैं।
पुलिस बरामद फोन का मिलान पुरानी शिकायतों से कर रही है और आरोपी के किसी साथी की तलाश जारी है।

नोएडा के सेक्टर-113 थाने की पुलिस ने 17 सितंबर 2026 को एफएनजी कट के पास चेकिंग अभियान के दौरान एक शातिर मोबाइल स्नैचर को गिरफ्तार किया। गिरफ्तार आरोपी की पहचान पुनीत उर्फ प्रिंस, पुत्र विनोद, उम्र 23 वर्ष, के रूप में हुई है, जिसके कब्जे से स्नैचिंग और चोरी के चार मोबाइल फोन, एक अवैध चाकू और वारदात में इस्तेमाल की गई केटीएम ड्यूक मोटरसाइकिल बरामद की गई है।

गिरफ्तारी का घटनाक्रम

पुलिस के अनुसार, थाना सेक्टर-113 की टीम 17 सितंबर 2026 की शाम एफएनजी कट के पास संदिग्ध व्यक्तियों की तलाश में तैनात थी। इसी दौरान आरोपी पुनीत उर्फ प्रिंस को संदेह के आधार पर रोककर उसकी तलाशी ली गई। उसके कब्जे से थाना सेक्टर-113 में दर्ज एक मुकदमे से संबंधित एक स्नैच किया हुआ मोबाइल फोन तत्काल बरामद हुआ।

आगे की पूछताछ और गहन तलाशी में तीन और मोबाइल फोन सामने आए, जिनके बारे में आरोपी ने राह चलते लोगों से चोरी व स्नैचिंग करने की बात स्वीकार की। पुलिस ने इसके साथ ही उसके पास से एक अवैध चाकू और वारदातों में इस्तेमाल होने वाली केटीएम ड्यूक बाइक भी जब्त कर ली।

फर्जी नंबर प्लेट — पहचान छिपाने की कोशिश

आरोपी की मोटरसाइकिल के साथ दो फर्जी नंबर प्लेटें बरामद होना इस मामले का अहम पहलू है। पुलिस इस बात की जाँच कर रही है कि आरोपी वारदात के दौरान पहचान छिपाने के लिए अलग-अलग नंबर प्लेटों का इस्तेमाल करता था या नहीं। यह तरीका शातिर अपराधियों द्वारा निगरानी कैमरों से बचने के लिए अपनाया जाता है।

आरोपी का आपराधिक इतिहास

पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, पुनीत उर्फ प्रिंस का आपराधिक इतिहास कई जिलों तक फैला है। वर्ष 2021 में थाना देवबंद, जनपद सहारनपुर में उसके खिलाफ चोरी और चोरी का माल बरामद होने से संबंधित मुकदमा दर्ज था। वर्ष 2024 में थाना इंदिरापुरम, गाजियाबाद में लूट और चोरी के माल से जुड़े कई मुकदमे दर्ज हुए।

इसके अलावा थाना इंदिरापुरम और थाना सेक्टर-113, नोएडा में भी उसके विरुद्ध मुकदमे दर्ज हैं। आरोपी का वर्तमान पता सी-2, गली नंबर-16, हर्ष विहार, दिल्ली-93 बताया गया है, जबकि उसका स्थायी पता ग्राम नीमका, थाना जेवर, गौतमबुद्धनगर है।

आम जनता पर असर और जाँच की दिशा

पुलिस अब बरामद चारों मोबाइल फोन का मिलान विभिन्न थानों में दर्ज स्नैचिंग व चोरी की शिकायतों से करने में जुटी है। साथ ही यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि आरोपी के साथ किसी अन्य व्यक्ति की संलिप्तता थी या नहीं।

गौरतलब है कि नोएडा-गाजियाबाद क्षेत्र में दोपहिया वाहनों पर सवार स्नैचरों की घटनाएँ लगातार चिंता का विषय रही हैं। फर्जी नंबर प्लेटों का इस्तेमाल इन अपराधियों को पकड़ना और कठिन बना देता है। पुलिस की इस कार्रवाई से कई लंबित मुकदमों के सुलझने की संभावना है।

संपादकीय दृष्टिकोण

बल्कि एक बड़े पैटर्न की ओर इशारा करती है — जहाँ अपराधी फर्जी नंबर प्लेटों और बदली-बदली पहचान के सहारे कई जिलों में वारदातें करते हैं और रिकॉर्ड में आने के बावजूद सक्रिय रहते हैं। पुनीत के खिलाफ 2021 से मुकदमे दर्ज हैं, फिर भी वह 2026 तक सक्रिय रहा — यह अंतर-जिला पुलिस समन्वय पर सवाल उठाता है। बरामद चार फोन और दो नंबर प्लेटें बताती हैं कि वारदातों की संख्या दर्ज मुकदमों से कहीं अधिक हो सकती है।
RashtraPress
18 सितंबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

नोएडा में मोबाइल स्नैचिंग के आरोप में किसे गिरफ्तार किया गया?
नोएडा पुलिस ने पुनीत उर्फ प्रिंस, पुत्र विनोद, उम्र 23 वर्ष को गिरफ्तार किया है। उसका वर्तमान पता दिल्ली के हर्ष विहार में बताया गया है और स्थायी पता गौतमबुद्धनगर के जेवर क्षेत्र में है।
आरोपी के पास से क्या-क्या बरामद किया गया?
पुलिस ने आरोपी के कब्जे से 4 मोबाइल फोन (स्नैचिंग व चोरी के), एक अवैध चाकू , वारदात में इस्तेमाल होने वाली केटीएम ड्यूक मोटरसाइकिल और उस बाइक पर लगी दो फर्जी नंबर प्लेटें बरामद की हैं।
फर्जी नंबर प्लेटों का इस्तेमाल क्यों किया जाता है?
पुलिस के अनुसार, आरोपी ने वारदात के दौरान पहचान छिपाने के लिए अलग-अलग फर्जी नंबर प्लेटों का इस्तेमाल किया हो सकता है। इससे निगरानी कैमरों में बाइक की असली पहचान नहीं हो पाती और आरोपी कानून की पकड़ से बचा रहता है।
आरोपी का आपराधिक इतिहास कैसा है?
आरोपी पुनीत के खिलाफ 2021 में थाना देवबंद, सहारनपुर में चोरी का मुकदमा दर्ज था। 2024 में थाना इंदिरापुरम, गाजियाबाद में लूट और चोरी के माल से जुड़े कई मुकदमे दर्ज हुए। इसके अलावा नोएडा सेक्टर-113 थाने में भी उसके विरुद्ध मुकदमा दर्ज है।
पुलिस अब आगे क्या कदम उठाएगी?
पुलिस बरामद चारों मोबाइल फोन का मिलान विभिन्न थानों में दर्ज शिकायतों से कर रही है। साथ ही यह जाँच जारी है कि आरोपी अकेले काम करता था या कोई अन्य साथी भी वारदातों में शामिल था।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम कल
  2. कल
  3. 4 सप्ताह पहले
  4. 1 महीना पहले
  5. 3 महीने पहले
  6. 4 महीने पहले
  7. 6 महीने पहले
  8. 8 महीने पहले