घाटकोपर वेस्ट में दही-हांडी मंच विवाद: पुलिस ने BMC से माँगी तत्काल कार्रवाई, इमरजेंसी सेवाएँ बाधित होने का खतरा
सारांश
मुख्य बातें
मुंबई के घाटकोपर पश्चिम में महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (MNS) द्वारा आयोजित दही-हांडी उत्सव के लिए अमृत नगर सर्कल पर सड़क के बीचों-बीच मंच बनाए जाने को लेकर गंभीर विवाद खड़ा हो गया है। घाटकोपर पुलिस स्टेशन के वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक ने 3 सितंबर 2025 को N-वार्ड के सहायक आयुक्त को पत्र लिखकर इस ढाँचे पर तत्काल कार्रवाई की माँग की है। पुलिस का कहना है कि यह मंच एम्बुलेंस और दमकल जैसी आपातकालीन सेवाओं की पहुँच को पूरी तरह अवरुद्ध कर सकता है।
मुख्य घटनाक्रम
MNS नेता गणेश चुक्कल द्वारा आयोजित इस दही-हांडी उत्सव के लिए पुलिस ने पहले 'नो-ऑब्जेक्शन' की जानकारी नगर निगम को दी थी। शर्त स्पष्ट थी — पैदल यात्रियों और वाहनों की आवाजाही बाधित नहीं होनी चाहिए। हालाँकि, 3 सितंबर को शाम लगभग 7 बजे निरीक्षण के दौरान पुलिस अधिकारियों ने पाया कि सागर पार्क बिल्डिंग के सामने सड़क के ठीक बीच में मंच खड़ा किया जा रहा है।
पुलिस के अनुसार, यह मंच 90 फुट चौड़ी प्रस्तावित सड़क को पूरी तरह से ब्लॉक कर सकता है, जिससे आपातकालीन स्थिति में उस इलाके तक पहुँचना असंभव हो जाएगा।
अनुमतियों का अभाव
पुलिस ने अपने पत्र में यह भी उल्लेख किया कि मंच निर्माण से पहले विक्रोली के वार्ड ऑफिसर और अग्निशमन विभाग से आवश्यक अनुमतियाँ नहीं ली गई थीं। इसके अलावा, ढाँचा खड़ा करने से पहले साइट का कोई निरीक्षण भी नहीं किया गया था — जो सार्वजनिक सुरक्षा के दृष्टिकोण से गंभीर चूक मानी जा रही है।
पुरानी घटना से जोड़ा संदर्भ
पुलिस ने इस मामले की गंभीरता को रेखांकित करने के लिए 2 सितंबर 2025 की एक घटना का हवाला दिया। उस दिन इंदिरा नगर की एक दुकान में आग लगी थी, और सागर पार्क बिल्डिंग के सामने फेरीवालों तथा अवैध पार्किंग के कारण आपातकालीन वाहनों को घटनास्थल तक पहुँचने में भारी मुश्किल हुई थी। यह ऐसे समय में आया है जब मुंबई में त्योहारी सीजन के दौरान सार्वजनिक स्थानों पर अस्थायी ढाँचों की वजह से यातायात और सुरक्षा संबंधी समस्याएँ बार-बार सामने आती रही हैं।
पुलिस की माँग
घाटकोपर पुलिस ने बृहन्मुंबई महानगरपालिका (BMC) से अपील की है कि वह तत्काल उचित कार्रवाई करे ताकि उत्सव की व्यवस्थाओं से यातायात बाधित न हो और आपातकालीन सेवाओं की पहुँच सुनिश्चित रहे। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि यदि शर्तों का पालन नहीं हुआ, तो पहले दी गई 'नो-ऑब्जेक्शन' की स्थिति प्रभावित हो सकती है।
आगे क्या होगा
BMC की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। दही-हांडी उत्सव शनिवार को निर्धारित है और मामला प्रशासनिक स्तर पर विचाराधीन है। स्थानीय निवासियों और यातायात विशेषज्ञों की नज़र BMC के अगले कदम पर टिकी है।