23 जुलाई 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

विश्व साइकिल दिवस पर NDRF की दूसरी बटालियन के 105 जवान-परिजन साइक्लोथॉन में उतरे

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
विश्व साइकिल दिवस पर NDRF की दूसरी बटालियन के 105 जवान-परिजन साइक्लोथॉन में उतरे

सारांश

आपदाओं में जीवन बचाने वाले NDRF जवान इस बार पेडल पर उतरे — विश्व साइकिल दिवस पर हरिंगघाटा में 105 जवान-परिजनों ने 25 किमी साइक्लोथॉन पूरी की और कोलकाता की SAI रैली में भी शिरकत की। यह उसी बटालियन की कहानी है जिसने 2023 में तुर्की भूकंप में मलबे से बच्चे को बचाया था।

मुख्य बातें

NDRF की दूसरी बटालियन ने 7 जून को विश्व साइकिल दिवस पर हरिंगघाटा, नादिया में 25 किमी साइक्लोथॉन आयोजित की।
आयोजन में 15 बच्चों सहित कुल 105 प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया।
NDRF कर्मियों ने कोलकाता के साल्ट लेक स्टेडियम में SAI की 'संडे ऑन साइकिल' रैली में भी भाग लिया, जहाँ लगभग 1,000 साइकिल चालक शामिल हुए।
मुख्य अतिथि पश्चिम बंगाल के खेल मंत्री निशीथ प्रमाणिक थे।
5 जून को विश्व पर्यावरण दिवस पर बटालियन ने 2,000 से अधिक पौधे लगाए।
बटालियन ने 2023 में तुर्की भूकंप में मलबे से छह वर्षीय बच्चे को बचाने का उल्लेखनीय अभियान चलाया था।

राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल (NDRF) की दूसरी बटालियन के जवान और उनके परिवार के सदस्य रविवार, 7 जून को विश्व साइकिल दिवस के अवसर पर पेडल पर सवार हुए। पश्चिम बंगाल के नादिया जिले के हरिंगघाटा स्थित बटालियन परिसर से 25 किलोमीटर की साइक्लोथॉन आयोजित की गई, जिसमें 15 बच्चों सहित कुल 105 प्रतिभागियों ने उत्साहपूर्वक हिस्सा लिया। यह आयोजन स्वस्थ जीवनशैली और पर्यावरण-अनुकूल परिवहन के प्रति जागरूकता फैलाने के उद्देश्य से किया गया।

मुख्य घटनाक्रम

हरिंगघाटा में आयोजित 25 किमी साइक्लोथॉन के अलावा, NDRF कर्मियों ने कोलकाता के साल्ट लेक स्टेडियम में भारतीय खेल प्राधिकरण (SAI) द्वारा आयोजित 'संडे ऑन साइकिल' रैली में भी भाग लिया। इस रैली में केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल, सेना, कोलकाता पुलिस, नागरिक प्रशासन और स्वयंसेवी संगठनों के मिलाकर लगभग 1,000 साइकिल चालकों ने 10 किलोमीटर की रैली सफलतापूर्वक पूरी की। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि पश्चिम बंगाल सरकार के युवा मामले एवं खेल मंत्री निशीथ प्रमाणिक थे।

पर्यावरण संरक्षण की पहल

साइक्लोथॉन से दो दिन पूर्व, 5 जून को विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर NDRF की दूसरी बटालियन ने एक व्यापक वृक्षारोपण अभियान भी चलाया। इस अभियान में स्वदेशी और पर्यावरण-अनुकूल प्रजातियों के 2,000 से अधिक पौधे निर्धारित स्थानों पर लगाए गए। अधिकारियों ने आश्वासन दिया है कि पौधों के पूरी तरह विकसित होने तक NDRF कर्मी उनकी देखभाल करते रहेंगे। एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि इन आयोजनों से फिटनेस, पर्यावरण संरक्षण और सामुदायिक भागीदारी के प्रति बटालियन की प्रतिबद्धता परिलक्षित होती है।

NDRF की दूसरी बटालियन की उपलब्धियाँ

हरिंगघाटा स्थित इस बटालियन के जवान देश भर में प्राकृतिक आपदाओं और संकटों के दौरान तैनात किए जाते हैं। बटालियन का अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी उल्लेखनीय योगदान रहा है — 2023 में तुर्की में आए विनाशकारी भूकंप के बाद इन जवानों ने मलबे के नीचे दबे छह वर्षीय बच्चे को सुरक्षित बाहर निकाला था। यह बचाव अभियान बटालियन की तकनीकी दक्षता और साहस का प्रतीक बना।

आम जनता पर असर

NDRF जैसी अग्रिम पंक्ति की संस्था का इस तरह सामुदायिक स्वास्थ्य और पर्यावरण अभियानों में सक्रिय रूप से भाग लेना एक व्यापक संदेश देता है। यह ऐसे समय में आया है जब देश भर में जलवायु परिवर्तन से जुड़ी आपदाओं की आवृत्ति बढ़ रही है और नागरिकों में पर्यावरण-सजगता की माँग तेज़ हो रही है। गौरतलब है कि साइकिल को परिवहन के टिकाऊ साधन के रूप में प्रोत्साहित करने का संयुक्त राष्ट्र का यह वैश्विक दिवस भारत में तेज़ी से लोकप्रिय हो रहा है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन यह भी ध्यान देने योग्य है कि ऐसे आयोजन तभी सार्थक होते हैं जब ये एकबारगी 'दिवस-विशेष' प्रदर्शन से आगे बढ़कर संस्थागत संस्कृति का हिस्सा बनें। बटालियन का तुर्की भूकंप में बचाव कार्य उसकी परिचालन क्षमता को रेखांकित करता है, और यह सामुदायिक जुड़ाव उस छवि को और मज़बूत करता है। असली परीक्षा यह होगी कि क्या लगाए गए 2,000 पौधों की देखभाल का वादा वर्षों बाद भी निभाया जाएगा।
RashtraPress
23 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

NDRF की दूसरी बटालियन ने विश्व साइकिल दिवस पर क्या किया?
NDRF की दूसरी बटालियन ने 7 जून को हरिंगघाटा, नादिया में 25 किलोमीटर की साइक्लोथॉन आयोजित की, जिसमें 15 बच्चों सहित 105 जवान और परिजन शामिल हुए। इसके अलावा कर्मियों ने कोलकाता के साल्ट लेक स्टेडियम में SAI की 'संडे ऑन साइकिल' रैली में भी भाग लिया।
'संडे ऑन साइकिल' रैली में कितने लोगों ने हिस्सा लिया?
कोलकाता के साल्ट लेक स्टेडियम में आयोजित इस रैली में केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल, सेना, कोलकाता पुलिस और नागरिक संगठनों सहित लगभग 1,000 साइकिल चालकों ने 10 किलोमीटर की दूरी तय की।
NDRF की दूसरी बटालियन ने विश्व पर्यावरण दिवस पर क्या पहल की?
5 जून को विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर बटालियन ने वृक्षारोपण अभियान चलाया और स्वदेशी व पर्यावरण-अनुकूल प्रजातियों के 2,000 से अधिक पौधे लगाए। अधिकारियों ने आश्वासन दिया कि पौधों के पूरी तरह विकसित होने तक NDRF कर्मी उनकी देखभाल करेंगे।
NDRF की दूसरी बटालियन का अंतरराष्ट्रीय बचाव कार्य क्या रहा है?
इस बटालियन के जवानों को विदेशी आपदाओं में भी तैनात किया गया है। 2023 में तुर्की में आए विनाशकारी भूकंप के बाद इन जवानों ने मलबे के नीचे दबे एक छह वर्षीय बच्चे को सुरक्षित बाहर निकाला था, जो उनके सबसे उल्लेखनीय बचाव अभियानों में से एक है।
NDRF साइक्लोथॉन कार्यक्रम का उद्देश्य क्या था?
इस आयोजन का उद्देश्य शारीरिक फिटनेस, पर्यावरण स्थिरता और पर्यावरण-अनुकूल परिवहन के प्रति जागरूकता बढ़ाना था। एक वरिष्ठ अधिकारी के अनुसार, इन आयोजनों से फिटनेस, पर्यावरण संरक्षण और सामुदायिक भागीदारी के प्रति NDRF की प्रतिबद्धता झलकती है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 4 दिन पहले
  2. 1 महीना पहले
  3. 1 महीना पहले
  4. 1 महीना पहले
  5. 1 महीना पहले
  6. 1 महीना पहले
  7. 2 महीने पहले
  8. 7 महीने पहले